CG : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जशपुर में सिंचाई सुविधाओं का विस्तार, किसानों को मिलेगी बड़ी सौगात    |    नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |

तिरुपति मंदिर के लड्डू में जानवर की चर्बी और मछली का तेल मिले होने की पुष्टि, मचा हंगामा

तिरुपति मंदिर के लड्डू में जानवर की चर्बी और मछली का तेल मिले होने की पुष्टि, मचा हंगामा
Share

 आंध्र प्रदेश के तिरुपति मंदिर के लड्डुओं में पशु की चर्बी और मछली के तेल के इस्तेमाल होने के टीडीपी के दावे के बाद प्रदेश हंगामा मच गया है। मामले में विवाद बढ़ता देख NDDB ने इसका परीक्षण किया, जिसमें चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। सत्ताधारी दल- TDP के दावे के बाद NDDB गुजरात में नमूनों की जांच की, जिसमें मंदिर को सप्लाई किए गए घी में मछली का तेल मिले होने की पुष्टि हुई है।

बता दें कि मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने इस संबंध में YSR कांग्रेस के कार्यकाल पर सवालिया निशान लगाए हैं। विपक्षी दल- वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्य सभा सांसद वाईवी सुब्बा रेड्डी ने कहा कि सीएम चंद्रबाबू नायडू के आरोपों से भक्तों की भावनाएं आहत हुई हैं।

रिपोर्ट में क्या हुआ खुलासा

19 सितंबर को, तिरुपति मंदिर से जुड़ी एक चौंकाने वाली रिपोर्ट सामने आई है। इससमें बताया गया है कि घी के नाम पर इस्तेमाल की जा रही सामग्री में पशु चर्बी (बीफ टैलों), मछली का तेल, और पाम तेल के अंश मिले हैं। यह खुलासा TDP नेता अनम वेंकट रमना रेड्डी द्वारा किया गया है, जिन्होंने नेशनल एक्रेडिटेड बोर्ड फॉर टेस्टिंग एंड कैलिब्रेशन लेबोरेटरी (NABL) की जांच रिपोर्ट का हवाला दिया है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि जो घी लड्डुओं में इस्तेमाल किया जा रहा है, वह शुद्ध घी नहीं है। इसमें कई तरह की मिलावट है, जिसमें मछली का तेल, पशु चर्बी और पाम तेल मिला है। यह आरोप धार्मिक और भावनात्मक स्तर पर बेहद गंभीर है क्योंकि तिरुपति लड्डू को एक पवित्र प्रसाद माना जाता है, जिसे भक्त भगवान वेंकटेश्वर को अर्पित करते हैं और श्रद्धा से ग्रहण करते हैं।


Share

Leave a Reply