CG : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जशपुर में सिंचाई सुविधाओं का विस्तार, किसानों को मिलेगी बड़ी सौगात    |    नेपाल-तिब्बत सीमा की बाढ़ में भाजपा नेता की बेटी समेत छत्तीसगढ़ की तीन महिलाएं लापता    |    बहनों का स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए अनमोल : मुख्यमंत्री साय    |    लोकतंत्र सेनानियों का त्याग नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा है : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय    |    BREAKING : बंगाल का नया CM- शुभेंदु अधिकारी होंगे प. बंगाल के नए सीएम- अमित शाह ने किया सीएम का एलान    |    BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |

दिल दहला देने वाला मामला : भीख मंगवाने के लिए युवक की आंखें फोड़ी, हाथ-पैर तोड़े,कई महीने तक दी यातनाएं

दिल दहला देने वाला मामला : भीख मंगवाने के लिए युवक की आंखें फोड़ी, हाथ-पैर तोड़े,कई महीने तक दी यातनाएं
Share

 उत्तर प्रदेश। कानपुर जिले से मानव तस्करी का रूह कंपा देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक युवक को नौकरी का झांसा देकर भिखारी गैंग के लीडर के हाथ 70 हजार रुपये में बेच दिया गया था। युवक के साथ यहीं से शुरू हुआ यातनाओं का वो सिलसिला जो किसी भी इंसान का दिल दहला दे।

नौबास्ता का रहने वाला युवक सुरेश मांझी परिवार को गरीबी से बाहर निकालने के लिए 6 महीने पहले घर से निकला था। पैसा कमाने के सपने लिए वह कानपुर शहर पहुंचा। कानपुर में नौकरी की तालाश कर रहा था। इस दौरान युवक के एक परिचित विजय ने उसे कानपुर के झकरकटी पुल के नीचे बंधक बना लिया। इसके बाद उसकी बेरहमी से पिटाई करते हुए उसके हाथ और पैर के पंजे तोड़ दिए। इतना ही नहीं आंखों में केमिकल डालकर अंधा कर दिया। इस दौरान शरीर को कई जगह दागा भी। सुरेश मांझी के परिचित ने उसकी ऐसी हालात इसलिए किया ताकि उससे भीख मंगवा सके और सुरेश उसकी कमाई का एक साधन बन सके।

इसके बाद विजय ने उसे दिल्ली के एक भिखारी गैंग का लीडर राज को 70 हजार रुपये में बेच दिया। यातनाओं का दौर दिल्ली में भी खत्म नहीं हुआ। यहां पर भी उसकी बेहरहमी से पिटाई की जाती थी। इस दौरान सुरेश की तबीयत खराब हो गई। वह भीख नहीं मांग पा रहा था। ऐसे में भिखारी गैंग के लीडर ने उसे दो महीने पहले आरोपी विजय के हाथों कानपुर भेज दिया। दो महीने से आरोपी उससे शहर में ही भूखा-प्यासा रखकर भीख मंगवा रहा था।

बीते रविवार को किदवईनगर चौराहे पर भीख मांग रहे सुरेश पर एक राहगीर की नजर पड़ी। राहगी ने सुरेश से बात की तो उसने पूरी कहानी उसको बताई। इसके बाद राहगीर ने उसे नौबास्ता स्थित उसके घर पहुंचा दिया। इसके बाद मामले की जानकारी क्षेत्रीय पार्षद प्रशांत शुक्ला को हुई। उन्होंने युवक के परिजनों से नौबस्ता थाने में तहरीर दिलाई। पुलिस द्वारा मामला दर्ज करने में लापरवाही बरतने पर हंगामा भी किया। बाद में पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


Share

Leave a Reply