नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |

CG : मां की मौत के 9 दिन बाद मासूम ने भी तोड़ा दम, बेटी की हालत स्थिर, घरेलू विवाद के बाद बिखर गया परिवार

 CG : मां की मौत के 9 दिन बाद मासूम ने भी तोड़ा दम, बेटी की हालत स्थिर, घरेलू विवाद के बाद बिखर गया परिवार
Share

 बालोद। छत्‍तीसगढ़ के बालोद जिले में 9 दिन तक इलाज के बाद सात वर्षीय जागेंद्र भी जिंदगी की जंग हार गया। लिवर और किडनी में जहर के असर से उसका स्वास्थ्य गंभीर रूप से प्रभावित हुआ, जिसके कारण उसे संक्रमण हो गया और इलाज के बावजूद उसकी मौत हो गई। वहीं, उसकी 4 वर्षीय बहन की हालत में सुधार बताया जा रहा है। मां डुमेश्वरी साहू के बाद बेटे की मौत से परिवार में मातम पसर गया।

घरेलू विवाद के बाद महिला ने उठा‍ लिया था खौफनाक कदम

घटना 28 अक्टूबर की है, जब अर्जुन्दा थाना क्षेत्र के ग्राम कुरदी में घरेलू विवाद से परेशान होकर डुमेश्वरी साहू ने अपने दोनों बच्चों को कीटनाशक दवाई पिला दी थी और खुद भी कीटनाशक का सेवन कर लिया था। इसके बाद तीनों को गंभीर हालत में अर्जुन्दा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां से उन्हें राजनांदगांव मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया।

बहन की हालत स्थिर

इलाज के दौरान 29 अक्टूबर की रात डुमेश्वरी की मौत हो गई। दोनों बच्चों को गंभीर स्थिति में रायपुर एम्स भेजा गया, जहां उनका इलाज चल रहा था। बुधवार को सात वर्षीय जागेंद्र की मौत हो गई, जबकि उसकी 4 वर्षीय बहन की स्थिति स्थिर बताई जा रही है और उसका इलाज जारी है।

यह खौफनाक कदम घरेलू विवाद के चलते उठाया गया था, जिसकी वजह से एक खुशहाल परिवार पूरी तरह से टूट गया। 4 वर्षीय बच्ची अब खतरे से बाहर है, लेकिन उसके भाई और मां की मौत से परिवार में शोक की लहर है।



Share

Leave a Reply