BREAKING NEWS : देखिए लाल किले के पास हुए बम धमाके की खौफनाक तस्वीरें, 8 लोगों की मौत    |    Breaking : 1 नवंबर को सभी स्कूल – कॉलेजों में रहेगी छुट्टी, आदेश जारी    |    BIG BREAKING : सी.पी. राधाकृष्णन होंगे भारत के नए उपराष्ट्रपति    |    साय कैबिनेट की बैठक खत्म, लिए गए कई अहम निर्णय    |    CG Accident : अनियंत्रित होकर पेड़ से टकराई तेज रफ्तार कार, युवक-युवती की मौके पर ही मौत, 3 की हालत गंभीर    |    Corona Update : छत्तीसगढ़ में फिर डराने लगा कोरोना, इस जिले में एक ही दिन में मिले इतने पॉजिटिव मरीज    |    प्रदेशवासियों को बड़ा झटका, बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी, जाने प्रति युनिट कितने की लगेगी चपत    |    छत्तीसगढ़ में बढ़ा कोरोना का खतरा: 20 दिनों में 3 मौतों के बाद प्रशासन अलर्ट मोड पर    |    Ration Card के बदले रोजगार सहायक की Dirty Deal, बोला- ‘पहले मेरे साथ शारीरिक संबंध बनाओ फिर मिलेगा राशन कार्ड    |    छत्तीसगढ़ में तेजी से पांव पसार रहा कोरोना, रायपुर में सबसे ज्यादा केस, राज्य में कुल 45 एक्टिव केस    |

अनियमितताओं पर सख्ती: चार कृषि आदान दुकानों के लाइसेंस 21 दिन के लिए निलंबित

अनियमितताओं पर सख्ती: चार कृषि आदान दुकानों के लाइसेंस 21 दिन के लिए निलंबित
Share

 रायपुर। खरीफ सीजन 2026 की शुरुआत के साथ ही किसानों को गुणवत्तापूर्ण कृषि आदान उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने निगरानी तेज कर दी है। जशपुर कलेक्टर के निर्देश पर उप संचालक कृषि एवं अधिसूचित प्राधिकारी (उर्वरक) द्वारा विभिन्न विकासखंडों में कृषि आदान विक्रय प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान कई दुकानों में अनियमितताएं सामने आईं, जिस पर संबंधित संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे। निर्धारित समय-सीमा में संतोषजनक जवाब प्रस्तुत नहीं करने और उर्वरक गुण नियंत्रण आदेश, 1985 के प्रावधानों के उल्लंघन के चलते प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। कार्रवाई के तहत मेसर्स अन्नु कृषि केन्द्र (कांसाबेल), मेसर्स अन्नु सीड्स (कुनकुरी), मेसर्स मौसम बीज भंडार (कवई, विकासखंड बगीचा) तथा मेसर्स कृषि कल्प एग्रीकल्चर प्वाइंट (मुडाबहला, विकासखंड पत्थलगांव) के उर्वरक विक्रय लाइसेंस को उर्वरक गुण नियंत्रण आदेश, 1985 के खंड 26 (्र) के तहत 21 दिनों के लिए निलंबित कर दिया गया है।

निलंबन अवधि के दौरान संबंधित प्रतिष्ठान रासायनिक उर्वरकों का विक्रय नहीं कर सकेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आगे भी इस तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।



Share

Leave a Reply