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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात में किया छत्तीसगढ़ के मल्हार का जिक्र, जानिए क्या कहा…..

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात में किया छत्तीसगढ़ के मल्हार का जिक्र, जानिए क्या कहा…..
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 रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 134वें एपिसोड में देश के कई विषयों पर चर्चा की। इस दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ के ऐतिहासिक नगर मल्हार का उल्लेख किया। इस दौरान उन्होंने बिलासपुर जिले के मल्हार में मिली पांडु वंश की तीन दुर्लभ ताम्रपट्टिकाओं का जिक्र करते हुए इसे देश की समृद्ध सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया। पीएम मोदी ने कहा कि ‘इन ताम्र पट्टिकाओं को लेकर लोगों में काफी जिज्ञासा भी है। इसलिए आज मैं इससे जुड़ी कुछ बातें आपसे साझा करना चाहता हूं। इनमें 21 बड़ी और तीन छोटी ताम्र पट्टिकाएं हैं। ये मुख्य रूप से राजा राजेंद्र चोला-प्रथम द्वारा अपने पिता राजा राजराजा चोला के एक वचन को पूरा करने से जुड़ी हैं। इनमें आनइमंगलम् गांव को एक बौद्ध विहार को दान देने का उल्लेख है। इन ताम्र पट्टिकाओं में चोला वंश की उपलब्धियों का भी वर्णन मिलता है। इनसे पता चलता है कि चोला साम्राज्य की समुद्री शक्ति कितनी मजबूत थी। दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों के साथ उनके संबंधों की जानकारी भी इनमें मिलती है।’

‘चोला साम्राज्य के समृद्ध इतिहास और संस्कृति पर हम सभी को बहुत गर्व है। साथियो, हमारी सरकार भारत की ऐसी अमूल्य धरोहरों के संरक्षण के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी क्रम में ‘ज्ञान भारतम् अभियान’ के तहत छत्तीसगढ़ के मल्हार में भी एक महत्वपूर्ण खोज हुई है। यहां तीन दुर्लभ ताम्र पट्टिकाएं मिली हैं। ये पांडुवंशी राजवंश के महर्षि बालार्जुन के शासनकाल से जुड़ी मानी जा रही हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि ये inscriptions छठी-सातवीं सदी के हैं यानि चौदह-सौ, पंद्रह-सौ साल पुराने ये ताम्र पट्टिकाएं प्राचीन ब्राह्मी लिपि और पाली भाषा में लिखी गई हैं। इनसे उस समय की शासन-व्यवस्था, धर्म और संस्कृति के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिलती है।’



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