नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |

महादेव सट्टा कांड में ईडी का बड़ा शिकंजा, 21.45 करोड़ की संपत्तियां अटैच

महादेव सट्टा कांड में ईडी का बड़ा शिकंजा, 21.45 करोड़ की संपत्तियां अटैच
Share

 रायपुर। महादेव ऑनलाइन बुक (MOB) से जुड़े अवैध सट्टेबाजी नेटवर्क पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक बार फिर बड़ा प्रहार किया है। ईडी रायपुर जोनल ऑफिस ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत 10 जनवरी 2026 को एक प्रोविजनल अटैचमेंट ऑर्डर (PAO) जारी करते हुए मामले से जुड़े प्रमुख आरोपियों की करोड़ों की संपत्तियों को अटैच किया है।

ईडी द्वारा जारी आदेश के अनुसार रवि उप्पल, रजत कुमार सिंह, सौरभ आहूजा, विशाल रमानी, विनय कुमार, हनी सिंह, लकी गोयल और राजा गुप्ता की कुल लगभग 21.45 करोड़ रुपये की चल एवं अचल संपत्तियां कुर्क की गई हैं।

अटैच की गई संपत्तियों में 98.55 लाख रुपये की चल संपत्ति के साथ-साथ भारत और दुबई में स्थित 27 अचल संपत्तियां शामिल हैं। इन अचल संपत्तियों में आवासीय मकान, व्यावसायिक दुकानें, कृषि भूमि और लग्जरी अपार्टमेंट शामिल हैं, जिनका कुल अनुमानित मूल्य लगभग 20.46 करोड़ रुपये बताया गया है।

ईडी के अनुसार अब तक इस मामले में करीब 2,621 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्तियां जब्त, फ्रीज या अटैच की जा चुकी हैं। यह कार्रवाई देश के सबसे बड़े ऑनलाइन सट्टेबाजी घोटालों में से एक माने जा रहे महादेव ऑनलाइन बुक केस में जांच एजेंसियों की लगातार सख्ती को दर्शाती है।

महादेव सट्टा कांड में लगातार हो रही कुर्की से यह साफ संकेत मिल रहा है कि अवैध सट्टेबाजी नेटवर्क से जुड़े लोगों की संपत्तियों पर आने वाले समय में और भी बड़ी कार्रवाई हो सकती है।

 


Share

Leave a Reply