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छह बच्चों की मौत के बाद सरकारी अस्पताल में हड़कंप, मुख्यमंत्री ने दिए जांच के आदेश

 छह बच्चों की मौत के बाद सरकारी अस्पताल में हड़कंप, मुख्यमंत्री ने दिए जांच के आदेश
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शहडोल कुशाभाऊ ठाकरे जिला अस्पताल में 6 बच्चों की मौत के बाद से हड़कंप मचा है। पहले दिन 24 घंटे के अंदर 5 बच्चों के बाद 1 और बच्ची की मौत का मामला सामने आया है। मिली जानकारी के अनुसार बीते दो दिनों में जिला अस्पताल में उपचार के लिए लाए गए छह नवजात शिशुओं की मौत हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के चलते बच्चों की मौत हुई है। बच्चों को समुचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई। वहीं कमिश्नर का कहना है कि बच्चों की मौत डॉक्टरों की लापरवाही के चलते नहीं हुई है। उनके मुताबिक बच्चे पहले से ही गंभीर अवस्था में अस्पताल में लाए गए थे। बच्चों की मौत के बाद सिविल सर्जन व सीएमचो को हटाया गया था।

वहीं मुख्य चिकित्सा अधिकारी के मुताबिक जो 6 बच्चों की मौत हुई है, उनमें सभी में डबल निमोनिया बीमारी पाई गई जो लगातार बच्चों में ठंड में पाई जाती है।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शहडोल में कुछ बच्चों की मृत्यु की घटना को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक बुलाई और निर्देश दिए कि इस घटना की जांच कर प्रतिवेदन सौंपा जाए। यदि चिकित्सक और स्टाफ दोषी पाए जाएं, तो ऐसे लोगों को दंडित किया जाए। सीएम चौहान ने कहा वेंटिलेटर एवं अन्य उपकरणों का समुचित प्रबंध हो। आवश्यक हो तो विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं लेकर रोगियों को स्वास्थ्य लाभ दिया जाए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि इस घटना की जांच कर प्रतिवेदन सौंपा जाए। अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य मोहम्मद सुलेमान ने बताया कि शहडोल अस्पताल के चिकित्सकों से प्रतिवेदन मांगा गया है। लापरवाही का मामला होने पर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।

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