10वीं और 12वीं के खराब प्रदर्शन पर लेक्चरर्स और प्राचार्यों से मांगा गया जवाब
बिलासपुर। बिलासपुर जिले में इस वर्ष छत्तीसगढ़ बोर्ड परीक्षा के निराशाजनक परिणामों ने प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी है। जिले के लचर प्रदर्शन को देखते हुए कलेक्टर संजय अग्रवाल कड़े एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं।
ताजा निर्देशों के अनुसार, जिले के कुल 183 सरकारी स्कूलों के प्राचार्यों को कारण बताओ नोटिस जारी करने की तैयारी कर ली गई है, जिनमें 12वीं कक्षा के 44 और 10वीं कक्षा के 139 स्कूल शामिल हैं। कलेक्टर ने न केवल प्राचार्यों बल्कि संबंधित विषयों के लेक्चरर और व्याख्याताओं को भी विषयवार नोटिस जारी कर जवाब तलब करने के निर्देश दिए हैं।
गौरतलब है कि इस साल के परीक्षा परिणामों में बिलासपुर जिला प्रदेश स्तर पर काफी पिछड़ गया है, जहां 10वीं की रैंकिंग में जिला 30वें और 12वीं में 27वें स्थान पर सिमट कर रह गया है। प्रशासन की इस सख्त कार्रवाई का उद्देश्य शैक्षणिक गुणवत्ता में आई गिरावट के कारणों का पता लगाना और भविष्य में बेहतर परीक्षा परिणाम सुनिश्चित करना है। कलेक्टर के इस सख्त रुख से शिक्षा विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मचा हुआ है।




