रायगढ़। रायगढ़ क्षेत्र में एसईसीएल के तहत भू-अर्जन के बदले नौकरी पाने वाले कर्मचारियों की बर्खास्तगी का मामला एक बार फिर गरमा गया है। प्रभावित ग्रामीणों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर बर्खास्त कर्मचारियों की शीघ्र पुनर्बहाली की मांग की है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस को नया प्रदेश अध्यक्ष मिल गया है। संगीता सिन्हा सिन्हा महिला प्रदेश अध्यक्ष बनाई गई है। पार्टी द्वारा संगीता सिन्हा को महिला प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। संगीता सिन्हा वर्तमान में बालोद से विधायक हैं। इस नियुक्ति के बाद संगठन में नई ऊर्जा और मजबूती की उम्मीद जताई जा रही है। पार्टी नेताओं का मानना है कि उनके नेतृत्व में महिला संगठन को और अधिक सक्रिय और मजबूत बनाया जाएगा।
रायपुर। नवा रायपुर से प्रशासनिक हलचल की बड़ी खबर सामने आई है, जहां छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने 4 मई 2026 को एक महत्वपूर्ण तबादला आदेश जारी किया है।
जारी आदेश के अनुसार, दो उप सचिव स्तर के अधिकारियों के विभागों में तत्काल प्रभाव से बदलाव किया गया है। सुश्री अंकिता गर्ग, जो अब तक कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार विभाग के साथ-साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग का अतिरिक्त प्रभार संभाल रही थीं, उन्हें अब विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त कर दिया गया है, जबकि उनकी अन्य जिम्मेदारियां यथावत रहेंगी।
वहीं सरोज उइके, जो पहले खनिज साधन विभाग में उप सचिव के पद पर कार्यरत थीं, उन्हें अब विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग में नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। यह आदेश आगामी निर्देश तक प्रभावी रहेगा और संबंधित अधिकारियों को तत्काल नए पदस्थापना स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं। इस प्रशासनिक बदलाव को विभागीय कार्यों में संतुलन और बेहतर समन्वय के उद्देश्य से अहम माना जा रहा है।

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज बस्तर दौरे पर रहेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सीएम दोपहर 2 बजे रायपुर से जगदलपुर के लिए रवाना होंगे। करीब 3:30 बजे वे शहीद महेंद्र कर्मा विश्वविद्यालय पहुंचेंगे, जहां आयोजित इनोवेशन महाकुंभ 1.0 कार्यक्रम में शामिल होंगे।
इस दौरान मुख्यमंत्री प्रदेश में नवाचार, स्टार्टअप और युवाओं के कौशल विकास को बढ़ावा देने को लेकर महत्वपूर्ण संबोधन भी देंगे। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ, छात्र और स्टार्टअप से जुड़े युवा शामिल होंगे, जहां नए आइडियाज और तकनीकी नवाचारों पर चर्चा की जाएगी।
रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया। इस अवसर पर आयोजित सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए हौसला बुलंद रखना सबसे आवश्यक है।

बलरामपुर स्थित सर्किट हाउस में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद किया और उनके भविष्य के लक्ष्यों के बारे में जानकारी ली। अधिकांश विद्यार्थियों ने डॉक्टर और इंजीनियर बनने की इच्छा व्यक्त की, वहीं कुछ ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और न्यायिक सेवा में जाने का संकल्प व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों के सपनों की सराहना करते हुए कहा कि सपना देखना और उसे लक्ष्य में बदलकर निरंतर प्रयास करना ही सफलता की कुंजी है।
उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि यदि समर्पण, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ मेहनत की जाए, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए हर संभव सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने इस उपलब्धि के लिए विद्यार्थियों के अभिभावकों एवं शिक्षकों को भी बधाई देते हुए कहा कि बच्चों की सफलता के पीछे उनके मार्गदर्शन, सहयोग और त्याग की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।

उत्कृष्ट विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री से मिलने का मिला अवसर
इस अवसर पर जिले के कक्षा 12वीं के मेधावी विद्यार्थियों में वाड्रफनगर विकासखंड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करमडीहा की कुमारी प्रतिभा गुप्ता, रामचंद्रपुर के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जामवंतपुर की कुमारी स्नेहा कुशवाहा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सनवाल के सोनू, वाड्रफनगर के श्री कृष्णा, आदर्श हायर सेकंडरी विद्यालय बलंगी की कुमारी प्रिया लता कश्यप तथा शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बर्तीकला के अजय गुप्ता, कक्षा 10वीं के मेधावी विद्यार्थियों में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जामवंतपुर के आर्यन गुप्ता, नेशनल पब्लिक इंग्लिश मीडियम हायर सेकेंडरी स्कूल रजखेता की कुमारी आराधना पटेल, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रघुनाथनगर की कुमारी रोशनी कांशी, स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय सेमरा कुसमी की आलिया परवीन तथा स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय रामानुजगंज की आरजू परवीन को मुख्यमंत्री से मिलने और मार्गदर्शन प्राप्त करने का अवसर मिला।
रायपुर: रायगढ़ विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत नगर पंचायत सरिया में रविवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में 100 बिस्तर सिविल अस्पताल का भूमिपूजन किया गया। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल और वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक श्री ओपी चौधरी ने 18 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस अस्पताल का शुभारंभ किया।

कार्यक्रम में अतिथियों का स्वागत बाइक रैली, पुष्प वर्षा और रंगोली के माध्यम से भव्य रूप से किया गया। अतिथियों ने गर्भवती माताओं को उपहार भेंट किए तथा बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी कराया। कार्यक्रम की शुरुआत छत्तीसगढ़ महतारी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुई।

स्वास्थ्य सुविधाओं का होगा विस्तार
स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य ग्रामीण और अंचल क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि सरिया में बनने वाला यह अस्पताल क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा और लोगों को बेहतर उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराएगा।
वित्त मंत्री ने दी विकास कार्यों की जानकारी
वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने अपने संबोधन में क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी देते हुए कहा कि सरिया सहित आसपास के क्षेत्रों में सड़कों, सिंचाई और बुनियादी सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सांकरा गांव में 14 करोड़ रुपये की लागत से लिफ्ट इरिगेशन परियोजना स्वीकृत हो चुकी है, वहीं चंद्रपुर से सरिया तक सड़क निर्माण पूरा हो गया है। उन्होंने कहा कि अपेक्स बैंक और रजिस्ट्री कार्यालय की स्थापना से अब किसानों को अन्य स्थानों पर जाने की आवश्यकता नहीं है। साथ ही हाईस्कूल और बाजार भवन का निर्माण भी प्रगति पर है।

नर्सिंग कॉलेज और नए स्वास्थ्य केंद्र की सौगात
वित्त मंत्री ने घोषणा की कि सरिया में नर्सिंग कॉलेज की स्थापना की जाएगी, जिससे क्षेत्र की बालिकाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। इसके साथ ही बार, साल्हेओना, गोबरसिंघा और सांकरा में उप स्वास्थ्य केंद्र खोलने की स्वीकृति भी बजट में दी गई है।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान कार्ड सहित विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
राज्य स्तर पर कक्षा 10वीं और 12वीं में टॉप-10 में स्थान प्राप्त करने वाले जिले के छात्र शिवम दुबे और हेमंत पटेल को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर वित्त मंत्री ने दोनों छात्रों को स्वेच्छानुदान से 25-25 हजार रुपये देने की घोषणा की।

कार्यक्रम में रायगढ़ लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया, सीजीएमएससी लिमिटेड के अध्यक्ष श्री दीपक महस्के, कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे, एसपी आंजनेय वार्ष्णेय, नगर पंचायत सरिया अध्यक्ष कमलेश अग्रवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
रायपुर: सुशासन तिहार के तहत जारी राज्यव्यापी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के छुईखदान विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बकरकट्टा पहुंचे। यहां उन्होंने बैगा समाज प्रमुखों और जनप्रतिनिधियों के साथ सामूहिक भोजन कर आत्मीय संवाद किया।
मुख्यमंत्री ने इस दौरान कहा कि समाज के सभी वर्गों के साथ सीधे जुड़ना शासन की प्राथमिकता है। ऐसे संवाद न केवल आपसी विश्वास को मजबूत करते हैं, बल्कि शासन को जमीनी हकीकत समझने का अवसर भी देते हैं।

उन्होंने बैगा समाज की समृद्ध संस्कृति, परंपराओं और जीवन शैली की सराहना करते हुए कहा कि इनका संरक्षण और संवर्धन राज्य सरकार की जिम्मेदारी है, जिसके लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
सामूहिक भोजन के दौरान माहौल बेहद सहज और आत्मीय रहा। ग्रामीणों और समाज प्रमुखों ने मुख्यमंत्री से खुलकर चर्चा की, अपनी समस्याएं और सुझाव साझा किए।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि पश्चिम बंगाल, असम एवं पुडुचेरी में भारतीय जनता पार्टी एवं एनडीए को प्राप्त ऐतिहासिक जनादेश के लिए वहां की जागरूक, राष्ट्रनिष्ठ एवं विकासोन्मुख जनता का हृदय से अभिनंदन। यह विजय भारतीय लोकतंत्र की सशक्तता, जनविश्वास और राष्ट्रवाद की भावना का उज्ज्वल प्रतीक है। असम और पुडुचेरी में पुन: जनादेश व पश्चिम बंगाल में मिली ऐतिहासिक सफलता, यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दृढ़ नेतृत्व, सुशासन और 'विकसित भारतÓ के संकल्प पर जनता की अटूट आस्था की स्पष्ट अभिव्यक्ति है।
उन्होंने आगे लिखा कि यह जनादेश तुष्टिकरण, भ्रष्टाचार और भय की राजनीति पर विकास, सुशासन एवं राष्ट्रहित की निर्णायक विजय है। बंगाल की यह ऐतिहासिक जीत वहां के समर्पित कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम, त्याग और संकल्प का परिणाम है। इस ऐतिहासिक जीत में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीय नितिन नवीन जी के सशक्त संगठनात्मक नेतृत्व एवं माननीय केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जी के कुशल मार्गदर्शन में सभी समर्पित कार्यकर्ता, संगठन पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि सहभागी रहे हैं। इस गौरवपूर्ण सफलता के लिए आप सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
00 ईंट जोड़ाई अच्छे से करिए... मसाला बढिय़ा से डालिए - जब श्रमिक बहन ने मुख्यमंत्री को सिखाया काम
रायपुर। सुशासन तिहार के तहत प्रदेशभर में चल रहे औचक निरीक्षण और जनसंवाद के क्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कबीरधाम जिले के ग्राम लोखन में एक ऐसा अनुभव साझा किया, जिसने सुशासन के ध्येय को और अधिक जीवंत बना दिया। निर्माणाधीन पंचायत भवन के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने केवल औपचारिक समीक्षा तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि उन्होंने उस प्रक्रिया का हिस्सा बनना चुना, जो आमजन के जीवन को सीधे प्रभावित करती है। उनके इस व्यवहार ने यह स्पष्ट कर दिया कि सुशासन केवल नीति और कागज़ों तक सीमित नहीं, बल्कि जमीन पर उतरकर उसे महसूस करने और जीने की प्रक्रिया है। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री साय ने रानी मिस्त्री के रूप में कार्य कर रहीं श्रमिक बहनों के बीच जाकर कुछ समय उनके साथ ईंट जोड़ाई में हाथ बँटाया।
इसी दौरान श्रमिक बहन संगीता ने पूरे आत्मीय अधिकार और सहजता के साथ मुस्कुराते हुए मुख्यमंत्री से कहा - ईंट जोड़ाई अच्छे से करिए, मसाला बढिय़ा से डालिए। यह संवाद एक सामान्य वाक्य से कहीं अधिक था; इसमें वह विश्वास झलकता है, जो आज सरकार और जनता के बीच विकसित हो रहा है। यह वह स्थिति है, जहाँ आम नागरिक बिना झिझक अपनी बात रखता है और नेतृत्व उसे उसी सहजता से स्वीकार करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन का वास्तविक अर्थ केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें जनता के साथ मिलकर धरातल पर साकार करना है। उन्होंने कहा कि जब शासन और जनता के बीच संवाद, विश्वास और सहभागिता का रिश्ता बनता है, तभी विकास की प्रक्रिया प्रभावी और स्थायी बनती है। उनके अनुसार, यही आत्मीयता और साझेदारी सुशासन की सबसे बड़ी ताकत है। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो, कार्य समयबद्ध ढंग से पूर्ण हों और श्रमिकों के लिए पेयजल, सुरक्षा और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
सुशासन तिहार ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि छत्तीसगढ़ में शासन केवल प्रशासनिक ढांचे तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संवेदनशीलता, सहभागिता और विश्वास पर आधारित एक जीवंत व्यवस्था बन चुका है। यहाँ सरकार और जनता के बीच दूरी नहीं, बल्कि संवाद, सहयोग और साझेदारी का संबंध है - और यही संबंध प्रदेश के समग्र विकास की सबसे बड़ी शक्ति बनकर उभर रहा है
रायपुर। कबीरधाम जिले के प्रवास के दौरान आज विशेष पिछड़ी जनजाति बाहुल्य ग्राम कमराखोल के आंगनबाड़ी केंद्र में नन्हें-मुन्ने बच्चों से मिलकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का मन स्नेह और आनंद से भर उठा। उनकी निश्छल मुस्कान और मासूमियत के बीच जैसे अपने बचपन को फिर से जीने का अवसर मिला।
इस दौरान उन्होंने कहा कि हमारी सरकार प्रदेश के बच्चों को सुपोषित आहार, गुणवत्तापूर्ण देखभाल एव समुचित प्रारंभिक शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि जिज्ञासा और सपनों से भरे ये नौनिहाल आने वाले समय में अपने परिवार, समाज, प्रदेश और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य के सशक्त आधार बनेंगे।
रायपुर। बलरामपुर स्थित भाजपा कार्यालय में सोमवार को जिला पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सहभागिता कर संगठनात्मक गतिविधियों की जानकारी ली और सरकार की योजनाओं को हर जरूरतमंद तक पहुंचाने में अपनी भूमिका सुनिश्चित करने का आह्वान किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती के साथ सेवा, सुशासन और विकास के पथ पर चलते हुए प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को सशक्त और समृद्ध बनाना ही हमारा संकल्प है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में जिले के भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित थे।
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का कबीरधाम जिले के विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा बाहुल्य ग्राम कमराखोल (ग्राम पंचायत लोखान) में आगमन एक आत्मीय और भावनात्मक प्रसंग का साक्षी बना। आम के पेड़ की छांव में खाट पर बैठकर जब मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ चौपाल लगाई, तो वहां का वातारण पूरी तरह से अपनत्व और विश्वास से भर गया। शासन और जनता के बीच की दूरी इस सहज संवाद में पूरी तरह समाप्त होती नजर आई।
इसी दौरान ग्राम की निवासी ऋषि बघेल अपने एक माह के नवजात शिशु को गोद में लेकर मुख्यमंत्री के पास पहुंचीं और अत्यंत विनम्रता से अपने पुत्र का नामकरण करने का आग्रह किया। यह एक साधारण निवेदन था, लेकिन उसमें ग्रामीण जीवन की सादगी, विश्वास और आत्मीय जुड़ाव की गहराई साफ झलक रही थी। मुख्यमंत्री ने भी पूरे स्नेह और संवेदनशीलता के साथ इस आग्रह को स्वीकार किया और बच्चे के जन्म दिवस के बारे में जानकारी ली। जब बघेल ने बताया कि बालक का जन्म रविवार के दिन हुआ है, तो मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए उस नवजात का नाम रविशंकर रखा। नामकरण के इस क्षण ने वहां उपस्थित सभी ग्रामीणों के चेहरे पर खुशी की चमक बिखेर दी। जैसे ही यह नाम घोषित हुआ, पूरा चौपाल स्थल तालियों की गडग़ड़ाहट से गूंज उठा और एक उत्सव जैसा माहौल बन गया। यह दृश्य जनप्रतिनिधि और आमजन के बीच गहरे विश्वास का प्रतीक भी बन गया।
इस आत्मीय क्षण ने सुशासन तिहार की मूल भावना को और अधिक सशक्त रूप से प्रस्तुत किया, जहां शासन केवल योजनाओं के क्रियान्वयन तक सीमित नहीं, बल्कि लोगों के जीवन के सुख-दुख में सहभागी बनकर उनके साथ खड़ा होता है। मुख्यमंत्री साय का यह सहज और मानवीय व्यवहार यह दर्शाता है कि सुशासन का वास्तविक अर्थ लोगों के जीवन से जुड़कर उनकी भावनाओं को समझना और उन्हें सम्मान देना है।
00 खाट में बैठकर मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से किया सीधा संवाद, सुनी समस्याएं, समाधान के दिए निर्देश
रायपुर। सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के विकासखंड छुईखदान के ग्राम सरोधी पहुंचे, जहां उन्हें अपने बीच पाकर ग्रामीणों में उत्साह, आत्मीयता और अपनत्व का अनोखा दृश्य देखने को मिला। मुख्यमंत्री के आगमन से गांव में खुशी की लहर दौड़ गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण उन्हें देखने और उनसे मिलने उमड़ पड़े।
गांव की महिला स्वसहायता समूह की महिलाओं ने महुआ, चार, आम और रखियां बड़ी भेंटकर मुख्यमंत्री का स्वागत किया, वहीं स्कूली बच्चों ने अपने हाथों से तैयार गुलमोहर और कनेर के फूलों के गुलदस्ते भेंट कर अपनी खुशी और सम्मान व्यक्त किया। यह स्वागत ग्रामीण संस्कृति और सादगी की जीवंत झलक बन गया।
ग्राम सरोधी के पूर्व माध्यमिक शाला परिसर में कटहल और गुलमोहर के पेड़ों की छांव तले मुख्यमंत्री ने खाट पर बैठकर चौपाल लगाई और ग्रामीणों से सीधे संवाद किया। इस सहज और आत्मीय वातावरण में उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से हम आपके बीच आकर आपका हाल-चाल जानने, सुख-दुख सुनने और योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन को समझने आए हैं। यह अभियान 1 मई से 10 जून तक चलेगा, जिसमें सरकार स्वयं आपके द्वार तक पहुंचेगी।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सुशासन तिहार सरकार की जवाबदेही और पारदर्शिता का प्रतीक है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि शासन की योजनाएं केवल कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक उनका वास्तविक लाभ पहुंचे। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष भी इसी तरह समस्याओं का संकलन कर समाधान शिविरों के माध्यम से उनका निराकरण किया गया था और इस वर्ष भी उसी प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी रूप में लागू किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि उनकी सरकार को अभी महज 28 माह हुए हैं, लेकिन मोदी की गारंटी के तहत अधिकांश वादों को पूरा किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 18 लाख प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत किए गए हैं, किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है और दो वर्षों का बकाया बोनस भी दिया गया है।
उन्होंने बताया कि तेंदूपत्ता संग्रहण की दर 4000 रुपये से बढ़ाकर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा कर दी गई है, जिससे वनांचल क्षेत्र के लोगों की आय में वृद्धि होगी। साथ ही श्री रामलला दर्शन योजना और तीर्थ यात्रा दर्शन योजना के माध्यम से लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन का अवसर भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
चौपाल के दौरान ग्रामीणों ने विशेष रूप से पेयजल समस्या की ओर ध्यान आकर्षित किया, जिस पर मुख्यमंत्री ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि जनसमस्याओं का निराकरण प्राथमिकता के साथ और समयबद्ध तरीके से किया जाए।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ग्राम सरोधी एवं आसपास के क्षेत्रों के लिए कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों की घोषणा की। इनमें राशन पीडीएस दुकान की स्थापना, नवीन ग्राम पंचायत भवन, पूर्व माध्यमिक शाला के लिए नए भवन का निर्माण शामिल है। इसके साथ ही गंडई से बकरकट्टा मार्ग का चौड़ीकरण एवं मजबूतीकरण, तेन्दूभाठा से जोम ओटेबंध तक सड़क निर्माण, साल्हेवारा-पंडरापानी मार्ग पर मगुरदा नाला पर पुल निर्माण, पीएचसी बकरकट्टा में 108 एम्बुलेंस की तैनाती, बकरकट्टा से नवागांव सड़क का नवीनीकरण तथा क्षेत्र में 33 केवी सब स्टेशन की स्वीकृति दी गई।
इस दौरान मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, विशेष सचिव श्री रजत बंसल सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और ग्रामीण उपस्थित थे।
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत ग्राम सरोधी में आयोजित चौपाल कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का ग्रामीणों ने आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर “जय मां बंजारी महिला स्व सहायता समूह” की महिलाओं ने मुख्यमंत्री को आम, रखिया बड़ी, कुटकी, चार और पपीता से सजी टोकरी भेंट की। महिला समूह द्वारा भेंट किए गए ये स्थानीय उत्पाद गांव की समृद्ध परंपरा और आत्मनिर्भरता का प्रतीक है। मुख्यमंत्री ने इस पहल की सराहना करते हुए महिलाओं के प्रयासों को प्रोत्साहित किया और कहा कि स्व सहायता समूह ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इस दौरान समूह की महिलाओं ने बताया कि वे स्थानीय संसाधनों से उत्पाद तैयार कर अपनी आय बढ़ा रही हैं और शासन की योजनाओं से उन्हें निरंतर सहयोग मिल रहा है।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के अंतर्गत जारी राज्यव्यापी दौरे में आज खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के छुईखदान विकासखंड के ग्राम सरोधी में प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत सुभान सिंह मेरावी को उनके नवनिर्मित आवास की चाबी सौंपकर गृह प्रवेश कराया।

सुभान सिंह ने बताया कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि मुख्यमंत्री स्वयं उनके गांव आकर उन्हें यह सौभाग्य देंगे। उनके लिए यह केवल घर नहीं, बल्कि सम्मान और विश्वास का प्रतीक है।बउन्होंने बताया कि उन्हें वन अधिकार पट्टा के तहत 3 एकड़ 2 डिसमिल भूमि मिली है, जिस पर खेती कर वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। साथ ही उनकी पत्नी को महतारी वंदन योजना के तहत नियमित आर्थिक सहायता भी मिल रही है, जिससे घरेलू जरूरतों में सहयोग मिल रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने ग्रामीणों से संवाद करते हुए कहा कि शासन का लक्ष्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे शासन की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
00 मुख्यमंत्री स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन बनी सहारा, 3570 मरीजों को मिली त्वरित चिकित्सा सहायता
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ के वनांचल एवं अनुसूचित जनजाति बहुल जशपुर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। उद्देश्य है कि दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति तक समय पर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण उपचार पहुंच सके। इसी दिशा में योजनाबद्ध प्रयासों से जिले में स्वास्थ्य अधोसंरचना और आपातकालीन सेवाओं को लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है।
आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं को मजबूत करने के लिए 1 अप्रैल 2026 को जिले को 23 नई एम्बुलेंस प्राप्त हुई हैं, जिनमें 3 एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (ALS) और 20 बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) एम्बुलेंस शामिल हैं। इससे गंभीर मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाने में बड़ी सुविधा मिल रही है।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर शुरू की गई “मुख्यमंत्री स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन” आमजन के लिए एक भरोसेमंद व्यवस्था बनकर उभरी है। सीएम कैंप कार्यालय बगिया में प्राप्त आवेदनों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए हेल्पलाइन के माध्यम से मरीजों को इलाज, दवाइयां, अस्पताल में भर्ती, रेफरल तथा एम्बुलेंस सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। बीते 26 महीनों में लगभग 3,570 मरीजों को इस सेवा का लाभ मिल चुका है। हेल्पलाइन की विशेषता यह है कि कॉल के 5 मिनट के भीतर रिस्पांस दिया जाता है और प्रत्येक प्रकरण में 1 से 3 फॉलोअप सुनिश्चित किए जाते हैं। साथ ही, एम्बुलेंस ट्रैकिंग लिंक की सुविधा से पारदर्शिता और सुविधा दोनों बढ़ी हैं।
इस हेल्पलाइन से कई जरूरतमंदों को समय पर राहत मिली है। ग्राम गोरिया के कोरवाबहरी निवासी बजरंग राम ने बताया कि उनकी माता संतरा बाई के मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए आर्थिक समस्या थी, लेकिन आवेदन देने के कुछ ही मिनटों में सहायता मिल गई और उनका सफल उपचार हुआ। इसी तरह बगीचा विकासखंड के ग्राम सरायपानी के 80 वर्षीय दिव्यांग लुंवर साय को भी त्वरित उपचार उपलब्ध कराया गया।
जिले में स्वास्थ्य अधोसंरचना को भी तेजी से मजबूत किया जा रहा है। कुनकुरी विकासखंड के गिनाबहार में लगभग 8 करोड़ 77 लाख रुपये की लागत से 50 बिस्तरीय मातृ-शिशु चिकित्सालय का निर्माण कार्य प्रगति पर है। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज, प्राकृतिक चिकित्सा एवं फिजियोथेरेपी केंद्र, शासकीय नर्सिंग कॉलेज और फिजियोथेरेपी कॉलेज की स्थापना भी प्रस्तावित है। ग्रामीण क्षेत्रों में नए स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण से स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और बेहतर होगी।
विशेष पिछड़ी जनजाति समुदायों को स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ने के लिए बगीचा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में “पहाड़ी कोरवा हेल्पडेस्क” स्थापित किया गया है। स्थानीय भाषा में संवाद करने वाली प्रशिक्षित आदिवासी महिलाएं यहां मरीजों की सहायता कर रही हैं। इस पहल के माध्यम से अब तक 1450 से अधिक मरीजों को ओपीडी, 900 से अधिक को आईपीडी सेवाएं तथा 140 से अधिक सुरक्षित संस्थागत प्रसव कराए जा चुके हैं। इसके साथ ही मोबाइल मेडिकल यूनिट के जरिए दूरस्थ क्षेत्रों में नियमित स्वास्थ्य शिविर भी लगाए जा रहे हैं।
इस प्रकार, जशपुर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और नवाचारपूर्ण पहलों के माध्यम से आमजन को बेहतर, त्वरित और सुलभ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे लोगों के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है।
रायपुर। सुशासन तिहार के तहत जारी राज्यव्यापी दौरे के दौरान खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के छुईखदान विकासखंड अंतर्गत ग्राम सरोधी में आयोजित जन चौपाल में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने का प्रेरक क्षण देखने को मिला।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ग्राम बकरकट्टा के मेधावी छात्र गिरवर पटेल को सम्मानित किया। गिरवर पटेल ने 10वीं बोर्ड परीक्षा में 93.5 प्रतिशत अंक प्राप्त कर मेरिट सूची में स्थान हासिल किया है। वर्तमान में वे रायपुर स्थित प्रयास आवासीय विद्यालय में अध्ययनरत हैं।
मुख्यमंत्री ने गिरवर की उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रतिभाशाली विद्यार्थी प्रदेश का नाम रोशन करते हैं और अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा बनते हैं। उन्होंने गिरवर के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विद्यार्थियों को परिश्रम, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पण के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण अवसर उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है, ताकि हर छात्र अपने सपनों को साकार कर सके। गिरवर पटेल का सम्मान न केवल उनकी कड़ी मेहनत और लगन का परिणाम है, बल्कि यह ग्रामीण अंचल के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी एक प्रेरणादायक उदाहरण भी है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी विधानसभा चुनाव परिणामों में भारतीय जनता पार्टी और एनडीए की ऐतिहासिक बढ़त व शानदार सफलता पर हर्ष व्यक्त करते हुए इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व और जनता के अटूट विश्वास की जीत बताया है।
पश्चिम बंगाल के नतीजों पर प्रतिक्रिया देते हुए उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि पश्चिम बंगाल में भाजपा पहली बार स्पष्ट और प्रचंड बहुमत के साथ सरकार बनाने की ओर अग्रसर है। यह ऐतिहासिक जनादेश भारतीय जनसंघ के संस्थापक, महान राष्ट्रभक्त अमर बलिदानी डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी को पश्चिम बंगाल की पावन धरा की ओर से दी गई सच्ची श्रद्धांजलि है। इसी प्रकार असम में लगातार तीसरी बार भाजपा की सत्ता में वापसी यह दर्शाती है कि पूर्वोत्तर में शांति और विकास की राजनीति ने विभाजनकारी ताकतों को जड़ से मिटा दिया है। पुडुचेरी में भी भाजपा और एनडीए का शानदार प्रदर्शन प्रधानमंत्री मोदी जी के सबका साथ, सबका विकास के मंत्र की वैश्विक स्वीकृति का प्रमाण है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने प. बंगाल, असम व पुडुचेरी राज्यों के परिणामों को छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश के कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार करने वाला बताया है। यह जीत तुष्टीकरण और अराजकता के विरुद्ध राष्ट्रवाद और सुशासन की विजय है। बंगाल से लेकर पूर्वोत्तर तक की जनता ने संदेश दे दिया है कि देश की प्रगति केवल भाजपा के नेतृत्व में ही सुरक्षित है। भाजपा ने अपनी पारंपरिक हिंदी पट्टी की छवि को तोड़कर पूरब और दक्षिण-पूर्व की ओर जो विस्तार किया है, वह ऐतिहासिक है। श्री शर्मा ने कहा कि पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी के चुनाव परिणाम भारतीय राजनीति के कैनवास पर दूरगामी प्रभाव डालने वाले हैं। इस ऐतिहासिक विजय के लिए भाजपा के राष्ट्रीय नेतृत्व, संबंधित राज्यों के प्रदेश नेतृत्व और कर्मठ कार्यकर्ताओं को श्री शर्मा ने हार्दिक बधाई व शुभकामनाएँ प्रेषित की हैं।
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. (सुश्री) सरोज पाण्डेय ने कहा है कि पश्चिम बंगाल में भाजपा की सरकार का गठन तुष्टीकरण की राजनीति के अंत और विकासवाद की शुरुआत है। यह जीत उन लाखों कार्यकर्ताओं के संघर्ष का परिणाम है जिन्होंने बंगाल के लोकतांत्रिक मूल्यों को बचाने के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर किया।
पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी के चुनाव परिणामों में भाजपा और एनडीए को मिली शानदार बढ़त और जीत पर हर्ष व्यक्त करते हुए सुश्री पाण्डेय ने इसे विकास और राष्ट्रवाद की जीत बताया है। पश्चिम बंगाल में पहली बार पूर्ण बहुमत के साथ भाजपा की सरकार बनना एक ऐतिहासिक युग परिवर्तन है। डॉ. (सुश्री) पाण्डेय ने असम में भाजपा की लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी को सुशासन की जीत बताया। उत्तर-पूर्व में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति अटूट विश्वास ने असम को विकास के नए सोपान पर खड़ा कर दिया है। इसी प्रकार पुडुचेरी में पार्टी का शानदार प्रदर्शन दक्षिण भारत में भाजपा के बढ़ते प्रभाव का प्रतीक है।
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री त्रय यशवन्त जैन, अखिलेश सोनी व डॉ. नवीन मार्कण्डेय ने पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी विधानसभा चुनावों के नतीजों में भाजपा एवं राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन की शानदार बढ़त व ऐतिहासिक प्रदर्शन पर हर्ष व्यक्त किया है।
महामंत्री त्रय ने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व, सबका साथ-सबका विकास के मंत्र और पार्टी कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम की जीत बताया और इस अभूतपूर्व और ऐतिहासिक सफलता के लिए इन राज्यों की देवतुल्य जनता का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आज के परिणाम स्पष्ट करते हैं कि देश की जनता ने तुष्टीकरण और अराजकता की राजनीति को नकारते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 'सबका साथ, सबका विकासÓ के संकल्प और सुशासन के प्रति अपना पूर्ण विश्वास प्रकट किया है। भाजपा प्रदेश महामंत्री त्रय श्री जैन, डॉ. मार्कण्डेय व श्री सोनी ने कहा कि यह परिणाम प्रधानमंत्री श्री मोदी जी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की जन-कल्याणकारी नीतियों और हमारे करोड़ों कार्यकर्ताओं के अनथक परिश्रम की जीत है। इन राज्यों में विकास की नई ऊँचाइयों को छूने के लिए भाजपा सरकारें पूरी निष्ठा से कार्य करेंगी।
00 भोजन के साथ साथ मुख्यमंत्री लेते रहे योजनाओं के क्रियान्वयन का फीडबैक
00 जमीन पर भोजन, ज़मीन पर फैसला: पेयजल योजना को जल्द शुरू करने के निर्देश
00 पहाड़ी इलाके में पेयजल की दिक्कत पर कहा - प्रोजेक्ट तत्काल स्वीकृत कर धरातल पर शुरू करवाएं काम
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत आज कबीरधाम जिले के ग्राम लोखान में एक बेहद आत्मीय और संवेदनशील दृश्य देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय निर्माणाधीन पंचायत भवन के औचक निरीक्षण के दौरान सीधे श्रमिकों के बीच पहुंच गए। निरीक्षण के दौरान उनका यह दौरा केवल कार्यों की समीक्षा तक सीमित नहीं रहा, बल्कि आमजन के साथ उनके सहज जुड़ाव और संवेदनशील नेतृत्व का जीवंत उदाहरण बन गया। मुख्यमंत्री के अचानक पहुंचने से वहां कार्यरत श्रमिकों में उत्साह का माहौल बन गया और सभी ने उनका आत्मीय स्वागत किया।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव सायनिरीक्षण के दौरान वहां काम कर रही महिला श्रमिकों ने मुख्यमंत्री को बड़े स्नेह और आग्रह के साथ दोपहर के भोजन के लिए आमंत्रित किया। इस सादगी भरे निमंत्रण को मुख्यमंत्री ने तुरंत स्वीकार किया और मुस्कुराते हुए उनसे पूछा कि वे खाने में क्या लेकर आई हैं। महिलाओं ने बताया कि वे अपने घर से पारंपरिक भोजन—बोरे बासी, पान पुरवा रोटी, चना भाजी, चरोटा भाजी, मुनगा बड़ी और आमा (आम) की चटनी लेकर आई हैं। यह सुनकर मुख्यमंत्री ने उसी सहजता से उनके साथ भोजन करने का निर्णय लिया। मुख्यमंत्री साय श्रमिकों के बीच जमीन पर बैठ गए और उनके टिफिन से ही भोजन ग्रहण किया। बोरे बासी और आमा चटनी का स्वाद लेते हुए उन्होंने कहा कि यह भोजन उनकी अपनी जीवनशैली और संस्कृति से जुड़ा हुआ है।
भोजन के दौरान श्रमिक बहनों से बात करते हुए मुख्यमंत्री साय ने शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी हकीकत को भी समझने का प्रयास किया। उन्होंने श्रमिक महिलाओं से महतारी वंदन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी ली। महिलाओं ने भी खुले मन से अपने अनुभव साझा किए, जिससे मुख्यमंत्री को योजनाओं की वास्तविक स्थिति का सीधा फीडबैक मिला। जब मुख्यमंत्री ने गांव की प्रमुख समस्याओं के बारे में पूछा, तो महिलाओं ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण पेयजल की समस्या लगातार बनी रहती है। बोरवेल और हैंडपंप लंबे समय तक कारगर नहीं रह पाते, जिससे गर्मी के दिनों में पानी की दिक्कत और अधिक बढ़ जाती है। इस समस्या को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया और तत्काल समाधान की दिशा में पहल करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने मौके पर ही कलेक्टर से पेयजल व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली। कलेक्टर ने बताया कि क्षेत्र के 26 गांवों के लिए एक विशेष पेयजल योजना तैयार की गई है, जिसके अंतर्गत दूरस्थ जल स्रोतों से पाइपलाइन के माध्यम से पानी उपलब्ध कराने की योजना है। यह योजना तकनीकी रूप से तैयार है और इसे जल्द ही क्रियान्वित किया जा सकता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश देते हुए कहा कि इस योजना को यथाशीघ्र स्वीकृति प्रदान कर धरातल पर कार्य शुरू किया जाए, ताकि ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से राहत मिल सके। उन्होंने कहा कि सुशासन का वास्तविक अर्थ यही है कि शासन की योजनाएं समय पर और प्रभावी रूप से आमजन तक पहुंचे। मुख्यमंत्री ने यह स्पष्ट किया कि हमारी सुशासन सरकार जनसमस्याओं के समाधान के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ बालोद निवासी कृषि विस्तार अधिकारी देवनारायण साहू को रेप केस में कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। आरोपी ने प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के दौरान कॉलेज फ्रेंड से दोस्ती की थी, कई सालों के अफेयर के बाद उसे शादी का झांसा दिया और शारीरिक संबंध बनाए।
2024 में जब देवनारायण की सरकारी नौकरी लगी तो उसने युवती को ‘नीची जाति’ की कहकर शादी से साफ मना कर दिया। 2 मई को इस केस में रायपुर की स्पेशल कोर्ट ने आरोपी को SC,ST एक्ट समेत कई धाराओं में दोषी माना और उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
पढ़िए क्या है मामला ?
पीड़िता बिलासपुर जिले की रहने वाली है। देवनारायण साहू के साथ जगदलपुर के एग्रीकल्चर कॉलेज में साथ पढ़ती थी। बाद में दोनों रायपुर में एग्रीकल्चर कोचिंग करने लगे। इसी दौरान आरोपी ने युवती को प्रपोज किया।
पीड़िता ने कोर्ट में बताया, उसने शुरुआत में रिलेशनशिप से मना कर दिया था, क्योंकि दोनों की जाति अलग थी और उसे शादी होने की उम्मीद नहीं थी। लेकिन आरोपी ने भरोसा दिलाया, नौकरी लगने के बाद शादी करेगा।
कोर्ट रिकॉर्ड के मुताबिक, फरवरी 2021 में आरोपी ने युवती को रायपुर के धरमपुरा स्थित अपने किराए के मकान में बुलाया। वहां शादी का भरोसा देकर उसके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए। पीड़िता ने बयान में कहा, 2023-24 के दौरान भी आरोपी लगातार शादी का वादा कर संबंध बनाता रहा।
2024 में आरोपी की नौकरी ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी के पद पर लग गई। इसके बाद उसका व्यवहार बदलने लगा। कोर्ट में पीड़िता ने कहा, आरोपी उसे ‘नीची जाति की लड़की’ कहकर अपमानित करने लगा। इसके बावजूद नवंबर 2025 में आरोपी ने उसे मानपुर बुलाया और फिर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया।
पीड़िता के मुताबिक, 4 दिसंबर 2025 को आरोपी ने उसे रायपुर बुलाया और साफ कहा, वह उससे शादी नहीं करेगा, वह दूसरी जाति की है। आरोपी ने यह भी कहा, वह किसी दूसरी लड़की से शादी करना चाहता है।
आरोपी ने युवती को फोन, व्हाट्सऐप समेत हर जगह से ब्लॉक कर दिया। पीड़िता की मां और भाई ने अदालत में बयान दिया। दोनों ने कहा, युवती ने उन्हें आरोपी की तरफ से शादी का झांसा देकर संबंध बनाने और बाद में जाति के नाम पर शादी से इंकार करने की जानकारी दी थी।
पीड़िता का मेडिकल परीक्षण करने वाली डॉक्टर ने कोर्ट को बताया, युवती का हाइमन फटा हुआ था। डॉक्टर ने यह भी कहा, परीक्षण के दौरान पीड़िता ने आरोपी द्वारा लंबे समय तक शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने की बात बताई थी।
कोर्ट ने अपने फैसले में कहा है, आरोपी शुरू से पीड़िता की जाति जानता था, फिर भी उसने धोखे से उसका शोषण किया। कोर्ट ने इसे गंभीर अपराध मानते हुए उम्रकैद के साथ अन्य धाराओं में सजा और 6 हजार जुर्माना ठोका है। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश पंकज कुमार सिन्हा की अदालत में हुई। कोर्ट ने आरोपी को BNS की धारा 64(2)(M) में 10 साल कठोर कारावास, BNS की धारा 69 में 10 साल कठोर कारावास और SC/ST एक्ट की धारा 3(2)(5) में उम्रकैद की सजा सुनाई है। सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
कवर्धा। छत्तीसगढ़ कवर्धा में तेज रफ्तार का कहर देखने को मिला। जहां कार अनियंत्रित होकर नदी में जा गिरी। हादसे में कार सवार 4 युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, 2 गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना पांडातराई थाना क्षेत्र अंतर्गत गड़ाई गांव के पास फोक नदी के पुल पर हुआ है।
जानकारी के मुताबिक, रायपुर के बिरगांव क्षेत्र के निवासी कुछ युवक पंडरिया में एक शादी समारोह में शामिल होने आए थे। शादी की रस्में पूरी होने के बाद वे अपनी कार से रायपुर लौट रहे थे। इस दौरान उनकी कार तेज रफ्तार में होने के कार गड़ई गांव के पास स्थित फोक नदी के पुल में अनियंत्रित होकर नीचे गिर गई। कार में उस वक्त 6 लोग सवार थे, जिनमें से 4 की मौके पर ही मौत और 2 घायल हो गए हैं। मृतकों की पहचान अरमान खान, सौंफ, अनस और कौनेन के रूप में हुई है, जबकि घायल युवकों के नाम जुनैद रज़ा और आरज़ू खान बताए जा रहे हैं।
घटना के बाद आस आसपास के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों के साथ तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद घायलों को कार से बाहर निकालाकर तत्काल जिला अस्पताल रवाना किया गया। दोनों युवक को बेहतर इलाज के लिए निजी अस्पताल रेफर किया गया है, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के बाद पंडरिया स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया है। पुलिस के प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण तेज रफ्तार और वाहन का नियंत्रण खोना बताया जा रहा है। फिलहाल मामले की जांच में जुटी हुई है।
कवर्धा। छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले एक महिला की नग्न हालत में लाश मिली है। आशंका जताई जा रही है कि दुष्कर्म के बाद महिला की हत्या की गई है। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरु कर दी है। यह घटना लोहारा थाना क्षेत्र की है।
नग्न हालत में मिली लाश
पुलिस को सूचना मिली थी कि एक महिला की नग्न हालत में लाश सिंगारपुर गांव के पास पड़ी है। सूचना मिलते ही फॉरेंसिक और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। महिला के सिर पर गंभीर चोट के निशान मिले हैं। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया कि दुष्कर्म के बाद महिला की हत्या की गई है।
पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव
हालांकि महिला कौन और कहां की रहने वाली है अभी इसका खुलासा नहीं हुआ है। फिलहाल पुलिस ने महिला के शव को अपने कब्जे में ले लिया है और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही पूरे मामले की जांच पड़ताल शुरु कर दी है।





























