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छत्तीसगढ़ में डीएपी की कमी नहीं, विकल्प के रूप में नैनो डीएपी, एनपीके और एसएसपी की भरपूर व्यवस्था : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

छत्तीसगढ़ में डीएपी की कमी नहीं, विकल्प के रूप में नैनो डीएपी, एनपीके और एसएसपी की भरपूर व्यवस्था : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
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 रायपुर : खरीफ सीजन 2025 के लिए छत्तीसगढ़ सरकार ने किसानों के लिए रासायनिक उर्वरकों की पर्याप्त व्यवस्था की है। वैश्विक परिस्थितियों के कारण डीएपी खाद के आयात में कमी आई है, लेकिन इसके बावजूद राज्य सरकार ने नैनो डीएपी, एनपीके और एसएसपी जैसे विकल्पों की भरपूर आपूर्ति सुनिश्चित की है। सभी प्रकार के उर्वरक राज्य की सहकारी समितियों और निजी विक्रय केंद्रों में उपलब्ध हैं।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अभी तक 1.63 लाख मीट्रिक टन डीएपी का भंडारण किया जा चुका है और जुलाई महीने में 48 हजार मीट्रिक टन अतिरिक्त डीएपी की आपूर्ति की जाएगी। इसके अलावा, नैनो डीएपी की 1.79 लाख बॉटल, 25 हजार मीट्रिक टन से अधिक एनपीके और 50 हजार मीट्रिक टन अतिरिक्त एसएसपी का भंडारण किया गया है। म्यूरेट ऑफ पोटाश का 77 हजार मीट्रिक टन से अधिक स्टॉक भी मौजूद है।

कृषि विभाग के अनुसार, इस वर्ष अब तक कुल 13.18 लाख मीट्रिक टन उर्वरकों का भंडारण हो चुका है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 38 हजार मीट्रिक टन अधिक है। सरकार ने किसानों को सलाह दी है कि वे कृषि वैज्ञानिकों और कृषि विभाग के सुझावों के अनुसार डीएपी के विकल्पों का उपयोग करें, जिससे बेहतर उत्पादन संभव है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि किसानों को घबराने की जरूरत नहीं है। सरकार ने खाद-बीज की डिमांड के अनुसार पर्याप्त भंडारण किया है और समय पर वितरण की व्यवस्था भी की जा रही है। डीएपी के साथ-साथ एनपीके, एसएसपी और नैनो डीएपी जैसे विकल्पों से राज्य में खाद संकट की कोई स्थिति नहीं है।



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