Bihar Assembly Elections 2025 : चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए अधिसूचना जारी कर दी है। 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। वही नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर है।

Bihar Assembly Elections 2025 : चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए अधिसूचना जारी कर दी है। 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। वही नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर है।

Jammu and Kashmir : भाजपा ने जम्मू-कश्मीर की तीन राज्यसभा सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की है।

दुर्ग। छत्तीसगढ़ में लगातार अपराध का ग्राफ बढ़ते ही जा रहा है। यहां आए दिन चोरी, लूट, मारपीट, हत्या जैसी कई गंभीर वारदातों को अंजाम दिया जा रहा है। पुलिस की सख्ती के बाद भी अपराधी बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। दुर्ग जिले से दिलदहला देने वाला मामला सामने आया है। इधर पत्नी ने सुहाग की सलामती के लिए करवा चौथ का व्रत रखा था। रात भर पति का इंतजार करती रही लेकिन अगले दिन पति की लाश मिली। किसी ने पत्थर से कुचलकर बेरहमी से हत्या कर दी।
मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के मोहलई क्षेत्र का है। मृतक की पहचान शिवपारा दुर्ग निवासी अनिल यादव (35) के रूप में हुई है। अनिल यादव ई-रिक्शा चलाने का काम करता था। साथ ही पुताई का भी काम करता था। अनिल यादव की दो बेटियां हैं। आज सुबह बिजली ऑफिस के सामने अनिल यादव का शव संदिग्ध हालत में मिला। अनिल यादव का शव खून से लथपथ था।
जानकारी के मुताबिक़, शुक्रवार रात अनिल यादव घर से निकला था। लेकिन वापस घर नहीं लौटा। अनिल यादव की पत्नी ने करवा चौथ का व्रत रखा हुआ था। वह व्रत खोलने के लिए पति का इंतज़ार कर रही थी। लेकिन अनिल यादव घर नहीं आया।
इसी बीच बिजली ऑफिस के सामने उसकी लाश मिली। उसके शरीर पर चोट के निशान थे। इसकी सूचना पुलिस को दी गयी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच में जुट गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमोर्टम के लिए भेज दिया है। प्राथमिक जांच के अनुसार, अनिल यादव की हत्या की है। पत्थर से कुचलकर मार डाला।
मामले में पुलिस लोगों से पूछताछ कर रही है। आसपास के लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच कर रही है। फॉरेंसिक टीम भी मौके पर मौजूद है। फिलहाल आगे की कार्रवाई की जा रही है।
आज के दौर में भले ही हर चीज़ डिजिटल हो रही हो - खरीदारी से लेकर बिल पेमेंट तक और ट्रांसफर से लेकर टैक्स भरने तक हर काम स्मार्टफोन की एक क्लिक से हो रहा है - लेकिन भारतीय समाज में नकद लेन-देन का चलन अब भी बरकरार है। कई लोग आज भी बैंकिंग से ज़्यादा भरोसा घर में रखे कैश पर करते हैं। पर क्या ये ठीक है? अक्सर जब इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की रेड या छापेमारी की खबरें आती हैं, तो एक आम नागरिक के मन में ये सवाल उठता है- घर में कितना कैश रखना कानूनन सही है? क्या कोई सीमा तय है? और अगर ज़्यादा कैश हो तो क्या ये जुर्म माना जाएगा? आइए जानते हैं इसका पूरा सच।
क्या घर में कैश रखने की कोई सीमा है?
सबसे पहले स्पष्ट कर दें कि भारत में घर में नकदी रखने की कोई सीधी कानूनी सीमा तय नहीं है। चाहे आप ₹10,000 रखें या ₹10 लाख - अगर वह पैसा आपकी कानूनी और घोषित आय से जुड़ा हुआ है, तो किसी भी तरह की दिक्कत नहीं होगी। इनकम टैक्स विभाग की नज़र केवल इस बात पर होती है कि आप उस रकम का स्रोत साबित कर सकते हैं या नहीं। अगर आप दिखा सकते हैं कि यह पैसा आपकी नौकरी, व्यवसाय, प्रॉपर्टी बिक्री, गिफ्ट, या किसी अन्य वैध ट्रांजैक्शन से आया है, तो आप चाहे जितनी नकदी घर में रखें - कोई रोक नहीं।
असली मुसीबत कहां होती है?
अगर इनकम टैक्स विभाग छापेमारी करता है और आपके पास बड़ी मात्रा में नकदी मिलती है, लेकिन आप उसका स्रोत नहीं बता पाते—तो यह मामला अघोषित आय (Unaccounted Money) में बदल सकता है। ऐसे मामलों में विभाग आपके खिलाफ कार्रवाई कर सकता है, जुर्माना लगा सकता है या टैक्स रिकवरी शुरू कर सकता है। यानी बात कैश रखने की नहीं, बल्कि उसके "सोर्स" की होती है।
किन दस्तावेजों से साबित कर सकते हैं कैश का स्रोत?
अगर आप अपने पास रखी नकदी का हिसाब देना चाहते हैं, तो आपके पास ये डॉक्यूमेंट होना जरूरी है:
वेतन स्लिप या बैंक स्टेटमेंट
बिजनेस इनकम से संबंधित बिल या रसीदें
प्रॉपर्टी डील के पेपर
गिफ्ट डीड (अगर गिफ्ट के तौर पर पैसा मिला हो)
टैक्स रिटर्न में घोषित आय के साक्ष्य
टैक्स नियमों का उल्लंघन = सख्त कार्रवाई
अगर विभाग को शक होता है कि पैसा ब्लैक मनी है, तो 70% से 137% तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। साथ ही, अगर मनी लॉन्ड्रिंग का शक होता है, तो मामला प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत भी दर्ज हो सकता है।
मध्य प्रदेश में बच्चों की रहस्यमयी मौतों को लेकर हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। जहरीले कफ सिरप से जुड़ा यह मामला अब राजनीतिक रंग भी लेने लगा है। राज्य के कई जिलों में बच्चों की असामान्य मौतों ने जहां परिजनों के आंसू नहीं थमने दिए हैं, वहीं स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं। इस मुद्दे को लेकर एमपी कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एक बेहद चौंकाने वाला दावा किया है। उन्होंने कहा कि सिर्फ छिंदवाड़ा और उससे लगे आदिवासी इलाकों में पिछले तीन महीनों में 150 से ज्यादा बच्चों की मौत हो चुकी है। इसके साथ ही करीब 500 से ज्यादा बच्चे गंभीर रूप से बीमार बताए जा रहे हैं।
पटवारी ने इन मौतों के पीछे नकली या जहरीली दवाओं के इस्तेमाल की आशंका जताई है और इसे सरकारी लापरवाही का भयावह उदाहरण बताया। उन्होंने प्रदेश सरकार को सीधे कटघरे में खड़ा करते हुए मांग की कि पूरे प्रकरण की SIT से जांच कराई जाए।
कांग्रेस ने उठाए गंभीर सवाल:
जीतू पटवारी ने कहा कि जिन इलाकों में ये मौतें हुई हैं, वहां की स्वास्थ्य व्यवस्था पहले से ही चरमराई हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से न तो समय पर इलाज उपलब्ध कराया गया और न ही जहरीले कफ सिरप की सप्लाई की रोकथाम के लिए कोई कदम उठाया गया। उन्होंने यह भी पूछा कि जब बच्चों की मौत की खबरें लगातार सामने आ रही थीं, तब प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने क्या एक्शन प्लान तैयार किया? उन्होंने इस पूरे मामले को स्वास्थ्य महकमे की "आपराधिक लापरवाही" करार दिया।SIT जांच की मांग क्यों?
कांग्रेस अध्यक्ष का कहना है कि मौतों की वजहों को छिपाया जा रहा है। मौत के सही आंकड़े सामने नहीं आ रहे हैं और सरकारी तंत्र लीपापोती में लगा हुआ है। पटवारी ने स्पष्ट कहा कि "अगर सरकार को सच से डर नहीं है, तो तुरंत SIT का गठन करे और दूध का दूध, पानी का पानी करे।"
हर साल कार्तिक मास की अमावस्या के दिन दीपावली का पर्व धूमधाम से मनाया जाता है। इस शुभ अवसर पर मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा-अर्चना की जाती है और घर-आंगन दीपों की रोशनी से जगमगा उठता है। माना जाता है कि दीपोत्सव से पहले घर में कुछ विशेष पौधे लगाने से मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है। आइए जानें, दिवाली से पहले कौन-से पौधे लगाने से धन, सुख और समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है।
1. सफेद पलाश (White Palash)
सफेद पलाश को रोग मुक्ति और मां लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है। इसे घर या पूजा स्थल पर लगाने से समृद्धि, संपत्ति और वैभव बढ़ता है। यह घर में सकारात्मक ऊर्जा लाता है और वास्तु दोष कम करता है। साथ ही, परिवार के सदस्यों की सेहत में सुधार भी होता है।
2. क्रसुला प्लांट (Crassula Plant)
क्रसुला प्लांट को घर और ऑफिस दोनों में सौभाग्य और समृद्धि लाने वाला माना जाता है। इसे रखने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता है और धन-संपत्ति बढ़ती है।

3. मनी प्लांट (Money Plant)
मनी प्लांट घर और कार्यस्थल में धन, खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा लाता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, इसे लगाने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और घर में सुख-शांति और समृद्धि आती है।

4. स्नेक प्लांट (Snake Plant)
स्नेक प्लांट नकारात्मक ऊर्जा को दूर करता है और घर में शांति और संतुलन बनाए रखता है। इसे घर के मुख्य द्वार पर लगाना शुभ माना जाता है। यह पौधा धन आकर्षित करता है और नौकरी या व्यवसाय में तरक्की लाता है।

5. तुलसी पौधा (Tulsi Plant)
तुलसी को मां लक्ष्मी का स्वरूप और भगवान विष्णु की प्रिय माना जाता है। घर में तुलसी का पौधा लगाने से धार्मिक, स्वास्थ्य और वास्तु दृष्टि से लाभ मिलता है।

जहाँ एक तरफ भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा रेपो रेट में कटौती के बाद बड़े सार्वजनिक और निजी बैंकों ने ब्याज दरें घटा दी हैं, वहीं एक स्मॉल फाइनेंस बैंक बचत खाताधारकों को सबसे आकर्षक ब्याज दर की पेशकश कर रहा है।स्लाइस स्मॉल फाइनेंस बैंक अपने बचत खाताधारकों को ₹1 लाख तक की सभी जमा राशियों पर सीधे 5.5% की दर से ब्याज दे रहा है।
क्यों अनोखा है यह ऑफर?
आमतौर पर, SBI, HDFC और ICICI बैंक जैसे बड़े बैंक ₹1 लाख तक की छोटी जमा राशि पर केवल 2.5% से 3% तक ही ब्याज देते हैं। इस मुकाबले में स्लाइस स्मॉल फाइनेंस बैंक की 5.5% की दरें ग्राहकों के लिए बहुत फायदेमंद हैं।
➤ ब्याज दर: 5.5% प्रति वर्ष (₹1 लाख तक की जमा राशि पर)।
➤ अन्य बड़े बैंक: SBI, HDFC और ICICI बैंक जैसे बैंक इसी राशि पर 2.5% ब्याज देते हैं।
बैंक क्यों दे रहा है इतना ज्यादा ब्याज?
स्लाइस स्मॉल फाइनेंस बैंक का दावा है कि उसकी ब्याज दर सीधे RBI की रेपो दर से 100% जुड़ी हुई है। वर्तमान में रेपो दर 5.5% है, जिसे बैंक ने बरकरार रखा है। बैंक के संस्थापक और कार्यकारी निदेशक, राजन बजाज के अनुसार, बैंक ज्यादा ब्याज इसलिए दे पाता है क्योंकि वह अपनी कमाई उधार देकर करता है और पैसा जोखिम-मुक्त लागत पर रखता है। उन्होंने कहा कि उन्होंने यह हुनर वैश्विक बैंकों से सीखा है और इसे भारत में लागू कर रहे हैं। यानी, बेहतर उधार देने की रणनीति के कारण यह बैंक बचतकर्ताओं को बेहतर रिटर्न दे पा रहा है।
विभिन्न बैंकों के बचत खातों पर ब्याज दरें (₹1 लाख तक)
जहाँ छोटी जमा राशियों पर स्लाइस बैंक आगे है, वहीं ₹1 लाख से अधिक की जमा राशि पर यह बैंक सबसे अधिक ब्याज दर नहीं देता है। कुछ अन्य बैंक ₹1 लाख से अधिक पर 8% तक ब्याज देते हैं।
बैंक का नाम बचत खाते पर ब्याज दर
स्लाइस स्मॉल फाइनेंस बैंक 5.50% (सबसे ज्यादा)
उत्कर्ष स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड 3.25%
कैपिटल स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड 3.25%
ईएसएएफ स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड 3.00%
आरबीएल बैंक लिमिटेड 3.00%
उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड 2.75%
एसबीएम बैंक (इंडिया) लिमिटेड 2.75%
इक्विटास स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड 2.75%
बंधन बैंक लिमिटेड 2.70%
एक्सिस बैंक लिमिटेड 2.50%
यस बैंक लिमिटेड 2.50%
एसबीआई (SBI) 2.50%
एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) 2.50%
आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) 2.50%
आगर मालवा: मध्य प्रदेश के आगर मालवा जिले के सुसनेर क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक दुकान में काम करने वाले कर्मचारी को काम के दौरान अचानक हार्ट अटैक आ गया। दर्द से तड़पते हुए वह अपनी कुर्सी पर बैठ गया, लेकिन पास में बैठा दुकान मालिक मदद करने की बजाय मोबाइल चलाता रहा। समय पर अस्पताल न ले जाने के कारण कर्मचारी की मौके पर ही मौत हो गई।
CCTV के मुताबिक, घटना शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे की है। हार्ट अटैक आने के बाद कर्मचारी कुछ देर तक मदद की गुहार लगाता रहा, लेकिन मालिक ने कोई ध्यान नहीं दिया। वहीं, कुछ अन्य कर्मचारी उसके पास पहुंचे, एक ने पानी देने की कोशिश की, लेकिन अस्पताल ले जाने में देरी हो गई। जब तक उसे अस्पताल पहुंचाया गया, डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गया है, जिसमें साफ दिख रहा है कि मालिक अपनी कुर्सी पर बैठा मोबाइल पर व्यस्त है, जबकि सामने उसका कर्मचारी जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है। इस अमानवीय व्यवहार ने लोगों में आक्रोश और इंसानियत पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
घटना की सूचना परिजनों को दी गई, जिसके बाद वे अस्पताल पहुंचे। बेटे की मौत की खबर सुनकर परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया है।फिलहाल, पुलिस मामले की जांच में जुटी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पूछताछ कर रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह घटना सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि इंसानियत के प्रति संवेदनहीनता का उदाहरण है।
दिल्ली - अगर आप नौकरीपेशा हैं, तो आपकी सैलरी से हर महीने PF कटता होगा। यह राशि भविष्य के लिए एक सुरक्षित रिटायरमेंट फंड का काम करती है। सरकार EPFO जमा पर हर साल 8.25% ब्याज देती है, जो किसी भी अन्य सुरक्षित निवेश से बेहतर माना जाता है। लेकिन सवाल उठता है कि अगर कोई व्यक्ति 40 या 45 साल की उम्र में नौकरी छोड़ देता है और PF का पैसा नहीं निकालता, तो क्या उसकी जमा राशि पर ब्याज चलता रहेगा।
EPFO के नियम क्या कहते हैं?
EPFO के अनुसार, अगर कोई सदस्य 58 साल की उम्र से पहले नौकरी छोड़ देता है लेकिन PF राशि नहीं निकालता, तो उसका खाता इनएक्टिव नहीं होता। इसका मतलब यह है कि आपकी जमा राशि पर 58 साल की उम्र तक ब्याज मिलता रहेगा। यानी 40 साल की उम्र में नौकरी छोड़ने के बाद भी अगले 18 साल तक आपके PF पर ब्याज चलता रहेगा।
रिटायरमेंट के बाद ब्याज
अगर कोई व्यक्ति 58 साल की उम्र में सेवानिवृत्त होता है और तुरंत PF राशि नहीं निकालता, तो EPFO अगले 3 साल तक इस राशि पर ब्याज देता है। यानी 61 साल तक ब्याज मिलता रहेगा। उसके बाद खाता इनएक्टिव हो जाएगा। ध्यान रहे, इनएक्टिव होने का मतलब यह नहीं है कि आपका पैसा खो जाएगा, बस ब्याज मिलना बंद हो जाएगा।
समय से पहले निकालने से क्या नुकसान होता है?
कई लोग नौकरी छोड़ने के बाद PF निकाल लेते हैं, सोचते हैं कि खाता बंद हो जाएगा। ऐसा करने पर लंबी अवधि का ब्याज नहीं मिलता। अगर आप राशि निकालकर कहीं और निवेश करने की सोच रहे हैं, तो बेहतर है कि PF खाते में पैसा रहने दें और EPFO की उच्च ब्याज दर का लाभ उठाएं।
नागपुर। नागपुर शहर से पुलिस ने ऑपरेशन शक्ति अभियान के तहत एक बड़े सेक्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। यहां प्रमिला प्रकाश होटल में पुलिस ने छापेमारी करते हुए तीन लड़कियों का भी रेस्क्यू किया है। पुलिस की इस कार्रवाई से आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया।
दरअसल, पुलिस को लंबे से समय सूचना मिल रही थी। शहर के प्रमिला प्रकाश होटल में अवैध धंधा चल रहा है। जिसके बाद पुलिस ने फर्जी ग्राहक को भेजकर होटल में जांच कराई और प्लानिंग के साथ होटल में छापा मारा। इस दौरान दो मुख्य आरोपी कंचन नीमजे और दीपक हेमंत कुमार शुक्ला को गिरफ्तार कर तीन लड़कियों का रेस्क्यू किया गया। बताया गया कि, रैकेट संंचालक युवतियों को कम समय में ज्यादा पैसे कमाने का लालच देकर फंसाते थे और उनसे देह व्यापार करवाते थे।
बताया गया कि, ऑपरेशन शक्ति अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई है। पिछले कुछ महीनों से शहर में मानव तस्करी और सेक्स रैकेट के खिलाफ कड़ी कारवाई की जा रही है। फिलहाल इस मामले में पुलिस संचालकों से पूछताछ कर रही है।
नई दिल्ली। डिजिटल पेमेंट अब और भी आसान व सुरक्षित हो गया है। नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने UPI (Unified Payment Interface) में दो नए फीचर जोड़े हैं, जिससे इसका उपयोग पहले से अधिक पर्सनलाइज और प्राइवेसी-फ्रेंडली बन गया है
अब आप न सिर्फ़ फिंगरप्रिंट या फेस आईडी से पेमेंट कर सकते हैं, बल्कि अपनी मनचाही कस्टम UPI ID भी बना सकते हैं। इसका मतलब है कि अब आपको पिन याद रखने की जरूरत नहीं और आपका मोबाइल नंबर भी दूसरों के सामने नहीं आएगा।
अब तक आपकी UPI ID आम तौर पर इस तरह होती थी —
7979XXXX46@hdfcbank
nileshb@axisbank
इससे आपकी पर्सनल जानकारी सुरक्षित रहेगी और पहचान होगी सिर्फ़ आपकी चुनी हुई UPI ID से।
यह फीचर पहले Google Pay पर देखा गया था और अब Paytm ऐप में भी उपलब्ध है।
जल्द ही अन्य प्रमुख UPI ऐप्स जैसे PhonePe, BHIM, और Amazon Pay पर भी यह फीचर आने की उम्मीद है।
अब UPI पेमेंट उतना ही आसान हो गया है जितना मोबाइल अनलॉक करना।
Paytm ऐप खोलें।
अपने प्रोफाइल सेक्शन में जाएं।
‘UPI & Payment Settings’ पर क्लिक करें।
यहां आपके मौजूदा लिंक्ड अकाउंट्स और UPI IDs दिखाई देंगी।
‘Create a New UPI ID’ पर क्लिक करें।
अब अपने मनपसंद शब्दों और नंबरों से नई UPI ID बनाएं।
चाहें तो बैकअप UPI ID भी तैयार रखें, ताकि पेमेंट फेल होने पर ट्रांजैक्शन न रुके।
अब PIN याद रखने की जरूरत नहीं।
Face ID/Fingerprint से पेमेंट होगा।
मोबाइल नंबर और ईमेल ID छिपे रहेंगे।
अपनी पसंद और याद रखने में आसान UPI ID बनाएं।
पेमेंट का अनुभव होगा और भी स्मार्ट और पर्सनलाइज्ड।
नई दिल्ली: Government of India: भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने अभिनेत्री और द लीव लव लाफ (LLL) फाउंडेशन की संस्थापक दीपिका पादुकोण को देश की पहली ‘मानसिक स्वास्थ्य एम्बेसडर’ नियुक्त किया है।
Karwa Chauth 2025: आज सभी सुहागन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए करवा चौथ का व्रत रखेंगी। करवा चौथ का व्रत कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है। करवा चौथ को कर्क चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन महिलाएं बिना जल और अन्न ग्रहण करे बिना व्रत रखती हैं और शाम को विधिवत पूजा के बाद रात को चंद्रमा के दर्शन करने के बाद ही भोजन ग्रहण करती हैं।
करवाचौथ के दिन चंद्रोदय का समय शाम 8 बजकर 14 मिनट बताया जा रहा है। इस दिन उपवास रखने का मुहूर्त सुबह 6 बजकर 19 मिनट से लेकर रात 8 बजकर 13 मिनट तक रहेगा ।
10 अक्तूबर को पूजा के लिए शुभ मुहूर्त शाम 05 बजकर 57 मिनट से लेकर शाम 07 बजकर 07 मिनट तक है। इस समय पूजा करना सबसे बेहतर रहेगा। हालांकि, सुहागिन आज पूरे दिन ही पूजा-पाठ में लगी रहती हैं।
Karwa Chauth 2025: करवा चौथ को करक चतुर्थी भी कहा जाता है। “करवा” या “करक” मिट्टी के उस पात्र को कहा जाता है जिससे चंद्रमा को अर्घ्य (जल अर्पण) दिया जाता है। पूजा में करवा का विशेष महत्व होता है और इसे दान स्वरूप ब्राह्मण या किसी सुहागिन महिला को दिया जाता है। इस दिन विवाहित महिलाएं भगवान शिव, माता पार्वती, भगवान गणेश और कार्तिकेय की पूजा करती हैं।
UK India Trade Deal: अगर आप भी शराब के शौकीन हैं तो ये खबर आपके लिए है। दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर कल दो दिवसीय दौरे पर ब्रिटेन के पीएम कीर स्टार्मर भारत आए हैं। उन्होंने बुधवार को मुंबई में पीएम मोदी के साथ मुलाकात की। इस दौरान दोनों देशों के बीच कई व्यापार समझौते पर मुहर लगने वाली है।
बताया गया कि, इस समझौते के तहत स्कॉच व्हिस्की पर लगने वाले भारी टैक्स में कटौती की जाएगी। इससे भारत में व्हिस्की पीने वालों के लिए पसंदीदा ब्रिटिश ब्रांड जैसे चिवास रीगल, बैलेन्टाइन, ग्लेनलिवेट, ग्लेनफिडिच और जॉनी वॉकर जैसी व्हिस्की सस्ती हो जाएंगी। इस समझौते से भारत और ब्रिटेन के बीच व्यापार को भी बढ़ाएगा और स्कॉटलैंड में नई नौकरियां भी पैदा करेगा।
अब भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौते से महंगी शराब सस्ती होने की उम्मीद है। इसका असर भारत में बनी विदेशी शराब (IMFL) पर भी पड़ेगा और उनकी कीमतें भी कम हो सकती हैं। बताया गया कि, अभी तक भारत में स्कॉच व्हिस्की पर 150% का भारी टैक्स लगता था। इससे बहुत से लोग इसे खरीद नहीं पाते थे। वहीं इस नए समझौते के तहत टैक्स तुरंत 75% तक कम हो जाएगा। इस समझौते से कई बड़े स्कॉच व्हिस्की ब्रांड्स की कीमतों में कमी आएगी।
जॉनी वॉकर (Johnnie Walker)
चिवास रीगल (Chivas Regal)
द ग्लेनलिवेट (The Glenlivet)
ग्लेनफिडिच (Glenfiddich)
लैगवुलिन (Lagavulin)
सिंगलटन (Singleton)
टैलिस्कर (Talisker)
मैकलन (Macallan)
जुरा (Jura) और अन्य
पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर कांग्रेस पार्टी ने बड़ी तैयारी शुरू कर दी है। बुधवार को कांग्रेस की केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) की बैठक में करीब 25 सीटों पर अपने उम्मीदवारों के नामों पर मुहर लगा दी गई है। हालांकि, महागठबंधन के अन्य घटक दलों के साथ सीट बंटवारे पर अभी मुद्दा बना हुआ है, जिसके निपटारे के बाद ही बाकी उम्मीदवारों की घोषणा होगी।
दिल्ली में आयोजित इस बैठक में कांग्रेस के शीर्ष नेता सोनिया गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी डिजिटल माध्यम से जुड़े थे। पार्टी की तरफ से केसी वेणुगोपाल और कई अन्य वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे। पार्टी अध्यक्ष खरगे अभी स्वस्थ हैं और बेंगलुरु में इलाज करवा रहे हैं, जबकि राहुल गांधी फिलहाल दक्षिण अमेरिका के दौरे पर हैं।
सूत्रों की मानें तो जिन सीटों पर उम्मीदवार तय किए गए हैं, वे वे सीटें हैं जिन्हें कांग्रेस जीतने के लिए मजबूत मान रही है। बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजेश कुमार राम ने कहा कि महागठबंधन के सहयोगी दलों के साथ फाइनल सीट शेयरिंग के बाद ही पूरी सूची का ऐलान होगा। कांग्रेस विधायक दल के नेता शकील अहमद खान ने भी कहा कि बातचीत के बाद ही सीट बंटवारे की घोषणा की जाएगी।
मंगलवार को हुई इस बैठक का मकसद कांग्रेस को स्पष्ट तौर पर चुनाव के लिए तैयार करना है। पार्टी की कोशिश है कि महागठबंधन में सीट बंटवारे की खींचतान जल्द खत्म हो और वे अपने प्रत्याशियों पर फोकस कर सकें। बिहार विधानसभा चुनाव दो चरणों में 6 और 11 नवंबर को होंगे और मतगणना 14 नवंबर को।
इस बार कांग्रेस ने अपनी अधिकांश मौजूदा विधायकों को फिर से टिकट देने की योजना बनाई है ताकि चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी अनुभवी और मजबूत हों। पिछले चुनाव में कांग्रेस ने 70 सीटों पर चुनाव लड़ा था और अब उनकी कोशिश 50 से 60 सीटों पर लड़ने की है
परिणामस्वरूप, कांग्रेस की यह सीटों पर घोषणा पार्टी की चुनावी तैयारी के लिए एक बड़ा कदम माना जा रहा है, जो महागठबंधन की मजबूती और समन्वय में मदद करेगा। राजनीतिक गलियारों में माना जा रहा है कि जल्द ही महागठबंधन के घटक दल सीट बंटवारे के मुद्दे पर समाधान निकालेंगे और फिर पूरी गठबंधन सूची जारी की जाएगी।
Karwa Chauth 2025 : करवा चौथ का व्रत इस साल 10 अक्टूबर (शुक्रवार) को रखा जाएगा। यह पावन पर्व हर साल कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है।इस दिन विवाहित महिलाएं अपने पति की लंबी आयु और वैवाहिक सुख के लिए निर्जला व्रत रखती हैं। लेकिन आजकल कई अविवाहित लड़कियां भी करवा चौथ का व्रत रखने लगी हैं।
ऐसा माना जाता है कि करवा चौथ का व्रत करने से न सिर्फ दांपत्य जीवन में सुख-शांति आती है, बल्कि सच्चे जीवनसाथी की प्राप्ति का भी आशीर्वाद मिलता है। अगर आप अविवाहित हैं और यह व्रत रखना चाहती हैं, तो कुछ विशेष नियमों और विधियों का पालन करना जरूरी है।
पारंपरिक रूप से यह व्रत विवाहित महिलाओं के लिए था, लेकिन बदलते समय के साथ अब अविवाहित कन्याएं भी अपने मनचाहे जीवनसाथी, प्रेम या रिश्ते की स्थिरता की कामना से यह व्रत रखती हैं। कुछ लड़कियां अपने भावी पति या सगाई में बंधे साथी की दीर्घायु और खुशहाली के लिए यह व्रत करती हैं।
1. फलाहारी व्रत रखें – अविवाहित कन्याएं निर्जला व्रत की बजाय फल, दूध और पानी का सेवन कर सकती हैं।
1. फलाहारी व्रत रखें – अविवाहित कन्याएं निर्जला व्रत की बजाय फल, दूध और पानी का सेवन कर सकती हैं।
2. पूजा विधि में बदलाव करें – विवाहित महिलाएं जहां पति की लंबी उम्र के लिए पूजा करती हैं, वहीं अविवाहित लड़कियां भगवान शिव, माता पार्वती और करवा माता की पूजा कर सकती हैं।
3. चंद्र दर्शन की जगह तारों को अर्घ्य दें – कुंवारी लड़कियां चांद की जगह तारों को जल अर्पित करके व्रत पूर्ण करती हैं।
4. लाल या गुलाबी वस्त्र पहनें – यह रंग प्रेम, समर्पण और सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है।
नई दिल्ली। दिवाली आते ही हर कर्मचारी के मन में सबसे बड़ा सवाल यही रहता है — “इस बार बोनस कितना मिलेगा?” कोई कंपनी गिफ्ट देती है, तो कोई कैश बोनस, लेकिन अब इन दोनों पर टैक्स नियमों को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। सरकार ने साफ किया है कि बोनस और गिफ्ट्स पर टैक्स की गणना अलग-अलग तरीके से की जाएगी।
अगर आपकी कंपनी दिवाली पर मिठाई का बॉक्स, कपड़े, गैजेट या कोई अन्य वस्तु देती है, जिसकी कीमत ₹5,000 तक है, तो उस पर कोई टैक्स नहीं देना होगा।
लेकिन अगर वही गिफ्ट ₹5,000 से ज़्यादा कीमत का है, तो उसकी पूरी वैल्यू आपकी इनकम में जुड़ जाएगी और उस पर उसी दर से टैक्स लगेगा, जैसे आपकी सैलरी पर लगता है।
अगर कंपनी कैश में बोनस देती है, तो यह रकम आपकी सैलरी इनकम का हिस्सा मानी जाएगी।
उदाहरण के लिए, अगर किसी कर्मचारी को ₹30,000 का बोनस मिला है, तो उसे अपनी वार्षिक इनकम में जोड़कर उसी हिसाब से टैक्स देना होगा। इस पर किसी तरह की अलग छूट नहीं मिलेगी।
अगर कोई कर्मचारी बोनस की राशि को ITR में नहीं दिखाता है, तो आयकर विभाग की ओर से नोटिस भी आ सकता है।
₹0 से ₹4 लाख तक – कोई टैक्स नहीं
₹4 लाख से ₹8 लाख तक – 5% टैक्स
₹8 लाख से ₹12 लाख तक – 10% टैक्स
₹12 लाख से ₹16 लाख तक – 15% टैक्स
₹16 लाख से ₹20 लाख तक – 20% टैक्स
₹20 लाख से ₹24 लाख तक – 25% टैक्स
₹24 लाख से ऊपर – 30% टैक्स
नए टैक्स सिस्टम में ₹12 लाख तक की इनकम पर अब टैक्स नहीं लगेगा क्योंकि इसमें ₹60,000 तक की मानक छूट शामिल की गई है।
सीतामढ़ी : परसौनी थाना क्षेत्र के कन्हौली गजपति गांव वार्ड नं. 12 सोमवार रात उस समय दहल उठा, जब महामाया स्थान मंदिर की जमीन के लंबे विवाद में भतीजे ने अपनी मां के साथ मिलकर अपने ही चाचा की लाठी-डंडे से पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतक प्रह्लाद मिश्रा (45), स्व. राम स्वरूप मिश्रा के पुत्र थे। घटना करीब 11 बजे की है। सूचना मिलने पर थानाध्यक्ष मुकेश कुमार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे, छानबीन की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पुलिस व स्थानीय सूत्रों के अनुसार, प्रह्लाद मिश्रा रात को खाना खाकर घर में सोए हुए थे। तभी उनका भतीजा मुन्नू मिश्रा व उसकी मां वीणा देवी रॉड व लाठी-डंडे के साथ घर पहुंचे, दरवाजा तोड़कर घुसे और ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर चोट के चलते प्रह्लाद मिश्रा की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए और पंचनामा तैयार किया।
इस हत्याकांड की जड़ महामाया स्थान मंदिर की जमीन के बंटवारे में है। परिजनों के अनुसार, जमीन पहले ही दो हिस्सों में बंट चुकी थी, इसके बावजूद आरोपी पक्ष कब्जे की नीयत से बार-बार विवाद कर रहा था। कई दफा पंचायतें व सुलह की कोशिशें नाकाम रहीं। सोमवार को विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। प्रह्लाद मिश्रा की पत्नी संगीता देवी और उनके दो बेटे-बेटी का रो-रो कर बुरा हाल है। घटना के बाद आरोपी मुन्नू मिश्रा और वीणा देवी फरार हो गए थे। पुलिस ने रात होते-होते वीणा देवी को हिरासत में ले लिया और पूछताछ शुरू कर दी।
पुलिस थाना प्रभारी मुकेश कुमार ने बताया कि अभी तक कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है, किंतु पुलिस ने हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच शुरू कर दी है। सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है और शीघ्र ही उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
नई दिल्ली। UPI Payment: देश में डिजिटल पेमेंट्स को और आसान और सुरक्षित बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। अब यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) से लेन-देन करने वाले यूजर्स को भुगतान के लिए PIN डालने की जरूरत नहीं होगी। इसके बजाय वे चेहरे की पहचान या फिंगरप्रिंट के जरिए ही अपने ट्रांजैक्शन को अप्रूव कर सकेंगे। यह नई सुविधा 8 अक्टूबर से लागू होगी। यह कदम RBI के हालिया दिशानिर्देशों के अनुरूप है, जो वैकल्पिक ऑथेंटिकेशन की अनुमति देते हैं।
UPI Payment: UPI अनुभव होगा और आसान
वर्तमान में, हर UPI ट्रांजैक्शन के लिए यूजर्स को 4 या 6 अंकों का PIN दर्ज करना होता है। नई सुविधा लागू होने के बाद, फेस स्कैन या फिंगरप्रिंट सेंसर के जरिए पेमेंट तुरंत ऑथेंटिकेट हो जाएगा। इससे ट्रांजैक्शन समय घटेगा, सुरक्षा बढ़ेगी, और यूजर अनुभव और सहज होगा। विशेषज्ञों का कहना है कि बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन से धोखाधड़ी की संभावना कम होगी, क्योंकि चेहरा या फिंगरप्रिंट किसी अन्य व्यक्ति द्वारा कॉपी करना मुश्किल है। हालांकि, डेटा सुरक्षा और गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए NPCI और UIDAI के बीच मजबूत तकनीकी प्रोटोकॉल अपनाए जाएंगे
इस साल अखंड सौभाग्य का वरदान देने वाला करवा चौथ व्रत शुक्रवार, 10 अक्टूबर 2025 को मनाया जाएगा। कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि पर रखा जाने वाला यह व्रत सुहागिन महिलाओं के लिए अत्यंत पवित्र माना गया है।
सुबह सूर्योदय से लेकर रात चंद्रोदय तक महिलाएं बिना अन्न-जल ग्रहण किए व्रत रखती हैं। शाम को करवा माता की विशेष पूजा के बाद वे चंद्र देव के दर्शन और अर्घ्य देकर व्रत खोलती हैं।
सुबह सूर्योदय से लेकर रात चंद्रोदय तक महिलाएं बिना अन्न-जल ग्रहण किए व्रत रखती हैं। शाम को करवा माता की विशेष पूजा के बाद वे चंद्र देव के दर्शन और अर्घ्य देकर व्रत खोलती हैं।
| शहर | चंद्रोदय का समय |
|---|---|
| दिल्ली | रात्रि 08:13 बजे |
| मुंबई | रात्रि 08:55 बजे |
| कोलकाता | सायं 07:42 बजे |
| चेन्नई | रात्रि 08:38 बजे |
| देहरादून | रात्रि 08:05 बजे |
| चंडीगढ़ | रात्रि 08:09 बजे |
| जयपुर | रात्रि 08:23 बजे |
| पटना | रात्रि 07:48 बजे |
| जम्मू | रात्रि 08:11 बजे |
| गांधीनगर | रात्रि 08:46 बजे |
| अहमदाबाद | रात्रि 08:47 बजे |
| शिमला | रात्रि 08:06 बजे |
| भोपाल | रात्रि 08:26 बजे |
| लखनऊ | रात्रि 08:02 बजे |
| कानपुर | रात्रि 08:06 बजे |
| गोरखपुर | सायं 07:52 बजे |
| प्रयागराज | रात्रि 08:02 बजे |
| नोएडा | रात्रि 08:12 बजे |
| गुरुग्राम | रात्रि 08:14 बजे |
| हरिद्वार | रात्रि 08:05 बजे |
| इंदौर | रात्रि 08:34 बजे |
| भुवनेश्वर | सायं 07:58 बजे |
| रायपुर |
| रात्रि 08:01 बजे |