BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |

साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में भारत और जापान मिलकर करेंगे काम, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने हस्ताक्षर करने के लिए दी मंजूरी

 साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में भारत और जापान मिलकर करेंगे काम, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने हस्ताक्षर करने के लिए दी मंजूरी
Share

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारत और जापान के बीच साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में एक सहयोग समझौते पर हस्ताक्षर करने के लिए अपनी मंजूरी दे दी है। एमओसी आपसी हित के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाएगा, जिसमें अन्य बातों के साथ-साथ, साइबर स्पेस के क्षेत्र में क्षमता निर्माण, महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा, उभरती प्रौद्योगिकियों में सहयोग, साइबर सुरक्षा खतरों और दुर्भावनापूर्ण साइबर गतिविधियों के बारे में जानकारी साझा करने के साथ-साथ उनका मुकाबला करने के लिए सर्वोत्तम अभ्यास, सूचना संचार प्रौद्योगिकी बुनियादी ढांचे आदि की सुरक्षा के लिए साइबर खतरों को कम करने के वास्ते व्यावहारिक सहयोग के लिए संयुक्त तंत्र का विकास करना शामिल है।
 
 
भारत और जापान एक खुले, अंतर-संचालित, मुक्त, निष्पक्ष, सुरक्षित और विश्वसनीय साइबर स्पेस वातावरण और नवाचार, आर्थिक विकास और व्यापार और वाणिज्य के एक इंजन के रूप में इंटरनेट को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं जो उनके संबंधित घरेलू कानूनों और अंतरराष्ट्रीय दायित्वों और उनकी व्यापक रणनीतिक साझेदारी के अनुरूप होगा। एमओसी के जरिए दोनों पक्ष संयुक्त राष्ट्र में अंतरराष्ट्रीय क्षेत्र में सहयोग, आईसीटी उत्पादों की आपूर्ति श्रृंखला की समग्रता के लिए सर्वोत्तम तरीकों को बढ़ावा देने और चर्चा एवं रणनीतियां साझा करने, सरकार से सरकार और व्यापार-से-व्यापार सहयोग के माध्यम से आईसीटी बुनियादी ढांचे की सुरक्षा को मजबूत करने, इंटरनेट गवर्नेंस मंचों में निरंतर संवाद और जुड़ाव और इन मंचों में दोनों देशों के सभी हितधारकों द्वारा सक्रिय भागीदारी का समर्थन की पुष्टि करता है।


Share

Leave a Reply