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मुख्यमंत्री साय ने सियान गुड़ी का किया शुभारंभ : बुजुर्गों के साथ कैरम खेलकर वरिष्ठजनों का बढ़ाया हौंसला

मुख्यमंत्री साय ने सियान गुड़ी का किया शुभारंभ : बुजुर्गों के साथ कैरम खेलकर वरिष्ठजनों का बढ़ाया हौंसला

 00 वरिष्ठ नागरिकों के लिए डे-केयर सुविधा से सुसज्जित केंद्र : योग, स्वास्थ्य, मनोरंजन और कौशल विकास की मिलेगी एक ही छत के नीचे सुविधा

रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज जशपुर में वरिष्ठ नागरिकों के लिए विकसित अत्याधुनिक डे-केयर केंद्र ‘सियान गुड़ी’ का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने बुजुर्गों के साथ कैरम खेलकर उनका उत्साह बढ़ाया और आत्मीय संवाद स्थापित किया। मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर वरिष्ठजन अत्यंत प्रसन्न नजर आए तथा उन्होंने राज्य सरकार द्वारा विकसित ‘सियान गुड़ी’ के लिए आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर बुजुर्गों को फूड बास्केट वितरित किए तथा धार्मिक पुस्तक, शॉल एवं श्रीफल भेंटकर उनका सम्मान किया। उन्होंने समाज में वरिष्ठजनों के सम्मान और उनकी देखभाल के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ अपनी समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं और पारिवारिक मूल्यों के लिए जाना जाता है, लेकिन वर्तमान में समाज तेजी से बदल रहा है। एकल परिवार की बढ़ती प्रवृत्ति, रोजगार के लिए युवाओं का पलायन और व्यस्त जीवनशैली के कारण अनेक बुजुर्ग दिन के समय अकेलेपन और उपेक्षा का सामना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह अकेलापन केवल भावनात्मक नहीं, बल्कि मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इन्हीं चुनौतियों के समाधान के लिए ‘डे-केयर सेंटर – सियान गुड़ी’ की परिकल्पना की गई है। यह भवन वरिष्ठ नागरिकों के लिए सम्मान, आत्मीयता और सक्रियता का एक सशक्त केंद्र बनेगा, जहां वे सुरक्षित वातावरण में दिन व्यतीत कर नई ऊर्जा और उत्साह प्राप्त कर सकेंगे। मुख्यमंत्री ने केंद्र का निरीक्षण करते हुए यहां उपलब्ध सुविधाओं की सराहना की और इसे वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक आदर्श पहल बताया।

उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि सियान गुड़ी’ के माध्यम से राज्य सरकार ने वरिष्ठ नागरिकों के जीवन को अधिक सम्मानजनक, सक्रिय और खुशहाल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है, जो सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करते हुए पारिवारिक मूल्यों को भी नई ऊर्जा प्रदान करेगा।
उल्लेखनीय है कि जशपुर में रणजीता स्टेडियम के पीछे भागलपुर रोड स्थित यह ‘सियान गुड़ी’ केंद्र वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक समग्र डे-केयर यूनिट के रूप में विकसित किया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य उन्हें एक ही स्थान पर बहुआयामी सेवाएं उपलब्ध कराना है। यहां योग, प्राणायाम, मनोरंजन, सांस्कृतिक एवं सामुदायिक गतिविधियां, डिजिटल एवं वित्तीय साक्षरता तथा कौशल विकास प्रशिक्षण की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य जांच, बेसिक दवाओं की उपलब्धता, टेली कंसल्टेशन, स्वास्थ्य जागरूकता सत्र, फिजियोथैरेपी और व्यायाम की भी व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
इसके अतिरिक्त केंद्र में वरिष्ठ नागरिकों को कानूनी एवं पारिवारिक परामर्श भी प्रदान किया जाएगा। उपेक्षा या दुर्व्यवहार की स्थिति में नेशनल हेल्पलाइन नंबर 14567 तथा राज्य स्तरीय सियान हेल्पलाइन नंबर 155326 के माध्यम से त्वरित सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। सुविधाओं की दृष्टि से ‘सियान गुड़ी’ को अत्याधुनिक रूप दिया गया है, जहां बाधारहित वातावरण, व्हील चेयर सुविधा, आरामदायक बैठने की व्यवस्था, जेंडर पृथक एवं दिव्यांग अनुकूल शौचालय, सामूहिक गतिविधियों के लिए विशाल हॉल, पुस्तकालय एवं शांत रीडिंग कॉर्नर उपलब्ध हैं। इसके साथ ही टीवी, रेडियो, सीसीटीवी, बायोमैट्रिक उपस्थिति प्रणाली, प्राथमिक स्वास्थ्य परीक्षण डेस्क, मासिक चिकित्सकीय परामर्श, फिजियोथैरेपी कॉर्नर तथा टेलीमेडिसिन सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
इस केंद्र में प्रतिदिन 6 से 8 घंटे तक वरिष्ठ नागरिकों के लिए योग, व्यायाम, चाय-नाश्ता, भोजन, मनोरंजन, जीवन कौशल एवं पुनः कौशल विकास प्रशिक्षण, स्वास्थ्य परीक्षण, सांस्कृतिक कार्यक्रम, समूह चर्चा तथा कानूनी एवं सामाजिक जागरूकता से जुड़े विविध कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे। 
इस अवसर पर अध्यक्ष छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल श्री रामप्रताप सिंह, विधायक पत्थलगांव श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, श्री प्रबल प्रताप सिंह जूदेव, सरगुजा संभाग के कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, पुलिस कमिश्नर श्री दीपक कुमार झा, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री लाल उमेंद सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं वरिष्ठजन उपस्थित थे।

ग्रामीण विकास को नई रफ्तार: 2426 किमी सड़क निर्माण का मुख्यमंत्री साय ने किया शिलान्यास

ग्रामीण विकास को नई रफ्तार: 2426 किमी सड़क निर्माण का मुख्यमंत्री साय ने किया शिलान्यास

 00 एक साथ 774 सड़कों का भूमिपूजन, 781 बसाहटों को मिलेगा पक्का सड़क संपर्क

जशपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज जशपुर स्थित रणजीता स्टेडियम में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (फेज-04) के अंतर्गत स्वीकृत 774 सड़कों का शिलान्यास एवं शुभारंभ किया। इन सड़कों की कुल लंबाई 2426.875 किलोमीटर है, जिनके निर्माण पर ₹2225.44 करोड़ की लागत आएगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जशपुर जिला मुख्यालय स्थित वशिष्ठ कम्यूनिटी हॉल के जीर्णोद्धार के लिए ₹80 लाख की राशि प्रदान करने की घोषणा भी की।

मुख्यमंत्री  साय ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत एक साथ इतनी बड़ी संख्या में सड़कों का भूमिपूजन ग्रामीण विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने बताया कि इन सड़कों के निर्माण से लगभग 781 बसाहटों को बारहमासी पक्की सड़क सुविधा प्राप्त होगी, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के साथ ही प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की शुरुआत की गई थी, जो उनकी दूरदर्शी सोच का परिणाम है और आज यह योजना ग्रामीण भारत की जीवनरेखा बन चुकी है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले एक दशक में सड़क नेटवर्क के विस्तार में अभूतपूर्व तेजी आई है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना और पीएम जनमन योजना के माध्यम से राज्य के अधिकांश गांवों को सड़क संपर्क से जोड़ा जा चुका है। उन्होंने कहा कि भारतमाला परियोजना के तहत रायपुर से विशाखापट्टनम तथा रायपुर से जशपुर होते हुए धनबाद तक सड़क निर्माण कार्य प्रगति पर है, जिससे जशपुर क्षेत्र की कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियों को नई दिशा मिलेगी।
मुख्यमंत्री श्री साय ने सहकारिता क्षेत्र का उल्लेख करते हुए बताया कि हाल ही में 515 प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों (पैक्स) का वर्चुअल शुभारंभ किया गया है, जिससे प्रदेश में समितियों की संख्या बढ़कर 2573 हो गई है। ये समितियां किसानों को खाद, बीज और अल्पकालीन ऋण जैसी सुविधाएं उनके निकट उपलब्ध कराएंगी तथा धान विक्रय प्रक्रिया को सरल बनाएंगी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा किसानों से ₹3100 प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है और होली से पूर्व 25.28 लाख किसानों के खातों में 10000 करोड़ रुपए से अधिक की राशि अंतरण कर उन्हें आर्थिक संबल प्रदान किया गया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने नागरिकों से आगामी जनगणना में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि सही आंकड़े ही सटीक विकास योजनाओं का आधार बनते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि बिजली बिल भुगतान समाधान योजना के तहत प्रदेशभर में शिविर आयोजित कर समस्याओं का निराकरण किया जा रहा है तथा ₹757 करोड़ के बिजली बिल माफ किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में राज्य में नक्सल समस्या के समाधान की दिशा में उल्लेखनीय प्रगति हुई है, जिससे अब दूरस्थ क्षेत्रों में भी तेजी से विकास कार्य संभव हो पा रहे हैं।
उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि आज जिन 774 सड़कों का शिलान्यास किया गया है, उनका निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा। उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों में प्रदेश में 1300 से अधिक सड़कों का निर्माण कार्य पूर्ण किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि पीएम जनमन योजना के तहत विशेष पिछड़ी जनजाति क्षेत्रों में भी सड़क निर्माण तेजी से किया जा रहा है, जिससे ये क्षेत्र भी मुख्यधारा से जुड़ सकेंगे। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि राज्य में धर्म स्वातंत्र्य कानून लागू कर अवैध धर्मांतरण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कड़े प्रावधान किए गए हैं।
कार्यक्रम में प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्रीमती निहारिका बारीक ने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के फेज-04 के अंतर्गत राज्य में 3065 सड़क विहीन बसाहटों का चिन्हांकन किया गया है। बैच-2 में 1000 बसाहटों के लिए 2684 किलोमीटर लंबाई की 975 सड़कों का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा गया है, जबकि शेष 1284 बसाहटों के लिए डीपीआर तैयार किए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि पीएम-जनमन योजना के अंतर्गत विशेष पिछड़ी जनजातीय समूहों के लिए 2902 किलोमीटर लंबाई की 807 सड़कों एवं 123 वृहद पुलों के निर्माण हेतु ₹2477 करोड़ की स्वीकृति प्राप्त हुई है, जिनसे 871 बसाहटें लाभान्वित होंगी। अब तक 1735 किलोमीटर लंबाई की 356 सड़कें पूर्ण कर 356 बसाहटों को जोड़ दिया गया है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत अब तक कुल 47,847 किलोमीटर लंबाई की 10,119 सड़कों एवं 581 वृहद पुलों को स्वीकृति प्राप्त हुई है, जिनमें से 42,250 किलोमीटर लंबाई की 8713 सड़कें और 444 पुल पूर्ण किए जा चुके हैं।
जशपुर जिले में इस योजना के तहत कुल 77 सड़कों का निर्माण किया जाएगा, जिनकी लंबाई 197.26 किलोमीटर तथा लागत ₹196.20 करोड़ है। विभिन्न विकासखंडों में इन सड़कों का निर्माण चरणबद्ध रूप से किया जाएगा, जिससे जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा सुदृढ़ होगी और स्थानीय विकास को गति मिलेगी।इस अवसर पर अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री साय ने मोर गांव, मोर पानी, मोर तरिया महाअभियान अंतर्गत 500 नए तरिया का किया शिलान्यास

मुख्यमंत्री साय ने मोर गांव, मोर पानी, मोर तरिया महाअभियान अंतर्गत 500 नए तरिया का किया शिलान्यास

 00 जल संरक्षण से गांवों में बढ़ेगी समृद्धि

00 आजीविका डबरी और नए तरिया से किसानों व ग्रामीणों को मिलेगा बड़ा लाभ
रायपुर।
छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी पहल “मोर गांव, मोर पानी, मोर तरिया महाअभियान” का आज जशपुर के रणजीता स्टेडियम में मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने शुभारंभ किया। अभियान के अंतर्गत “नवा तरिया, आय के जरिया” के तहत प्रदेश में 500 नए तरिया (तालाब) के निर्माण का भी शिलान्यास किया। इससे जल संचयन, भूजल स्तर में वृद्धि और कृषि कार्यों के लिए सिंचाई सुविधा में सुधार होगा। इस अभियान के माध्यम से जल संरक्षण, जल संवर्धन और ग्रामीण आजीविका को सशक्त बनाने की दिशा में बड़े स्तर पर कार्य किए जाएंगे।

महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के अंतर्गत इस महाअभियान के तहत प्रदेशभर में 10,000 आजीविका डबरी निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसके विरुद्ध 15 अप्रैल 2026 तक 13,000 से अधिक डबरी निर्माण पूर्ण कर लिया गया है। यह उपलब्धि अभियान की गति और प्रभावशीलता को दर्शाती है। 
मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने इस अवसर पर कहा कि जल ही जीवन और विकास का आधार है। ‘मोर गांव, मोर पानी, मोर तरिया’ अभियान के माध्यम से हम गांव-गांव में जल संरक्षण को जन आंदोलन बना रहे हैं। इससे न केवल पानी की उपलब्धता बढ़ेगी, बल्कि किसानों की आय में वृद्धि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि आजीविका डबरी के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में मत्स्य पालन, बत्तख पालन, सिंघाड़ा उत्पादन, सब्जी उत्पादन और वृक्षारोपण जैसे विविध आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, जिससे लोगों को अतिरिक्त आय के अवसर प्राप्त होंगे। ग्रामीण स्तर पर इस योजना के प्रचार-प्रसार के लिए दीवार लेखन, बैनर, ग्राम सभाओं में जागरूकता अभियान तथा क्यूआर कोड के माध्यम से विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए भी व्यापक प्रचार किया जा रहा है। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देते हुए आजीविका डबरी से जुड़े कार्यों में स्व सहायता समूह की महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की गई है। हितग्राही परिवार की महिला सदस्य का नाम नागरिक सूचना पटल में अंकित किया जा रहा है, जिससे महिलाओं की अधिकारिता और भागीदारी मजबूत हो सके।इसके तहत उन्नत तकनीक आधारित योजना निर्माण और ग्राम सभा की स्वीकृति के आधार पर कार्यों को मंजूरी दी जा रही है, जिससे पारदर्शिता और प्रभावी निगरानी सुनिश्चित हो रही है। सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से यह अभियान ग्राम पंचायतों के समग्र विकास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने का कार्य करेगा। “मोर गांव, मोर पानी, मोर तरिया” महाअभियान जशपुर सहित पूरे प्रदेश में जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाते हुए ग्रामीणों के जीवन में स्थायी बदलाव लाने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल के रूप में उभर रहा है।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, अध्यक्ष छ.ग. भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल श्री रामप्रताप सिंह, विधायक पत्थलगांव श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

अनियंत्रित तेज रफ्तार हाईवा पलटी 3 घायल

अनियंत्रित तेज रफ्तार हाईवा पलटी 3 घायल

 जगदलपुर। जिले के ताेंगपाल थाना क्षेत्र अंर्तगत पुसपाल घाट में शुक्रवार काे गिट्टी से भरा तेज रफ्तार हाईवा अनियंत्रित होकर पलट गया । हादसे में हाईवा चालक सहित 3 लोग घायल हुए हैं। पुसपाल घाट में तैनात सीआरपीएफ 188 बटालियन के जवानों ने मौके पर पहुंचकर वाहन में फंसे घायलों को बचाया और अस्पातल रवाना किया। मिली जानकारी के अनुसार दुर्घटना के बाद हाईवा चालक सहित 3 लोग वाहन में ही फंस गए थे। गनीमत रही कि सीआरपीएफ के तैनात सहायक कमांडेंट बन्ना राम वहां मौजूद थे, उन्होंने मारडूम थाने में घटना की सूचना दी, मौके पर जवानों की टीम पहुंची और फंसे हुए घायल हाईवा चालक लक्ष्मण एवं उसकेे साथ ही हाईवा वाहन में सवार योगेंद्र और कार्तिक को बाहर निकाला लिया। उन्हें इलाज के लिए अस्पातल भेज दिया गया है।

स्पेस ऑन व्हील्स' बना जशपुर के बच्चों के लिए अंतरिक्ष ज्ञान का चलता-फिरता विद्यालय

स्पेस ऑन व्हील्स' बना जशपुर के बच्चों के लिए अंतरिक्ष ज्ञान का चलता-फिरता विद्यालय

 मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने किया “स्पेस ऑन व्हील्स” का अवलोकन, बच्चों की वैज्ञानिक समझ की सराहना की

रायपुर:-

अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति जिज्ञासा और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जशपुर जिले में “स्पेस ऑन व्हील्स” कार्यक्रम ने बच्चों में नई ऊर्जा का संचार किया है। रणजीता स्टेडियम में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) की विशेष मोबाइल प्रदर्शनी बस के आगमन पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अंतरिक्ष गाड़ी का अवलोकन किया और प्रदर्शित रॉकेट, उपग्रह तथा विभिन्न अंतरिक्ष मिशनों के मॉडलों को देखा। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए उनकी वैज्ञानिक समझ और जिज्ञासा की सराहना की।

शासकीय महारानी लक्ष्मी बाई उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जशपुर की कक्षा 12वीं की छात्राएं कुमारी अंशु पासवान, भूमिका डाहरे और सारिका साहनी ने आगे बढ़कर चंद्रयान, मंगलयान सहित विभिन्न अंतरिक्ष तकनीकों की कार्यप्रणाली को सरल और प्रभावी ढंग से मुख्यमंत्री को समझाया। बच्चों के आत्मविश्वास से प्रभावित मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी पहलें विशेष रूप से दूरस्थ क्षेत्रों में विज्ञान के प्रति रुचि विकसित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में विज्ञान और तकनीक ही विकास की आधारशिला है और “स्पेस ऑन व्हील्स” जैसे कार्यक्रम ग्रामीण अंचलों के बच्चों में जिज्ञासा, नवाचार और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को मजबूत करते हैं।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पेस ऑन व्हील्स के माध्यम से जिले के विभिन्न स्कूलों में विज्ञान की जानकारी देने वाले 17 बच्चों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया और विद्यार्थियों को “द मैजिक ऑफ नाइट स्काई” पुस्तिका भी वितरित की।

 इस अवसर पर विधायक पत्थलगांव श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सालिक साय, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविंद भगत, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, सरगुजा संभाग के कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, पुलिस कमिश्नर श्री दीपक कुमार झा, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री लाल उमेंद सिंह सहित बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे उपस्थित थे।

उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी को बढ़ावा देने के लिए “अन्वेषण” कार्यक्रम के अंतर्गत इस पहल का आयोजन किया जा रहा है। विज्ञान भारती के सहयोग से यह कार्यक्रम जशपुर जिले के सभी विकासखंडों में संचालित किया जा रहा है। 7 अप्रैल से प्रारंभ हुआ यह अभियान 14 दिनों तक चलेगा, जिसमें बस प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक विभिन्न विद्यालयों में पहुंचकर विद्यार्थियों को अंतरिक्ष विज्ञान की जानकारी दे रही है। इस पहल से जिले के 10 हजार से अधिक विद्यार्थी प्रत्यक्ष रूप से लाभान्वित होंगे।

स्पेस ऑन व्हील्स” इसरो की एक अत्याधुनिक मोबाइल प्रदर्शनी है,  ताकि अंतरिक्ष विज्ञान को सीधे छात्रों और आमजन तक पहुंचाया जा सके। इस प्रदर्शनी में पीएसएलवी, जीएसएलवी, चंद्रयान, मंगलयान, आरएलवी, रिमोट सेंसिंग, कम्युनिकेशन और नेविगेशन सैटेलाइट से जुड़े मॉडल प्रदर्शित किए गए हैं। ऑडियो-विजुअल माध्यम, इंटरएक्टिव पैनल और लाइव डेमो के जरिए विद्यार्थियों को जटिल अंतरिक्ष तकनीकों को सरल भाषा में समझाया जा रहा है।

इस पहल का उद्देश्य न केवल अंतरिक्ष विज्ञान के प्रति जागरूकता बढ़ाना है, बल्कि युवाओं को विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (STEM) के क्षेत्र में करियर बनाने के लिए प्रेरित करना भी है। विज्ञान भारती के विशेषज्ञों, भौतिकी के व्याख्याताओं और स्वयंसेवकों द्वारा विद्यार्थियों को मार्गदर्शन दिया जा रहा है। यह कार्यक्रम उन विद्यार्थियों के लिए विशेष रूप से उपयोगी साबित हो रहा है, जिन्हें बड़े शहरों या इसरो केंद्रों तक पहुंचने का अवसर नहीं मिल पाता।

 जशपुर में “स्पेस ऑन व्हील्स” का आगमन  युवाओं के सपनों को नई दिशा देने वाला अभियान बनकर उभरा है, जो भविष्य में जिले को विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।a

अबूझमाड़ की दुर्गम पहाड़ियों काे लांघकर पहली बार राशन पहुँचा हितुल

अबूझमाड़ की दुर्गम पहाड़ियों काे लांघकर पहली बार राशन पहुँचा हितुल

 नारायणपुर। बस्तर के अबूझमाड़ की दुर्गम पहाड़ियों और घने जंगलों के बीच ओरछा विकासखंड के थुलथुली पंचायत का आश्रित ग्राम हितुल लंबे समय से बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहा था। सबसे बड़ी चुनौती थी, सार्वजनिक वितरण प्रणाली का लाभ ग्रामीणाें तक पहुँचाना। ग्रामीणों को राशन के लिए ओरछा तक दुर्गम रास्तों से होकर जाना पड़ता था, जो बुजुर्गों और महिलाओं के लिए किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं था। नारायणपुर कलेक्टर नम्रता जैन की विशेष पहल पर प्रशासन ने इस बाधा को पार कर दिखाया। पहली बार दुर्गम रास्तों को बनाते हुए ट्रैक्टरों के माध्यम से राशन सीधे गांव तक पहुंचाया गया। गांव में ही आयोजित 'चावल उत्सव' के दौरान जब राशन का वितरण शुरू हुआ, तो ग्रामीणों के चेहरों पर संतोष और खुशी की लहर दौड़ गई।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के 'सुशासन' और जिला प्रशासन की संवेदनशीलता के फलस्वरूप, अब हितुल के ग्रामीणों को चांवल के लिए 30 किलोमीटर का जोखिम भरा पैदल सफर नहीं करना होगा।गांव के 271 राशन कार्डधारी परिवारों को अब गांव में ही खाद्यान्न मिलेगा। इससे 30 किमी. पैदल चलने की मजबूरी और समय की बर्बादी पूरी तरह खत्म हो गई है।

जिला खाद्य अधिकारी अलाउद्दीन खान ने बताया कि प्रशासन का लक्ष्य केवल राशन पहुंचाना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है, कि भौगोलिक चुनौतियां विकास के रास्ते में बाधा न बनें। हितुल में राशन की यह 'दस्तक' इस बात का प्रमाण है कि अबूझमाड़ अब मुख्यधारा से जुड़ने के लिए तैयार है।

 गांव के बीच खड़ी दो ट्रकों में लगाई आग, पुलिस जांच में जुटी

गांव के बीच खड़ी दो ट्रकों में लगाई आग, पुलिस जांच में जुटी

 बालोद। बालोद थाना क्षेत्र के ग्राम भोईनापार में देर रात अज्ञात बदमाशों ने कलामंच के सामने खड़ी दो ट्रकों को आग के हवाले कर दिया। आग लगते ही इलाके में हड़कंप मच गया और ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। देखते ही देखते दोनों ट्रकों के केबिन, इंजन और कई कीमती सामान जलकर राख हो गए।

सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना के पीछे की वजह और आरोपियों की तलाश जारी है।

संस्कृति विभाग द्वारा लोक कलाकारों को संबल देने मुख्यमंत्री लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना 2026 हेतु आवेदन आमंत्रित

संस्कृति विभाग द्वारा लोक कलाकारों को संबल देने मुख्यमंत्री लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना 2026 हेतु आवेदन आमंत्रित

 00 पारंपरिक कला-संस्कृति के संरक्षण के साथ कलाकारों को मिलेगा आर्थिक सहयोग, 15 मई तक कर सकते हैं आवेदन

रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के संस्कृति विभाग द्वारा राज्य की समृद्ध लोक कला एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित और प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से “मुख्यमंत्री लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना 2026” के अंतर्गत प्रदेशभर के लोक कलाकारों से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इस योजना के माध्यम से लोकनृत्य, लोकगायन, लोकनाट्य, छत्तीसगढ़ी गीतकार, वाद्ययंत्र वादक, शिल्प कलाकार, पारंपरिक पाक कला एवं सौंदर्यकला से जुड़े कलाकारों को आर्थिक सहायता प्रदान कर उन्हें सम्मानित करने की पहल की गई है, ताकि वे अपनी कला को निरंतर आगे बढ़ा सकें और सांस्कृतिक परंपराएं जीवंत बनी रहें।

संस्कृति विभाग द्वारा लोक कलाकारों को संबल देने “मुख्यमंत्री लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना 2026” हेतु आवेदन आमंत्रित


योजना के तहत चयनित कलाकारों को प्रतिवर्ष न्यूनतम 12 हजार रुपये से लेकर अधिकतम 24 हजार रुपये तक की प्रोत्साहन राशि ई-पेमेंट के माध्यम से दी जाएगी। इस योजना का लाभ उन्हीं कलाकारों को मिलेगा जिनकी सभी स्रोतों से वार्षिक आय 96 हजार रुपये से अधिक नहीं है। साथ ही, चयनित कलाकारों को एक वित्तीय वर्ष में केवल एक बार यह प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी और आगामी दो वर्षों तक वे पुनः इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
आवेदन के लिए कलाकारों को निर्धारित प्रारूप में अपनी पूरी जानकारी देना अनिवार्य है, जिसमें नाम, कला विधा, पता, जिला, मोबाइल नंबर, चिन्हारी पोर्टल का पंजीयन क्रमांक, अनुभव के वर्ष तथा उपलब्धियों का विस्तृत विवरण (प्रमाण पत्र, फोटो, वीडियो आदि सहित) शामिल है। इसके साथ ही चिन्हारी पोर्टल में पंजीयन अनिवार्य रखा गया है।
इच्छुक कलाकार निर्धारित प्रारूप में आवेदन भरकर पंजीकृत डाक के माध्यम से भेज सकते हैं। आवेदन पत्र भेजने की अंतिम तिथि 15 मई 2026 निर्धारित की गई है। आवेदन पत्र के लिफाफे पर “मुख्यमंत्री लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना 2026” अंकित करना अनिवार्य होगा। योजना से संबंधित अधिक जानकारी विभागीय वेबसाइट 
www.cgculture.in पर भी प्राप्त की जा सकती है।
इस योजना के माध्यम से संस्कृति विभाग, छत्तीसगढ़ शासन न केवल लोक कलाकारों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का कार्य कर रहा है, बल्कि प्रदेश की समृद्ध लोक परंपराओं को संरक्षित और संवर्धित करने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम उठा रहा है।

छत्तीसगढ़ चेंबर ने ट्रांसपोर्ट चेम्बर का किया विस्तार, नई कार्यकारिणी सूची जारी

छत्तीसगढ़ चेंबर ने ट्रांसपोर्ट चेम्बर का किया विस्तार, नई कार्यकारिणी सूची जारी

 रायपुर। छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड़ इंडस्ट्रीज के प्रदेश अध्यक्ष सतीश थौरानी ने बताया कि चेम्बर के कार्य में सहयोग करने एवं गतिशील बनाने के लिये चेम्बर में पदाधिकारियों का विस्तार करते हुए ट्रांसपोर्ट चेम्बर का गठन कर श्री हरचरण सिंह साहनी को अध्यक्ष मनोनीत किया गया है। तत्पश्चात ट्रांसपोर्ट चेम्बर का विस्तार करते हुए महामंत्री, कोषाध्यक्ष,कार्यकारी अध्यक्ष, प्रमुख सलाहकार, उपाध्यक्ष, मंत्री एवं कार्यकारिणी सदस्य पदों पर मनोनयन किया गया है।

महामंत्री - सुखदेव सिंह सिद्धू
कोषाध्यक्ष - दिवाकर अवस्थी
कार्यकारी अध्यक्ष - गुरजीत सिंह संधू , रणजीत सिंह वालिया
प्रमुख सलाहकार - जसबीर सिंह ढिल्लन, (ज्ञानी) बलजिंदर सिंह, श्रवण कुमार बिश्नोई।

उपाध्यक्ष - स्वरूप चोपड़़ा, दलविंदर सिंह ढिल्लन, रज्जू भाई मेमन, बनारसी पांडेय, आसिफ मेमन, अमरीक सिंह (सी.जी.आर.), जगदीश प्रसाद गुप्ता, विनीत तिवारी, सुनील वरडिय़ा, जसविंदर सिंह संधू, प्रभनाथ बैठा, भिलाई एवं रमाकांत साहू।
मंत्री - हरिशंकर मिश्रा, हरनीत सिंह संधू (रिम्पल), नीरज बंसल, सैयद आसिफ अली, पवन अग्रवाल, बलवीर सिंह, रोशन शर्मा, याकूब मोकाती एवं मुरारी अग्रवाल।

कार्यकारिणी सदस्य - रूपक चंद्रवंशी, पिन्टू सिंह, उत्तम जायसवाल, रणजोत सिंह गिल, गुरविंदर सिंह, संधावालिया, रोहित कुक्षत्री, जगमिंदर सिंह बल, मनप्रीत सिंह संधावालिया, उमेश वर्मा।
प्रदेश अध्यक्ष सतीश थौरानी ने उपरोक्त मनोनीत पदाधिकारियों को बधाई देते हुए यह उम्मीद की है कि सभी पदाधिकारी प्रदेश के व्यापार एवं उद्योग के हित में कार्य करते हुए छत्तीसगढ़ चेम्बर को एक नयी ऊचांईयों पर लेकर जायेंगे।

इस गांव का सरपंच रिश्वत लेते गिरफ्तार, ACB की टीम ने ऐसे दबोचा, निर्माण कार्य की एनओसी के लिए ले रहा था घूस

इस गांव का सरपंच रिश्वत लेते गिरफ्तार, ACB की टीम ने ऐसे दबोचा, निर्माण कार्य की एनओसी के लिए ले रहा था घूस

 महासमुंद। जिले से इस वक्त की बड़ी खबर एसीबी की टीम ने रिश्वत लेते हुए एक सरपंच को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि जमीन पर निर्माण कार्य की एनओसी देने के नाम पर लाखों रुपये की मांग की गई थी। फिलहाल आरोपी सरपंच को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।

मामला महासमुंद जिले के ग्राम पंचायत बेमचा का है, जहां वर्तमान सरपंच देवेन्द्र चंद्राकर पर आबादी भूमि में निर्माण कार्य के लिए एनओसी देने के एवज में 4 लाख रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगा।

शिकायतकर्ता सूरज राम रात्रे ने एंटी करप्शन ब्यूरो रायपुर में इसकी शिकायत की थी। शिकायत में बताया गया कि उनकी पत्नी के आधिपत्य वाली जमीन पर पहले एनओसी जारी हो चुकी थी, लेकिन वर्तमान सरपंच ने अनुमति निरस्त कर दी और दोबारा अनुमति देने के बदले रकम मांगी। 

एसीबी ने शिकायत का सत्यापन कराया, जिसमें मामला सही पाया गया। जांच के दौरान मोलभाव के बाद आरोपी 3 लाख 80 हजार रुपये लेने पर राजी हुआ। बताया जा रहा है कि 50 हजार रुपये वह पहले ही एडवांस के तौर पर ले चुका था। 

आज एसीबी टीम ने जाल बिछाया और शिकायतकर्ता से अगली किश्त के रूप में 1 लाख रुपये लेते समय सरपंच देवेन्द्र चंद्राकर को रंगे हाथ पकड़ लिया। कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

महासमुंद में एसीबी की इस बड़ी कार्रवाई से पंचायत व्यवस्था में भ्रष्टाचार पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है। आगे क्या खुलासे होते हैं, इस पर नजर बनी रहेगी।

बस्तर में अप्रैल महीने की गर्मी से इंद्रावती नदी सहित नदी-नालों का जलस्तर घटा

बस्तर में अप्रैल महीने की गर्मी से इंद्रावती नदी सहित नदी-नालों का जलस्तर घटा

 जगदलपुर। बस्तर जिले में अप्रैल महीने में ही भीषण गर्मी का असर दिखाई देने लगा है। यहां का तापमान लगभग 38 डिग्री के आस-पास पहुंचने से इंद्रावती नदी समेत कई नदी-नालों का जलस्तर घट गया है। बस्तर के सुप्रसिद्ध पर्यटन स्थल चित्रकोट और तीरथगढ़ जलप्रपात में भी पानी की एक-दो धार बह रही है। इसका असर न केवल पर्यटन पर दिख रहा है, बल्कि पर्यावरण और जनजीवन पर भी पडऩे लगा है। जहां आम दिनों में पर्यटकों की भीड़ रहती थी, वहां अब सन्नाटा पसरा हुआ है। चित्रकोट इलाके के रामजीत बघेल कहते हैं कि जलप्रपात में पानी होने के कारण पर्यटन भी प्रभावित हुआ है, पर्यटन के कारण सैकड़ों लोगों की दाल-रोटी चलती थी, वह अब नही के बराबर हो चुकी है।


बस्तर की जीवनदायिनी कही जाने वाली इंद्रावती नदी का भी जलस्त्रोत कम हो रहा है। इसी नदी पर चित्रकोट वाटरफॉल बना है। अभी अप्रैल का महीना भी खत्म नहीं हुआ और पारा चढऩे लगा है। भीषण गर्मी की वजह से इंद्रावती नदी का पानी कम होने लगा है, जिससे एशिया का नियाग्रा कहे जाने वाले चित्रकोट जलप्रपात में भी एक पतली धार में पानी नीचे गिर रहा है। दंडकारण्य के घने जंगलों और गहरी नदी घाटियों से घिरे बस्तर के पठारी भूभाग में स्थित चित्रकोट जलप्रपात लंबे समय से मध्य भारत के सबसे प्रभावशाली प्राकृतिक दृश्यों में गिना जाता रहा है। लगभग 90 फीट ऊंची घोड़े की नाल जैसी अर्धवृत्ताकार चट्टान से गिरती जलधारा, मानसून के महीनों में कई सौ मीटर चौड़ी हो जाती है और दूर से देखने पर यह एक विशाल दूधिया परदे की तरह दिखाई देती है। यह जलप्रपात जिस इंद्रावती नदी पर स्थित है, वह पूर्वी घाट की पहाडिय़ों से निकलकर लगभग 535 किलोमीटर की यात्रा के बाद दक्षिण की ओर बहते हुए गोदावरी नदी में मिलती है।

जांजगीर कोतवाली में हंगामा: नशे में युवक ने लॉकअप में पिया अज्ञात द्रव्य , इलाज से किया इनकार

जांजगीर कोतवाली में हंगामा: नशे में युवक ने लॉकअप में पिया अज्ञात द्रव्य , इलाज से किया इनकार

 जांजगीर। जिले के कोतवाली थाना परिसर में गुरुवार देर रात एक अजीबोगरीब और चिंताजनक घटना सामने आई, जब एक व्यक्ति ने नशे की हालत में थाना पहुंचकर हंगामा किया और बाद में लॉकअप में घुसकर अज्ञात द्रव्य का सेवन कर लिया। पूरी घटना थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 16 अप्रैल 2026 की रात करीब 10:30 बजे गोपाल शर्मा (पिता स्व. रामेश्वर प्रसाद शर्मा), निवासी जांजगीर, शराब के नशे में थाना कोतवाली पहुंचा। कुछ देर तक थाने में बैठने के बाद वह अचानक थाना प्रभारी के नाम पर गाली-गलौज करने लगा। मौके पर मौजूद पुलिस स्टाफ ने उसे समझाने और शांत कराने की कोशिश की, लेकिन वह विवाद करने पर उतारू हो गया।

इसी दौरान गोपाल शर्मा अचानक थाना परिसर के लॉकअप में घुस गया और अपने साथ लाई प्लास्टिक की बोतल में रखे अज्ञात द्रव्य को पी लिया। घटना को देखते ही पुलिस स्टाफ तुरंत लॉकअप के अंदर पहुंचा, जहां गोपाल शर्मा फर्श पर गिर गया। पुलिसकर्मियों ने तत्काल उसे उठाकर बाहर निकाला और उपचार के लिए जिला चिकित्सालय जांजगीर ले जाया गया।

अस्पताल पहुंचने के बाद भी गोपाल शर्मा ने इलाज कराने से साफ इनकार कर दिया और वहां भी व्यवधान उत्पन्न करता रहा। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने उसके परिजनों को सूचना दी। उसकी पत्नी और बेटे आर्यन शर्मा से फोन पर बात कराई गई, लेकिन इसके बावजूद वह इलाज के लिए तैयार नहीं हुआ।

मौके पर पुलिस अधिकारियों, चिकित्सकों और पत्रकारों की मौजूदगी में उसे समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन उसने उपचार नहीं करवाया। बाद में उसके बेटे आर्यन शर्मा के अस्पताल पहुंचने पर उसे बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर रेफर किया गया।

पुलिस के अनुसार, पूरी घटना थाने के सीसीटीवी कैमरे में कैद है और आगे की कार्रवाई की जा रही है। घटना के बाद इलाके में चर्चा का माहौल है।

शहर से लगे दो गांवों के निस्तारी तालाब में पानी संकट

शहर से लगे दो गांवों के निस्तारी तालाब में पानी संकट

 धमतरी। शहर से लगे ग्राम रत्नाबांधा और मुजगहन के मुख्य निस्तारी तालाब में इन दिनों पानी की भारी कमी देखने को मिल रही है, जिससे ग्रामीणों और मवेशी पालकों की परेशानियां बढ़ गई हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जनपद सदस्य कीर्तन मीनपाल ने सिंचाई विभाग से नहर के माध्यम से तालाब को शीघ्र भरवाने की मांग की है।

रत्नाबांधा तालाब क्षेत्र के प्रमुख जलस्रोतों में से एक है, जहां न केवल रत्नाबांधा और मुजगहन के ग्रामीण अपनी दैनिक निस्तारी करते हैं, बल्कि शहर के विवेकानंद वार्ड के लोग भी इस तालाब पर निर्भर हैं। ऐसे में तालाब का जलस्तर गिरना सीधे तौर पर बड़ी आबादी को प्रभावित कर रहा है।

जनपद सदस्य कीर्तन मीनपाल ने बताया कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण तालाब का जलस्तर तेजी से घटा है। अभी गर्मी का पूरा मौसम बाकी है, ऐसे में यदि समय रहते तालाब को नहीं भरा गया तो जल संकट और गहराने की आशंका है। उन्होंने चेतावनी दी कि इसका असर न केवल लोगों की दैनिक जरूरतों पर पड़ेगा, बल्कि मवेशियों के लिए भी पानी की समस्या खड़ी हो जाएगी। ग्रामीणों ने भी इस समस्या को लेकर चिंता जताई है। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों की मांग है कि प्रशासन जल्द पहल करते हुए नहर के माध्यम से तालाब में पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करे, साथ ही सफाई, संरक्षण और सुंदरीकरण के कार्य भी प्राथमिकता से कराए, ताकि आने वाले समय में इस तरह की समस्या से बचा जा सके।

ग्रामीणों ने कहा तालाब की हो सफाई, किया जाए सुंदरीकरण

ग्रामीण चंदन साहू ने कहा कि तालाब की नियमित सफाई नहीं होने से उसमें गंदगी फैल गई है, जिससे पानी की गुणवत्ता भी प्रभावित हो रही है। वहीं रतन कुमार साहू ने तालाब के संरक्षण के लिए बाउंड्री वॉल निर्माण की आवश्यकता बताई, ताकि बाहरी गंदगी और अतिक्रमण को रोका जा सके। पंडित राजकुमार तिवारी ने बताया कि तालाब सामाजिक और पारिवारिक आयोजनों का भी प्रमुख स्थल है, इसलिए इसकी साफ-सफाई और रखरखाव पर विशेष ध्यान देना जरूरी है। ग्रामीण सेवाराम साहू ने भी बाउंड्री वॉल निर्माण और तालाब के सुंदरीकरण की मांग करते हुए कहा कि इससे न केवल तालाब सुरक्षित रहेगा, बल्कि आसपास का वातावरण भी स्वच्छ और आकर्षक बनेगा।

धमतरी : रील-फोटोग्राफी प्रतियोगिता 24 अप्रैल तक

धमतरी : रील-फोटोग्राफी प्रतियोगिता 24 अप्रैल तक

 धमतरी। प्राकृतिक सुंदरता और समृद्ध पर्यटन स्थलों से भरपूर धमतरी जिले को अब एक नया डिजिटल मंच मिलने जा रहा है। जिला प्रशासन द्वारा “धमतरी जिले के पर्यटन क्षेत्र/स्थल” विषय पर आधारित रील एवं फोटोग्राफी प्रतियोगिता का आयोजन आज शुक्रवार 17 अप्रैल से 24 अप्रैल तक किया जा रहा है। इस अनोखी पहल के जरिए जिले की खूबसूरती को देश-दुनिया तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।

प्रतियोगिता में जिले के युवा, फोटोग्राफी के शौकीन और आम नागरिक भाग ले सकेंगे। प्रतिभागियों को धमतरी के प्रमुख और रमणीय स्थलों—गंगरेल बांध, रुद्री, सिहावा क्षेत्र, घने जंगलों और मनमोहक झरनों—की आकर्षक फोटो या रील तैयार कर भेजनी होगी। चयनित प्रविष्टियों को “Yuva Fest” के आधिकारिक इंस्टाग्राम प्लेटफॉर्म पर साझा किया जाएगा, जिससे प्रतिभागियों को व्यापक पहचान मिलने का अवसर मिलेगा।

इस प्रतियोगिता की खास बात यह है कि विजेताओं का चयन पारंपरिक जजमेंट के बजाय सोशल मीडिया के जरिए किया जाएगा। जिन प्रतिभागियों की फोटो या रील को सबसे ज्यादा लाइक और कमेंट मिलेंगे, उन्हें विजेता घोषित किया जाएगा। विजेताओं को आकर्षक पुरस्कारों से सम्मानित किया जाएगा, जिससे युवाओं में रचनात्मकता और प्रतिस्पर्धा की भावना को नया प्रोत्साहन मिलेगा। प्रतिभागियों को अपनी प्रविष्टियां व्हाट्सएप नंबर +91 6268 520 889 पर भेजनी होंगी।

प्रशासन ने जिलेवासियों से अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने की अपील की है, ताकि धमतरी की प्राकृतिक धरोहर और पर्यटन संभावनाओं को नई पहचान मिल सके। जिला प्रशासन का मानना है कि इस तरह की रचनात्मक प्रतियोगिताएं युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देती हैं, साथ ही जिले की सकारात्मक छवि निर्माण में भी अहम भूमिका निभाती हैं। यह पहल धमतरी को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर स्थापित करने और पर्यटन के क्षेत्र में नई संभावनाएं खोलने की दिशा में एक सार्थक कदम साबित हो सकती है।

माँ काली जनकल्याण  मंदिर समिति द्वारा बंगाली नववर्ष मनाया गया

माँ काली जनकल्याण मंदिर समिति द्वारा बंगाली नववर्ष मनाया गया

रायपुर  :- स्थानीय डब्लूआरएस स्थित मां काली मंदिर में लगभग 500 से अधिक परिवारों ने काली माँ की पूजा अर्चनाकर नव वर्ष का स्वागत किया इस अवसर पर विभिन्न  सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं प्रसाद वितरण की व्यवस्था की गई समिति के अध्यक्ष डॉ देवाशीष मुखर्जी ने कहा कि यह मंदिर 1964 में निर्मित हुई थी जिसे तात्कालिक कर्मचारियों ने अल्प संसाधन के बावजूद एक वृहद काली मंदिर बनाया जिससे कि इस क्षेत्र के सभी भक्तजन मां काली का आशीर्वाद प्राप्त कर सके एवं बांग्ला संस्कृति के साथ रूबरू हो सके इन्हीं उद्देश्यों के साथ समिति का निर्माण किया गया वर्तमान में यह समिति सामुदायिक भवन के माध्यम से सभी समाज के रीति रिवाज निभाने का एक बड़ा केंद्र बन चुका है भविष्य में स्कूल एवं स्वास्थ्य गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक निर्माण एवं कार्य किया जा रहे हैं आज के कार्यक्रम में प्रमुख रूप से सोमेन चटर्जी, संजय आचार्य,  उमेश,पीयूष, रिंटू, संजय सिंह,किशोर, विनायक,किशनइंदु व बड़ी संख्या में भक्तगण उपस्थितहै 

CG Accident :- NH-30 पर भीषण हादसा: ट्रक और माजदा की टक्कर में 2 मजदूरों की मौत, कई घायल

CG Accident :- NH-30 पर भीषण हादसा: ट्रक और माजदा की टक्कर में 2 मजदूरों की मौत, कई घायल

 कोंडागांव।छत्तीसगढ़ के कोंडगांव जिले में भीषण सड़क हादसा हो गया है, यहां फरसगांव के पास NH-30 स्थित चिचाड़ी पुल के पास एक तेज रफ़्तार ट्रक और माजदा वाहन के बीच जोरदार टक्कर हो गई, हादसे में दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि 3 घायल बताए जा रहें है।

 

जानकारी के अनुसार, हादसे के वक्त माजदा में सवार 5 से ज्यादा मजदूर बुरी तरह फंस गए। इनमें से 2 मजदूरों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 3 मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घायलों को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फरसगांव में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है। मौके पर पहुंची फरसगांव पुलिस और स्थानीय लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद वाहन में फंसे मजदूरों और शवों को बाहर निकाला। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतकों की शिनाख्त की जा रही है।
CG Weather :- छत्तीसगढ़ में गर्मी का कहर! 19 अप्रैल तक हीटवेव अलर्ट, रायपुर समेत कई जिले तपेंगे

CG Weather :- छत्तीसगढ़ में गर्मी का कहर! 19 अप्रैल तक हीटवेव अलर्ट, रायपुर समेत कई जिले तपेंगे

 रायपुर।  छत्तीसगढ़ में गर्मी ने अब तेज तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। गुरुवार को प्रदेश के अधिकतम तापमान में 2 डिग्री तक बढ़ोतरी दर्ज की गई और आने वाले दिनों में पारा 3 डिग्री तक और बढ़ सकता है। मौसम विभाग ने 19 अप्रैल तक बिलासपुर, रायपुर और दुर्ग संभाग के जिलों में ग्रीष्म लहर यानी हीटवेव चलने की चेतावनी जारी की है।

पिछले 24 घंटों में प्रदेश का मौसम शुष्क रहा, जबकि राजनांदगांव सबसे गर्म जिला रहा जहां अधिकतम तापमान 43.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 19.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा के अनुसार अलग-अलग मौसम प्रणालियों के असर से फिलहाल प्रदेश में मौसम शुष्क बना रहेगा और तापमान में हल्की बढ़ोतरी जारी रह सकती है।

मध्य क्षेत्र के एक-दो हिस्सों में हीटवेव की स्थिति बन सकती है, जबकि बस्तर संभाग के कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की गतिविधियां संभव हैं। राजधानी रायपुर में शुक्रवार को मौसम शुष्क रहेगा और गर्म हवाएं चल सकती हैं। यहां अधिकतम तापमान 43 डिग्री और न्यूनतम 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है, जिससे दिन के साथ रात में भी गर्मी का असर महसूस होगा।
कुकदा की बेटी ने बढ़ाया मान, CBSE 10वीं में 98.2% लाकर जिले को किया गौरवान्वित

कुकदा की बेटी ने बढ़ाया मान, CBSE 10वीं में 98.2% लाकर जिले को किया गौरवान्वित

 जांजगीर-चांपा।  जांजगीर-चांपा जिले से एक बेहद गर्व की खबर सामने आई है। शिवरीनारायण तहसील के छोटे से गांव कुकदा की बेटी सोनल साहू ने CBSE 10वीं बोर्ड परीक्षा में शानदार 98 दशमलव 2 प्रतिशत अंक हासिल कर पूरे जिले का नाम रोशन कर दिया है।

सनल, पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय जांजगीर की छात्रा हैं और बचपन से ही पढ़ाई में अव्वल रही हैं। उनके पिता कौशल प्रसाद साहू और माता कविता साहू दोनों ही शिक्षक हैं, जिनसे उन्हें शिक्षा के संस्कार विरासत में मिले।
सोनल की इस शानदार सफलता से गांव में खुशी और जश्न का माहौल है। सोनल ने अपनी उपलब्धि का श्रेय अपने माता-पिता और गुरुजनों को दिया है।
हम भी सोनल के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हैं।

बेमेतरा में नए आरक्षकों को मिला नियुक्ति पत्र

बेमेतरा में नए आरक्षकों को मिला नियुक्ति पत्र

 बेमेतरा। पुलिस उप महानिरीक्षक रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) के द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय बेमेतरा में छत्तीसगढ़ जिला पुलिस बल आरक्षक संवर्ग 2023-24 आरक्षक भर्ती के अंतर्गत दुर्ग रेंज में बेमेतरा जिले के रिक्त आरक्षक (जी.डी.) पद के लिए चयनित नवनियुक्त आरक्षकों के दस्तावेजों एवं चरित्र सत्यापन उपरांत उन्हें नियुक्ति पत्र प्रदान कर बधाई एवं शुभकामनाएं दी गईं। इस अवसर पर 03 नवनियुक्त आरक्षकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया जिनमें देवेन्द्र जंघेल, खेमसिंह राजपूत, अविनाश शामिल है।

इस दौरान पुलिस उप महानिरीक्षक श्री रामकृष्ण साहू ने चयनित नवनियुक्त आरक्षकों को पूरी ईमानदारी, अनुशासन एवं निष्ठा के साथ आम जनता की सेवा करने हेतु प्रेरित किया तथा कानून व्यवस्था बनाए रखने में सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया। उन्होंने नवनियुक्त आरक्षकों को सेवा, अनुशासन, समर्पण एवं कर्तव्यनिष्ठा के साथ कार्य करने का संदेश देते हुए पुलिस सेवा के उद्देश्य के संबंध में मार्गदर्शन प्रदान किया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश कुमार यादव, जेल अधीक्षक राहुल पांडेय, स्टेनो संतोष सोनवानी, सउनि (अ) महेन्द्र भूआर्य, आरक्षक अमरदीप लहरे, प्रवीण ठाकुर सहित पुलिस कार्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

वेदांता प्लांट हादसे में कंपनी के चेयरमेन अनिल अग्रवाल समेत 10 पर एफआईआर दर्ज

वेदांता प्लांट हादसे में कंपनी के चेयरमेन अनिल अग्रवाल समेत 10 पर एफआईआर दर्ज

 जांजगीर चंपा। सक्ती जिले में स्थित वेदांता लिमिटेड के पावर प्लांट में हुआ भीषण बॉयलर हादसा अब कानूनी और प्रशासनिक कार्रवाई के केंद्र में आ गया है। इस दर्दनाक घटना में अब तक 20 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि 36 लोग गंभीर रूप से झुलस गए। इनमें से 16 घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज जारी है। मृतकों में छत्तीसगढ़ के अलावा उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के श्रमिक शामिल हैं, जो रोज़ी-रोटी के लिए यहां काम कर रहे थे। घटना के बाद पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए डभरा थाने में कंपनी प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। इस एफआईआर में कंपनी के चेयरमैन अनिल अग्रवाल, प्लांट हेड देवेंद्र पटेल सहित 8 से 10 लोगों को आरोपी बनाया गया है।

सक्ती के पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर के अनुसार, शुरुआती जांच में प्रबंधन की गंभीर लापरवाही सामने आई है, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई। औद्योगिक सुरक्षा विभाग की जांच में सामने आया कि बॉयलर फर्नेस के अंदर अत्यधिक मात्रा में फ्यूल जमा हो गया था, जिससे अचानक अत्यधिक दबाव बना। यह दबाव 1 से 2 सेकेंड के भीतर खतरनाक स्तर तक पहुंच गया, जिससे बॉयलर के निचले हिस्से का पाइप अपनी स्थिति से हट गया और विस्फोट हो गया। 14 अप्रैल को दोपहर 2:33 बजे यह हादसा हुआ, जब 2028 टीपीएच क्षमता वाले वाटर ट्यूब बॉयलर में अचानक प्रेशर बढ़ा। इतनी तेज़ी से दबाव बढ़ा कि सिस्टम को बंद करने या किसी भी आपात नियंत्रण का समय ही नहीं मिला। परिणामस्वरूप अंदर विस्फोट हुआ और बाहरी पाइपलाइन भी इसकी चपेट में आ गई।

नक्सलमुक्त क्षेत्रों में विकास कार्य को गति देने प्रशासन कर रही है प्रयास - कलेक्टर

नक्सलमुक्त क्षेत्रों में विकास कार्य को गति देने प्रशासन कर रही है प्रयास - कलेक्टर

 जगदलपुर। बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा विकासखंड के सुदूर अंचल स्थित पॉवेल गांव में कलेक्टर आकाश छिकारा ने गुरुवार को चैपाल लगाकर ग्रामीणों के साथ संवाद किया। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में स्थित इस गांव तक पहुंचने के लिए कलेक्टर श्री छिकारा, पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा, जिला पंचायत सीईओ प्रतीक जैन ने दंतेवाड़ा जिले के बारसूर होकर पहुंचे। चौपाल के दौरान कलेक्टर ने ग्रामीणों से सीधे संवाद करते हुए कहा कि शासन-प्रशासन की प्राथमिकता में पूरा बस्तर संभाग है, नक्सलमुक्त क्षेत्रों में विकास कार्य को गति देने के लिए प्रशासन हरसंभव प्रयास कर रही है। उन्होंने ग्रामीणों से स्वस्थ बस्तर अभियान का क्रियान्वयन में आवश्यक सहयोग कर योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया।

कलेक्टर ने आगामी तीन माह के राशन की व्यवस्था गांव में करवाने के निर्देश दिए। आगामी दिनों में राशन सामग्री वितरण के लिए शासकीय राशन दुकान हेतु भवन निर्माण की स्वीकृति दी ताकि उसी से हितग्राहियों को गांव में राशन सामग्री उपलब्ध हो। उन्होंने ग्रामीणों को वन अधिकार पट्टा, आयुष्मान कार्ड, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, महतारी वंदन योजना और मातृ वंदन योजना सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं की जानकारी दी। इसके साथ ही पशुपालन और मत्स्यपालन विभाग की योजनाओं से लाभ लेने के लिए ग्रामीणों को प्रेरित किया गया। इसके साथ ही राशन कार्ड में नाम जुड़वाने के लिए, आधार कार्ड निर्माण, सामाजिक पेंशन की स्थिति, महतारी वंदन योजना, मातृत्व वंदन योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्राथमिक शाला में मध्यान्ह भोजन की व्यवस्था, प्रधानमंत्री आवास योजना, बैंकिंग सुविधा, मनरेगा जॉब कार्ड की स्थिति, स्वच्छ भारत अभियान के तहत शौचालय बनाने, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली।

पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा ने कहा कि पूर्व में असामाजिक तत्वों के कारण विकास से दूर रहे क्षेत्रों में प्रशासन की पहुंच ही विकास को बढ़ावा दे रही है। गांव के युवाओं को पूरी शिक्षा दिलवायें ताकि युवा अपने भविष्य को बेहतर कर सकें। पुलिस से किसी प्रकार की सहायता की आवश्यकता हो तो नजदीकी थाने में जाकर संपर्क कर सकते हैं। पुलिस विभाग ने पुलिस भर्ती के प्रशिक्षण की व्यवस्था बनाई है। युवा जो रोजगार की तलाश में हैं वे इसका लाभ ले सकते हैं ।

स अवसर पर अधिकारियों ने 56 नए राशन कार्ड, आधार कार्ड और वन अधिकार मान्यता पत्र का वितरण किया। साथ ही बच्चों को चॉकलेट, बिस्किट, टिफिन बॉक्स और पानी की बोतल वितरित की। पॉवेल चैपाल में सहायक कलेक्टर विपिन दुबे, लोहंडीगुड़ा एसडीएम नीतीश वर्मा, तहसीलदार कैलाश पोयाम, जनपद सीईओ धनेश्वर पांडेय सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

RAIPUR :- नवभारत चौक कंकाली पारा में ट्रांसफार्मर में लगी आग, इलाके में मची अफरा-तफरी

RAIPUR :- नवभारत चौक कंकाली पारा में ट्रांसफार्मर में लगी आग, इलाके में मची अफरा-तफरी

  रायपुर।  के नवभारत चौक स्थित कंकाली पारा इलाके में ट्रांसफार्मर में अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। आग लगते ही आसपास के लोगों में दहशत फैल गई और बड़ी संख्या में लोग घरों से बाहर निकल आए।

सूचना मिलते ही बिजली विभाग और दमकल टीम मौके पर पहुंची। समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।

घटना के बाद इलाके की बिजली आपूर्ति कुछ समय के लिए प्रभावित रही। शुरुआती आशंका शॉर्ट सर्किट की बताई जा रही है।

वेदांता प्लांट हादसा; कैबिनेट मंत्री देवांगन ने घायलों का जाना हालचाल, बेहतर उपचार के दिए निर्देश

वेदांता प्लांट हादसा; कैबिनेट मंत्री देवांगन ने घायलों का जाना हालचाल, बेहतर उपचार के दिए निर्देश

 रायपुर :- छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्य उद्योग, श्रम,आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम विभाग के कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन ने आज गुरुवार को रायगढ़ जिले के शासकीय एवं निजी अस्पतालों का दौरा कर सिंघीतराई वेदांता प्लांट हादसे में घायल श्रमिकों का हालचाल जाना तथा उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को निर्देशित किया कि सभी घायलों को सर्वोत्तम एवं समुचित उपचार उपलब्ध कराया जाए। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी स्थिति की जानकारी भी ली। उपचार-रत श्रमिकों ने मिल रहे उपचार के प्रति संतोष व्यक्त किया। मंत्री देवांगन आज रायगढ़ जिले के एक दिवसीय प्रवास पर रहे।

श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने बताया कि ग्राम सिंघीतराई स्थित वेदांता प्लांट में 14 अप्रैल को भीषण हादसा हुआ था, जिसमें कई श्रमिक प्रभावित हुए थे। घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन तत्काल सक्रिय हो गया था। कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक एवं प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू अभियान प्रारंभ किया। घायलों को प्राथमिकता के साथ रायगढ़ के फोर्टिस हॉस्पिटल,मेट्रो, मेडिकल कॉलेज एवं अपेक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, वहीं गंभीर रूप से घायलों को बेहतर उपचार हेतु रायपुर के कालड़ा अस्पताल रिफर किया गया।

मुख्यमंत्री द्वारा भी स्वयं इस घटना गहरी चिंता व्यक्त करते हुए पूरे घटना क्रम की मजिट्रियल जांच के निर्देश दिए है। जांच में जो भी दोषी होंगे उन पर श्रम कानून के तहत कड़ी से कड़ी कार्यवाही की जाएगी।

इस हादसे में कुल 36 श्रमिक प्रभावित हुए हैं, जिनमें से 20 की मृत्यु हो चुकी है, जबकि 16 घायल हैं और उनका उपचार जारी है। मुख्यमंत्री द्वारा मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये तथा घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि की घोषणा की गई है। वहीं प्रधानमंत्री द्वारा मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की अनुग्रह सहायता स्वीकृत की गई है।

इधर, कंपनी प्रबंधन ने प्रभावित परिवारों के साथ खड़े रहने का आश्वासन दिया है। कंपनी द्वारा मृतक श्रमिकों के परिजनों को 35 लाख रुपये की आर्थिक सहायता एवं रोजगार सहयोग, तथा घायलों को 15 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। साथ ही घायलों को पूर्ण स्वस्थ होने तक वेतन जारी रखा जाएगा और काउंसलिंग की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।

CG ASI suspended : शहर के इस थाने में गुंडागर्दी; एएसआई ने फरियादी को जड़े 20 थप्पड़, जानिए फिर क्या हुआ?

CG ASI suspended : शहर के इस थाने में गुंडागर्दी; एएसआई ने फरियादी को जड़े 20 थप्पड़, जानिए फिर क्या हुआ?

  ​बिलासपुर। जिले के रतनपुर थाने से खाकी को शर्मसार करने वाली एक बड़ी खबर सामने आई है। जहाँ इंसाफ की उम्मीद लेकर थाने पहुंचे एक फरियादी के साथ पुलिस के ही एक एएसआई ने न केवल गाली-गलौज की, बल्कि उसकी बेरहमी से पिटाई भी कर दी। एएसआई की इस दबंगई का खामियाजा अब उसे भुगतना पड़ा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी रजनेश सिंह ने कड़ा रुख अपनाते हुए आरोपी एएसआई को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इतना ही नहीं, विभाग ने सख्त संदेश देते हुए आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ उसी थाने में एफआईआर भी दर्ज कर ली है जहाँ वह तैनात था। आइए देखते हैं आखिर क्या था यह पूरा मामला।

​घटना 12 अप्रैल की है, जब रतनपुर के बनियापारा निवासी विनोद जायसवाल अपने एक पुराने केस की जांच रिपोर्ट और प्रगति की जानकारी लेने के लिए थाने पहुंचे थे। दोपहर के वक्त जब उनकी मुलाकात एएसआई दिनेश तिवारी से हुई और उन्होंने अपना पक्ष रखते हुए रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने की बात कही, तो एएसआई अचानक भड़क उठा। आरोप है कि एएसआई दिनेश तिवारी ने अपना मानसिक संतुलन खोते हुए फरियादी विनोद जायसवाल को मां-बहन की भद्दी गालियां दीं और देखते ही देखते उन्हें 15 से 20 थप्पड़ जड़ दिए।

इस दौरान एएसआई ने सरेआम धमकी दी कि वह उसकी ‘नेतागिरी’ निकाल देगा और उसे जेल भिजवा देगा। मारपीट की यह घटना थाने के भीतर मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों के सामने हुई, जिससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवालिया निशान लग गए हैं। पीड़ित का दावा है कि मारपीट इतनी जोरदार थी कि उनके कान सुन्न हो गए हैं और उन्हें सिर में तेज दर्द के साथ सुनने में भी तकलीफ हो रही है।

​इस शर्मनाक घटना की जानकारी जैसे ही थाना प्रभारी प्रशिक्षु आईपीएस अंशिका जैन को मिली, उन्होंने तुरंत इसकी रिपोर्ट वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह को सौंपी। एसएसपी ने मामले को अनुशासनहीनता की पराकाष्ठा मानते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए, जिसके बाद आरोपी एएसआई दिनेश तिवारी को सस्पेंड कर दिया गया। विभागीय सूत्रों की मानें तो एएसआई पर पहले भी लेन-देन के आरोप लगते रहे हैं।

फिलहाल, पीड़ित की शिकायत के आधार पर रतनपुर थाने में ही आरोपी एएसआई के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और एएसपी ग्रामीण मधुलिका सिंह इस पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कर रही हैं। यह कार्रवाई उन पुलिसकर्मियों के लिए एक कड़ा सबक है जो वर्दी के रसूख में जनता के साथ दुर्व्यवहार करते हैं। अब देखना होगा कि जांच के बाद इस मामले में और क्या नए तथ्य सामने आते हैं और दोषी पुलिसकर्मी पर क्या कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाती है। 

 हाथी के हमले से युवक की दर्दनाक मौत, क्षत-विक्षत लाश देख दहशत में लोग

हाथी के हमले से युवक की दर्दनाक मौत, क्षत-विक्षत लाश देख दहशत में लोग

  सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले से दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां जंगली हाथी के हमले में एक युवक की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि हाथी ने युवक को पटककर कुचल दिया, जिससे उसका शव बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गया।

 
मृतक की पहचान 28 वर्षीय केशव के रूप में हुई है, जो कोटबहरा गांव का निवासी था। जानकारी के अनुसार, केशव काम करके वापस अपने घर लौट रहा था, तभी रास्ते में हाथी के हमले का शिकार हो गया। युवक की क्षत विक्षत शव देख ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। यह घटना वन परिक्षेत्र सूरजपुर के कोटबहरा जंगल की बताई जा रही है।गौरतलब है कि इन दिनों वन मंडल सूरजपुर के प्रतापपुर और सूरजपुर वन परिक्षेत्र के सीमावर्ती इलाकों में हाथियों का दल लगातार विचरण कर रहा है, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। प्रशासन ने लोगों से जंगल और हाथियों के मूवमेंट वाले इलाकों में सतर्क रहने की अपील की है।