लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |

बड़ी खबर: जानिए आखिर किस मामले में सीबीआई ने 4 नेताओं को किया गिरफ्तार

 बड़ी खबर: जानिए आखिर किस मामले में सीबीआई ने 4 नेताओं को किया गिरफ्तार
Share

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की सरकार बनते ही नारदा केस में उनके मंत्री के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है। आज सीबीआई ने नारदा मामले में आरोपी फिरहाद हकीम, सुब्रत चटर्जी, सोवन चटर्जी और मदन मित्रा को गिरफ्तार कर लिया है। आज सुबह सीबीआई के अधिकारी फिरहाद हकीम के आवास पर पहुंचे और घर की तलाशी की। इसके बाद फिरहाद हकीम को सीबीआई दफ्तर पूछताछ के लिए ले आए।

सीबीआई द्वारा अपन नेताओं की गिरफ्तारी से भड़कीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सीबीआई के दफ्तर पहुंच गईं। ममता बनर्जी ने इस गिरफ्तारी पर नाराजगी जताते हुए सीबीआई के अधिकारियों से कहा कि मुझे भी गिरफ्तार कर लीजिए।

सीबीआई नारदा स्टिंग मामले में आरोपी फिरहाद हकीम को पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई है। इसके अलावा बंगाल सरकार में मंत्री सुब्रत मुखर्जी और विधायक मदन मित्रा के घर पर भी छापा मारा और उन्हें सीबीआई दफ्तर पूछताछ के लिए बुलाया। इसके अलावा पूर्व मेयर सोवन चटर्जी पर भी कार्रवाई की गई है।

बता दें कि पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीश धनखड़ ने फिरहाद हकीम के खिलाफ जांच के लिए सीबीआई के अधिकारियों को मंजूरी दे दी थी। इस मामले में नारदा की ओर से एक स्टिंग ऑपरेशन किया गया था, जिसमें टीएमसी के कई नेता कैमरे पर रिश्वत लेते हुए पकड़े गए थे। 

क्या है नारदा घोटाला?
साल 2016 में बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले नारदा स्टिंग टेप सार्वजनिक किए गए थे। ऐसा दावा किया गया था कि ये टेप साल 2014 में रिकॉर्ड किए गए थे। इसमें टीएमसी के मंत्री, सांसद और विधायक की तरह दिखने वाले वयक्तियों को कथित रूप से एक काल्पनिक कंपनी के प्रतिनिधियों से कैश लेते दिखाया गया था। यह स्टिंग ऑपरेशन नारदा न्यूज पोर्टल के मैथ्यू सैमुअल ने किया था। साल 2017 में कलकत्ता हाईकोर्ट ने इन टेप की जांच का आदेश सीबीआई को दिया था। 
 

Share

Leave a Reply