नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |

Makar Sankranti 2025 : मकर संक्रांति पर कैसे होता है पुण्य लाभ, भारत में कितने तरीकों से मानते यह त्यौहार, देखिये इस खास रिपोर्ट में

Makar Sankranti 2025 : मकर संक्रांति पर कैसे होता है पुण्य लाभ, भारत में कितने तरीकों से मानते यह त्यौहार, देखिये इस खास रिपोर्ट में
Share

 Makar Sankranti 2025 : मकर संक्रांति एक प्रमुख हिंदू त्योहार है, जो हर साल सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के अवसर पर मनाया जाता है। यह त्योहार भारत में अलग-अलग नामों और परंपराओं के साथ मनाया जाता है। मुख्यतः यह पर्व कृषि और फसल कटाई के साथ जुड़ा हुआ है।

मकर संक्रांति की विशेषताएं

1.सूर्य की उपासना : इस दिन सूर्य देवता की पूजा की जाती है, क्योंकि यह दिन सर्दियों के अंत और लंबे दिनों की शुरुआत का प्रतीक होता है।

2. तिल और गुड़ का महत्व : इस त्योहार पर तिल और गुड़ से बनी मिठाइयों का विशेष महत्व होता है। यह मिठाई मिठास और एकता का प्रतीक है।

3.दान-पुण्य : इस दिन गंगा स्नान, पूजा, और दान करना अत्यंत शुभ माना जाता है। लोग गरीबों और जरूरतमंदों को कपड़े, अनाज, और धन दान करते हैं।

4. पतंगबाजी : कई स्थानों पर पतंग उड़ाने का आयोजन किया जाता है, विशेषकर गुजरात और राजस्थान में।

5. फसल उत्सव : यह फसल कटाई का त्योहार है, इसलिए इसे किसानों के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है।

क्षेत्रीय नाम और परंपराएं :

पोंगल (तमिलनाडु): इसे चार दिन तक मनाया जाता है और इसमें फसल की पूजा होती है।

लोहड़ी (पंजाब) : एक दिन पहले आग जलाकर भांगड़ा और गिद्दा नृत्य किया जाता है।

उत्तरायण (गुजरात): इस दिन लोग पतंग उड़ाते हैं।

खिचड़ी (उत्तर प्रदेश और बिहार): इस दिन खिचड़ी बनाकर खाने और दान करने की परंपरा है।

माघ बिहू (असम): माघ महीने में नई फसल के स्वागत में इसे मनाया जाता है।

मकर संक्रांति न केवल आध्यात्मिक बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक महत्व का त्योहार है, जो देशभर में उत्साह और उल्लास के साथ मनाया जाता है।



Share

Leave a Reply