रायपुर। छत्तीसगढ़ की राज्य सरकार की मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की महत्वपूर्ण बैठक बुधवार, 4 जून 2025 को आयोजित की जाएगी। यह बैठक मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में दोपहर 12 बजे अटल नगर नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) में आयोजित होगी। कयास लगाया जा रहा है कि कई अहम फैसलों पर मुहर लग सकती है।
रायपुर : छत्तीसगढ़ के मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। पिछले एक-दो दिनों में बारिश की गतिविधियों में कुछ कमी आई है, लेकिन तापमान में वृद्धि के चलते हल्की गर्मी महसूस की जा रही है। मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों तक प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और तेज़ हवाएं चलने की संभावना जताई है। साथ ही आने वाले 3 दिनों में दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी की भी संभावना है।
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान बिलासपुर में अधिकतम तापमान 39.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सबसे ज्यादा था। वहीं, न्यूनतम तापमान 23.0 डिग्री सेल्सियस जगदलपुर और राजनंदगांव में दर्ज किया गया, जो सबसे कम रहा।
बस्तर में मानसून की दस्तक हो चुकी है, लेकिन राजधानी रायपुर में अब तक इसका आगमन नहीं हुआ है। मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा ने जानकारी दी कि आज प्रदेश के कुछ इलाकों में हल्की वर्षा या गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी हो सकती है। वहीं कुछ स्थानों पर अंधड़ और वज्रपात की भी संभावना है।
रायपुर में आज का मौसम:
राजधानी रायपुर में आज आकाश आंशिक रूप से मेघाच्छादित रह सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
कोण्डागांव : छत्तीसगढ़ में सड़क हादसे थम नहीं रहे है, इसी बीच केशकाल क्षेत्र से विधायक नीलकंठ टेकाम (BJP MLA Tekam) के काफिले का फॉलो वाहन बीती रात अनियंत्रित होकर खेत में पलट गई. इस हादसे में ड्राइवर की मौके पर ही मौत हो गई.
बताया जाता है कि सोमवार को विधायक नीलकंठ टेकाम रायपुर गए हुए थे. इसी दौरान उनका फॉलो वाहन का ड्राइवर भुवन शोरी रात लगभग 9 बजे अकेले ही अपने गांव बड़बत्तर की ओर जा रहा था. इसी दौरान रास्ते में फरसगांव मार्ग के पास गाड़ी अनियंत्रित होकर पलट गई और खेत में जा गिरी. हादसे में चालक भुवन शोरी की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है.
रायपुर : छत्तीसगढ़ में चार B.Ed यूनिवर्सिटी की मान्यता नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (NCTE) ने रद्द कर दी है। यह फैसला नोटिस के बावजूद जवाब न देने और नियमानुसार दस्तावेज प्रस्तुत नहीं करने के कारण लिया गया है।
जांजगीर-चांपा का श्री कृष्णा कॉलेज भी शामिल
जांजगीर-चांपा का श्री कृष्णा कॉलेज भी उन संस्थानों में शामिल है जिनकी मान्यता रद्द की गई है. यह कॉलेज लंबे समय से शैक्षणिक नियमों का पालन नहीं कर रहा था, जिस पर एनसीटीई ने पहले भी नोटिस भेजा था, लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर कार्रवाई की गई.
राजनांदगांव की दो यूनिवर्सिटी पर भी गिरी गाज
राजनांदगांव जिले की दो B.Ed यूनिवर्सिटी की मान्यता भी रद्द की गई है। इनमें क्रांति दर्शन महाविद्यालय और श्रीराम शिक्षा महाविद्यालय का नाम सामने आया है। दोनों संस्थानों को कई बार चेतावनी दी गई, लेकिन फिर भी कमियां दूर नहीं की गई।
अंबिकापुर का ये कॉलेज शामिल
मान्यता रद्द होने वालों में अंबिकापुर का श्री शिरडी साई शिक्षण संस्थान भी है। अब इस यूनिवर्सिटी में 2025-26 से किसी भी छात्र का B.Ed में एडमिशन नहीं लिया जाएगा।
2025-26 में नहीं होंगे एडमिशन
इन चारों कॉलेजों में अब 2025-26 शैक्षणिक सत्र से नए एडमिशन नहीं लिए जाएंगे। जो छात्र पहले से पढ़ाई कर रहे हैं, उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था के तहत आगे की शिक्षा पूरी करने का मौका मिल सकता है।
NCTE ने नियमों के उल्लंघन पर की सख्त कार्रवाई
NCTE ने साफ किया है कि जो भी संस्थान तयशुदा शैक्षणिक मानकों का पालन नहीं करेंगे, उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। यह कार्रवाई शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने और छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए की गई है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महतारी वंदन योजना के अंतर्गत आज दो तारीख को माह जून 2025 की सोलहवीं किश्त का भुगतान जारी कर दिया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रदेश की 69.30 लाख से अधिक महिलाओं को कुल 648.24 करोड़ रुपये की सहायता राशि उनके बैंक खाते में अंतरित की गई।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत करने के लिए इस योजना की शुरुआत मार्च 2024 में की गई थी। अब तक लगातार 16 माहों में 10433.64 करोड़ रुपये की राशि प्रदेश की महिलाओं को प्रदाय की जा चुकी है। योजना के अंतर्गत 21 से 60 वर्ष आयु वर्ग की विवाहित, विधवा, तलाकशुदा एवं परित्यक्ता महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रूपए की सहायता राशि प्रदान की जाती है।
योजना से होने वाले भुगतान एवं अन्य जानकारी से अवगत होने के लिए महतारी वंदन योजना के पोर्टल https://mahtarivandan.cgstate.gov.in अथवा महतारी वंदन योजना का मोबाईल ऐप भी है जिसे हितग्राही प्लेस्टोर से डाउनलोड कर अपनी जानकारी देख सकते हैं। यदि कोई आवेदिका इस सहायता राशि का लाभ नहीं लेना चाहती है, अर्थात् लाभ त्याग करना चाहती है तो वे पोर्टल में लाभ त्याग के ऑप्शन में जाकर लाभ त्याग कर सकती है।
महतारी वंदन योजनांतर्गत सहायता राशि डीबीटी के माध्यम से दी जा रही है। जिन हितग्राहियों का खाता डीबीटी इनेबल नहीं है वे तत्काल बैंक जाकर आधार सीडिंग करवायें क्योंकि उनको भुगतान किये जाने पर राशि वापस हो जा रही है तथा इस हेतु उन्हें एसएमएस के माध्यम से सूचित भी किया गया है। यदि किसी हितग्राही को किसी प्रकार की शिकायत हो तो इस पोर्टल में शिकायत करें ऑप्शन में जाकर अपनी समस्या ऑनलाईन दर्ज कर सकती है।
आधार कार्ड अपडेट कराने की अपील
महिला एवं बाल विकास विभाग ने हितग्राही महिलाओं से अपील की है कि वह अपना आधार कार्ड अपडेट कराएं, ताकि राशि के भुगतान में किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो। ज्ञात हो कि आधार कार्ड को हर 10 वर्षों में अपडेट करना अनिवार्य है। कई हितग्राहियों का भुगतान आधार इनएक्टिव होने के कारण निरस्त किया गया है। ऐसे हितग्राहियों को आधार केंद्र में जाकर पहचान एवं निवास प्रमाण-पत्र के साथ आधार अपडेट कराना आवश्यक है, ताकि आगामी किश्त का भुगतान सुनिश्चित हो सके।
रायपुर :- छत्तीसगढ़ में पिछले दो वर्षों से लागू तबादला प्रतिबंध के हटने की अटकलें तेज हो गई हैं। खबर है कि राज्य सरकार जल्द ही तबादला नीति को लेकर बड़ा निर्णय ले सकती है। इसी बीच प्रस्तावित कैबिनेट बैठक को लेकर भी कयासों का दौर जारी है, जहां तबादले पर लगी रोक हटाने का प्रस्ताव लाया जा सकता है।
दो वर्षों से बंद है नियमित तबादला प्रक्रिया
वर्ष 2022 के बाद से छत्तीसगढ़ में कर्मचारियों के लिए नियमित तबादला नीति लागू नहीं की गई है। हालांकि, समन्वय अनुमोदन के आधार पर कुछ तबादले जरूर हुए हैं, लेकिन खुली नीति का इंतजार अब भी जारी है। इससे राज्य के लाखों कर्मचारी प्रभावित हो रहे हैं।
प्रस्ताव आया तो मिल सकता है गृह जिले में तबादले का अवसर
अगर कैबिनेट में तबादला नीति का प्रस्ताव आता है और पारित होता है, तो द्वितीय से लेकर चतुर्थ श्रेणी तक के कर्मचारियों को अपने गृह जिले या नजदीकी क्षेत्र में स्थानांतरण का अवसर मिल सकता है। इस नीति में कोई मूलभूत बदलाव नहीं होगा, केवल स्थानांतरण की समयावधि और प्रतिशत की सीमा तय की जाएगी।
जिला स्तर पर तबादले की प्रक्रिया
तृतीय और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के तबादले जिला स्तर पर प्रभारी मंत्री की अनुमति से कलेक्टर द्वारा किए जाएंगे।
- तृतीय श्रेणी: अधिकतम 10% कर्मचारी
- चतुर्थ श्रेणी: अधिकतम 10% कर्मचारी
तबादला आदेश के बाद कर्मचारी को 10 दिन के भीतर कार्यभार ग्रहण करना अनिवार्य होगा, अन्यथा अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। स्थानांतरण केवल समान संवर्ग और अधिकार क्षेत्र में ही होगा।
राज्य स्तर पर अगस्त-सितंबर में हो सकते हैं तबादले
राज्य स्तर पर विभिन्न विभागों के तबादले अगस्त-सितंबर के बीच प्रस्तावित हैं। संबंधित विभाग तबादला प्रस्ताव तैयार करेंगे, जिसे विभागीय मंत्री की स्वीकृति के बाद क्रियान्वित किया जाएगा।
इन बिंदुओं पर रहेगा विशेष ध्यान
- बस्तर और सरगुजा संभाग में रिक्त पदों की प्राथमिकता से पूर्ति।
- दिव्यांग कर्मचारियों को सुविधाजनक स्थान पर पदस्थापना।
- वरिष्ठ पदों पर केवल समकक्ष अधिकारियों की ही नियुक्ति।
- स्थानीय निवासी कर्मचारियों का जिले से बाहर तबादला नहीं होगा, केवल आपसी सहमति से अधिसूचित जिलों के बीच स्थानांतरण संभव होगा।
शिक्षा विभाग की स्थिति
शिक्षा विभाग में फिलहाल कोई स्पष्ट तबादला नीति नहीं है। विभाग में इस समय युक्तियुक्तकरण (Rationalization) प्रक्रिया के तहत शिक्षकों का पुनर्संयोजन किया जा रहा है, जिसे ही तबादला मानकर लागू किया जा रहा है। केवल लिपिकीय संवर्ग के कर्मचारियों के तबादले की अनुमति दी जा रही है। सरकार के आगामी निर्णय से राज्य के कर्मचारियों को लंबे समय से प्रतीक्षित स्थानांतरण की प्रक्रिया में राहत मिलने की उम्मीद है।
नारायणपुर । पुलिसकर्मी के घर में घुसकर पहले तो बाइक में आग लगा दी और फिर पास में नक्सली पर्चा फेंक दिया। मामला नारायणपुर के करलाखा के डिबरी पारा का है। अब पुलिस ये पता लगाने में जुटी है कि ये नक्सलियों की करतूत है या फिर नक्सलियों की आड़ लेकर कोई और गेम खेल रहा है।
जानकारी के मुताबिक मोटर सायकल को आग के हवाले कर नक्सली पर्चा फेंका गया है। जिस घर में घटना को अंजाम दिया गया उस घर लोग पुलिस विभाग में कार्यरत हैं। जानकारी के मुताबिक ये पूरी घटना बीती रात की है। जहां, पुलिस जवान के घर में घुसकर बाहर खड़ी बाइक को आग के हवाले कर पास में नक्सली पर्चा फेंका।
हालांकि परिवारजनों की आशंका है कि यह कृत्य नक्सली संगठन का नहीं, बल्कि आपसी दुश्मनी का हो सकता है। मामला नारायणपुर जिले के थाना भरंडा के ग्राम करलखा का बताया जा रहा है। अब पुलिस इस मामले में हर एंगल पर जांच कर रही है।आपको बता दें कि हाल के दिनों नारायणपुर के अबूझमाड़ में कई बड़े नक्सल आपरेशंस लांच हुए हैं। नक्सल चीफ बसवराजू भी अबूझमाड़ में ढेर हुआ है। ऐसे में नारायणपुर में नक्सली छिटपुट वारदातों को अंजाम देंगे, इसकी गुंजाइस ना के बराबर है। लिहाजा पुलिस इस मामले की बारीकी से जांच में जुटी है, ताकि घटना की वजह के तह तक पहुंच सके।
रायपुर। छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना का सरकार एक बार फिर महिलाओं को लाभ लेने के लिए मौका देने वाली है। जी हां जल्द ही फिर से महतारी वंदन योजना के लिए आवेदन किया जा सकेगा। इस बात का जानकारी खुद महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने दी है।
मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि जल्द ही महतारी वंदन योजना का पोर्टल खुलेगा, जिसके बाद नई महिलाओं को आवेदन करने का मौका दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि हर माह 70 लाख महिलाओं के खाते में 1000 रुपए सरकार की ओर से भुगतान किया जा रहा है। उन्होंने बातया कि पात्र महिलाओं को जल्द मौका मिलेगा।
इससे पहले सुशासन तिहार के तीसरे चरण के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के ग्राम माथमौर पहुंचे थे। यहां मुख्यमंत्री ने गांव के बीच स्थित महुआ के पेड़ के नीचे चौपाल लगाई और वहां मौजूद ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। ग्रामीणों से शासकीय योजनाओं के लाभ की जानकारी लेते हुए कहा कि, नई बहुओं को भी जल्द महतारी वंदन योजना का लाभ मिलेगा। वहीं ग्राम सरपंचों को पीएम आवास के लिए पात्र परिवारों की सूची बनाकर भेजने के लिए कहा।त्रता बनती है, उन्हें भी जल्द महतारी वंदन योजना का लाभ मिलेगा।
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय कोण्डागांव जिले के फरसगांव विकासखण्ड के ग्राम भोंगापाल में कोण्डागांव जिलावासियों को 94 करोड़ रूपए से अधिक राशि के 51 विकास कार्यों की सौगात दिए। इसमें 28 करोड़ 51 लाख रूपए से अधिक के 28 लोकार्पण कार्य और 65 करोड़ 66 लाख रूपए से अधिक के 23 भूमिपूजन एवं शिलान्यास कार्य शामिल हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय द्वारा भोंगापाल में बुद्ध शांति पार्क के शुभारंभ के साथ ही धनसुली में 76 लाख 44 हजार रूपए, नालाझर 94 लाख 87 हजार रूपए, अमरवती में 1 करोड़ 11 लाख 55 हजार रूपए, गारावंडी 1 करोड़ 80 लाख 58 हजार रूपए, सिरसीकलार 1 करोड़ 26 लाख 61 हजार रूपए, पिटेचुंआ 1 करोड़ 55 लाख 19 हजार रूपए तथा कलेपाल में 21 लाख 26 हजार रूपए की लागत से निर्मित जल जीवन मिशन के कार्यों का लोकार्पण किए।
मुख्यमंत्री श्री साय इसके साथ ही 02 करोड़ 93 लाख 66 हजार रूपए की लागत से खरगांव से जबरूडीह तक तीन किलो मीटर लम्बी सड़क, 06 करोड़ 34 लाख 47 हजार रूपए की लागत से ग्राम छिंदली से डोंडरापाल तक बनी 6 किलो मीटर लम्बी सड़क, 4 करोड़ 32 लाख 89 हजार रूपए की लागत से जैतपुरी से गिरोला तक बनी सड़क, 75 लाख 23 हजार रूपए की लागत से केशकाल के कोहकामेटा में निर्मित हाई स्कूल भवन, 1 करोड़ 21 लाख 16 हजार रूपए की लागत से चिपावण्ड में निर्मित हायर सेकेण्डरी स्कूल भवन, 1 करोड़ 67 लाख 11 हजार रूपए की लागत से परोदा से परिपथ मार्ग तक बनी साड़े चार किलो मीटर लम्बी सड़क, 1 करोड़ 41 लाख रूपए की लागत से खाले मुरवेण्ड में बनी प्री-मैट्रिक कन्या छात्रावास, 28 लाख 51 हजार रूपए की लागत से कोरकोटी में निर्मित उपस्वास्थ्य केन्द्र भवन, 27 लाख 73 हजार रूपए की लागत से बबई में बनी उपस्वास्थ्य केन्द्र भवन, 16 लाख 36 हजार रूपए की लागत से बांसकोट में बनी आयुष औषधालय भवन, 37 लाख 36 हजार रूपए की लागत से ग्राम चिंगनार के ऑयल पॉम रोपण प्रक्षेत्र में चैनलिंक फैंसिंग और गेट निर्माण कार्य, 77 लाख रूपए की लागत से जनपद पंचायत केशकाल के विभिन्न 9 स्थानों पर निर्मित पुलिया व 32 लाख 75 हजार रूपए की लागत से अनतपुर में निर्मित पुलिया का लोकार्पण किए।
मुख्यमंत्री श्री साय इसके साथ ही 4 करोड़ 65 लाख 84 हजार रूपए की लागत से विश्रामपुरी में बनने वाले महाविद्यालय भवन, 4 करोड़ 96 लाख 50 हजार रूपए की लागत से बनने वाली कोहकामेटा से सिदावण्ड तक 5 किलो मीटर लम्बी सड़क, 5 करोड़ 56 लाख 24 हजार रूपए की लागत से सिलाटी से बंजोड़ा तक बनने वाली 5 किलो मीटर लम्बी सड़क, 4 करोड़ 65 लाख 84 हजार रूपए की लागत से माकड़ी में बनने वाले महाविद्यालय भवन, 75 लाख 23 हजार-75 लाख 23 हजार रूपए की लागत से कोण्डागांव नगरपालिका के वार्ड क्रमांक 03 और तमरावण्ड में बनने वाले हाई स्कूल भवन, एक करोड़ 21 लाख 16 हजार लुभा बनने वाली हायर सेकेण्डरी स्कूल भवन, एक करोड़ 21 लाख 16 हजार बफना बनने वाली हायर सेकेण्डरी स्कूल भवन, एक करोड़ 21 लाख 16 हजार एवं छिनारी में बनने वाली हायर सेकेण्डरी स्कूल भवन, 4 करोड़ 61 लाख 93 हजार रूपए की लागत से कोपाबेड़ा से शिवमंदिर तक मार्ग चौड़ीकरण एवं मजबूतीकरण सड़क कार्य, 4 करोड़ 35 लाख 91 हजार रूपए की लागत से वन उसरी में राष्ट्रीय राजमार्ग 30 से नारंगी नदी तक बनने वाले पुल-पुलिया सहित 4 किलो मीटर लम्बे मार्ग का डामरीकरण, 4 करोड़ 12 लाख 43 हजार रूपए की लागत से बड़ेकनेरा में नरेश पोयाम घर से डोंगरीगुड़ा तक 10 किलो मीटर लम्बे मार्ग का डामरीकरण, 3 करोड़ 75 हजार रूपए की लागत से लेमड़ी से शामपुर मुख्य मार्ग तक पुल-पुलिया सहित सड़क डामरीकरण, 2 करोड़ 20 लाख 75 हजार रूपए की लागत से बड़े बेन्दरी प्रज्ञा तालाब से बाखरा पहुंच मार्ग तक 5 किलो मीटर लम्बे सड़क निर्माण, 2 करोड़ 56 लाख 27 हजार रूपए की लागत से करंजी मुख्य मार्ग स्कूल पारा तक पुल-पुलिया सहित 3 किलो मीटर लम्बे मार्ग का निर्माण 5 करोड़ 20 लाख 35 हजार रूपए की लागत से भीरावण्ड से बोलबोला तक साड़े तीन किलो मीटर लम्बे मार्ग का निर्माण, 4 करोड़ 2 लाख 49 हजार रूपए की लागत से बिंजोली से बिंजागुड़ा तक 3 किलो मीटर लम्बे मार्ग का निर्माण, 2 करोड़ 47 लाख 79 हजार रूपए की लागत से 2 किलो मीटर लम्बी डोंगरीपारा जोबा मार्ग का निर्माण, एक करोड़ 72 लाख 76 हजार रूपए की लागत से ढाई किलो मीटर दहीकोंगा बड़े कनेरा मुख्य मार्ग से शिव मंदिर तक पहुंच मार्ग, 2 करोड़ 64 लाख 34 हजार रूपए की लागत से पोहमार से चेराकुर तक 6 किलो मीटर लम्बी सड़क का डामरीकरण, 2 करोड़ 16 लाख 47 हजार रूपए की लागत से पोहमार से जोड़ेंगा तक ढाई किलो मीटर लम्बी मार्ग का निर्माण, 48 लाख 41 हजार रूपए की लागत से आंवरी में आरसीसी पुलिया निर्माण, 32 लाख 91 हजार रूपए की लागत से जिला अस्पताल कोण्डागांव में एमसीएच एक्सटेंशन रूम एवं आरसीसी ड्रेन निर्माण कार्य का भूमिपूजन शामिल है।
मुख्यमंत्री श्री साय इसके साथ ही समाज कल्याण विभाग, कृषि विभाग, श्रम विभाग, मत्स्य विभाग द्वारा संचालित योजनाओं के तहत हितग्राहियों को सामग्री का वितरण किए। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह, उद्योग मंत्री श्री लखनलाल देवांगन, वन मंत्री श्री केदार कश्यप, सांसद श्री महेश कश्यप, विधायक सुश्री लता उसेंडी, विधायक श्री नीलकंठ टेकाम, बौद्ध धर्मगुरु भदन्त आर्य नागार्जुन सुरई ससई, श्री अनिल खोब्रागड़े संयोजक बुद्ध महोत्सव और बड़ी संख्या में बौद्ध समाज के अनुयायी, प्रबुद्धजन मौजूद रहे।
सुकमा। छत्तीसगढ़ सरकार की नक्सल आत्मसमर्पण पुनर्वास नीति के तहत सुकमा जिले में एक बड़ी सफलता मिली है। आज पीएलजीए बटालियन के 2 हार्डकोर नक्सली समेत 16 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है, जिसमें एक महिला और एक पुरुष पर 8 -8 लाख का इनाम घोषित है। वही 6 नक्सलियों पर कुल 25 लाख का इनाम घोषित है।
बताया जा रहा है कि आत्मसमर्पित सभी नक्सली जिले की कई घटनाओं में शामिल थे। माओवादियों ने एसपी किरण चव्हाण, एएसपी उमेश गुप्ता और सीआरपीएफ व पुलिस अधिकारियों के समक्ष सरेंडर किया है। सभी को 50-50 हज़ार की प्रोत्साहन राशि प्रदाय की गई।
आत्मसमर्पण करने वालों में:
• 1 महिला नक्सली, उम्र 22 साल, संगठन में 5 साल से सक्रिय
• 15 पुरुष नक्सली, उम्र 20-30 साल के बीच, संगठन में 3-10 साल से सक्रिय
CG BREAKING : वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार:
• यह आत्मसमर्पण छत्तीसगढ़ सरकार की नक्सल आत्मसमर्पण पुनर्वास नीति के तहत हुआ है।
• आत्मसमर्पण करने वालों को पुनर्वास योजना के तहत लाभ दिया जाएगा।
• इस आत्मसमर्पण से नक्सली गतिविधियों में कमी आएगी और क्षेत्र में शांति स्थापित होगी।
छत्तीसगढ़ सरकार की नक्सल आत्मसमर्पण पुनर्वास नीति:
• आत्मसमर्पण करने वालों को 10 लाख रुपये का अनुदान दिया जाता है।
• पुनर्वास योजना के तहत उन्हें रोजगार और शिक्षा के अवसर प्रदान किए जाते हैं।
• आत्मसमर्पण करने वालों को सुरक्षा और सम्मान दिया जाता है।
रायपुर : छत्तीसगढ़ में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और संसाधनों के तर्कसंगत उपयोग के लिए राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे युक्तियुक्तकरण (Rationalisation) अभियान के तहत 6 जिलों में 1498 अतिशेष शिक्षकों की काउंसलिंग प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। अब तक 1500 से अधिक शिक्षकों को नई पदस्थापना दी जा चुकी है।
इन जिलों में पूरी हुई काउंसलिंग
कोरबा, सुकमा, महासमुंद, गरियाबंद, बलौदाबाजार और सूरजपुर में प्रक्रिया संपन्न हो चुकी है, जबकि मुंगेली, राजनांदगांव, बालोद और दुर्ग में काउंसलिंग जारी है। शिक्षकों को वरिष्ठता और रिक्त पदों के आधार पर विद्यालयों का चयन करने का अवसर दिया गया।
केवल 166 स्कूलों का समायोजन
राज्य के 10,463 स्कूलों में से केवल 166 स्कूलों को समायोजित किया जाएगा।
- ग्रामीण क्षेत्र: 133 स्कूल जिनमें छात्रों की संख्या 10 से कम है और पास में दूसरा स्कूल है।
- शहरी क्षेत्र: 33 स्कूल जिनमें छात्र संख्या 30 से कम है और 500 मीटर के भीतर दूसरा स्कूल संचालित है।
सरकार का कहना है कि इन स्कूलों का समायोजन बच्चों की पढ़ाई को प्रभावित किए बिना किया जाएगा, और शेष 10,297 स्कूल पूरी तरह चालू रहेंगे।
शिक्षा गुणवत्ता सुधारने की दिशा में बड़ा कदम
छत्तीसगढ़ सरकार का मानना है कि इस युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया से:
- संसाधनों और शिक्षकों का बेहतर उपयोग होगा
- छात्रों को योग्य विषय विशेषज्ञ शिक्षक मिल सकेंगे
- स्कूलों में लाइब्रेरी, लैब और कंप्यूटर जैसी सुविधाएं सुलभ होंगी
- शिक्षा का समान अवसर और बेहतर माहौल उपलब्ध होगा
सरकार की मंशा स्पष्ट: गुणवत्तापूर्ण शिक्षा हर बच्चे तक
सरकार का उद्देश्य है कि शिक्षकों की तैनाती मात्र संख्या नहीं, आवश्यकता के आधार पर की जाए। शिक्षा विभाग का मानना है कि यह केवल प्रशासनिक सुधार नहीं बल्कि शिक्षा व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव है, जो आने वाली पीढ़ी को मजबूत नींव प्रदान करेगा।
बिलासपुर: फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर सरकारी नौकरी हासिल करने वाली उर्मिला बैगा को शिक्षा विभाग ने सेवा से बर्खास्त कर दिया है। उर्मिला पर आरोप था कि उन्होंने अनुसूचित जनजाति (ST) के बैगा जाति का फर्जी प्रमाण पत्र बनवाकर शिक्षिका की नौकरी हासिल की थी, जबकि वे OBC वर्ग की ‘ढीमर’ जाति से संबंध रखती हैं।
जांच में हुआ खुलासा
रायपुर स्थित पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय की जाति छानबीन समिति ने जांच में पाया कि उर्मिला के पूर्वजों के अभिलेखों में उनकी जाति ढीमर (OBC) दर्ज है। इसके बावजूद उन्होंने ST वर्ग की बैगा जाति का प्रमाण पत्र पेश किया था।
जाति प्रमाण पत्र निरस्त
11 दिसंबर 2006 को समिति ने उर्मिला का जाति प्रमाण पत्र निरस्त कर दिया और उनकी नौकरी भी तत्काल प्रभाव से रद्द करने की सिफारिश की। इसके आधार पर 7 फरवरी 2007 को जिला शिक्षा अधिकारी ने उनकी सेवा समाप्ति का आदेश जारी किया था।
कोर्ट में याचिका दायर कर लिया था स्टे
उर्मिला ने DEO के आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी, जहां से उन्हें 1 मार्च 2007 को स्थगन आदेश (स्टे) मिला। लेकिन बाद में उन्होंने याचिका वापस ले ली, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया और स्टे भी रद्द कर दिया।
बर्खास्तगी का आदेश जारी
24 जुलाई 2024 को उच्च स्तरीय समिति की रिपोर्ट और कोर्ट के आदेश को आधार मानते हुए संयुक्त संचालक शिक्षा, आरपी आदित्य ने उर्मिला बैगा को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करने का आदेश जारी कर दिया। उर्मिला बैगा बिलासपुर जिले के बिल्हा ब्लॉक के सरकारी मिडिल स्कूल में पदस्थ थीं।
यह मामला फर्जी जाति प्रमाण पत्र के जरिए सरकारी नौकरी पाने की कोशिशों पर कड़ा संदेश देता है कि सरकार और न्यायालय इस तरह की गड़बड़ियों पर सख्त रवैया अपना रहे हैं।
महासमुुंद: जिले से भीषण हादसे की खबर सामने आ रही है। यहां तेज रफ्तार ट्रेक्टर और बाइक के बीच टक्कर होने से तीन युवकों की दर्दनाक मौत हो गयी। बताया जा रहा है कि मरने वालों में दो सगे भाई है, जबकि तीसरा युवक उनका साथी था। पुलिस के मुताबिक ट्रेक्टर की टक्कर के बाद बाइक सवार तीनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गये थे। जिन्हे अस्पताल ले जाने के बाद डाॅक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
जानकारी मुताबिक सड़क दुर्घटना का ये मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। बताया जा रहा है कि ग्राम शेरा में रहने वाला केवल नायक अपने भाई रामलाल नायक और साथी तीरथ दीवान के साथ देर रात बाइक से गांव लौट रहे थे। इसी दौरान गांव की तरफ से आ रही तेज रफ्तार ट्रैक्टर के चालक ने बाइक को चपेट में लेकर टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार दूर जा गिरे। इस भीषण हादसे में तीनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गये। स्थानीय लोगों की मदद से तीनों घायल युवकों को आनन फानन में स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। जहां परीक्षण के बाद डाॅक्टर ने तीनों को मृत घोषित कर दिया। हादसे की जानकारी के बाद गांव में मातम व्याप्त है। वहीं इस दुर्घटना पर पुलिस ने अपराध दर्ज कर आरोपी ट्रैक्टर चालक के खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया है।
रायपुर. छत्तीसगढ़ के कुम्हारी टोल प्लाजा में हो रही अवैध वसूली के खिलाफ कांग्रेस ने मोर्चा खोल रखा है. इस टोल को बंद कराने पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने रविवार को नागपुर में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की. इस दौरान विकास उपाध्याय ने मंत्री को टोल प्लाजा का टेंडर समाप्त होने के बावजूद वहां जारी अवैध वसूली के बारे में विस्तार से बताया और आवेदन सौंपा. बातचीत के बाद केंद्रीय मंत्री ने टोल प्लाजा को जल्द बंद कराने के लिए कार्रवाई करने का आश्वासन दिया.
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने बताया कि नागपुर में परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के निज निवास में कुम्हारी टोल प्लाजा बंद कराए जाने की मांग को लेकर विस्तृत रूप से चर्चा हुई. उन्होंने नियम कंडिका का हवाला देते हुए बताया कि 60 किलोमीटर के दायरे में दो टोल प्लाजा का संचालन नहीं होना चाहिए लेकिन छत्तीसगढ़ में इन नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है. कुम्हारी टोल प्लाजा के साथ-साथ छत्तीसगढ़ में अन्य भी ऐसे टोल प्लाजा है, जो 60 किलोमीटर के दायरे के अंतर्गत आते हैं और किस प्रकार इन अवैध टोल प्लाजा का संचालन हो रहा है.
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय की बात को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने आश्वासन दिया कि बहुत जल्द कुम्हारी टोल प्लाजा को बंद कर देंगे. उन्होंने छत्तीसगढ़ के अन्य टोल प्लाजा की भी जानकारी मंगा कर उस पर भी निर्णय लेंने की बात कही. पूर्व में मंत्री नितिन गडकरी ने लोकसभा सदन ने कहा था कि 60 किलोमीटर के दायरे में दो तो प्लाजा का संचालन नहीं होगा लेकिन छत्तीसगढ़ में इन नियमो का पालन नहीं हो रहा है
सूरजपुर :- तेज रफ्तार दो बाइकों की आमने-सामने हुई भीषण टक्कर में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। हादसा गांधीनगर थाना क्षेत्र के ग्राम चठिरमा के पास बनारस रोड पर हुआ।
जानकारी के अनुसार, सूरजपुर जिले के ग्राम कसकेला निवासी करन यादव (20 वर्ष) अपनी भाभी रिया यादव (21 वर्ष) को इलाज के लिए अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर जा रहे थे। चठिरमा पुलिया के पास उनकी बाइक की सामने से आ रही स्कूटी से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि करन और रिया की मौके पर ही मौत हो गई।
हादसे में स्कूटी सवार युवक देव मंडल, निवासी समलपुर (ओडिशा) की भी मौत हो गई है। वहीं इस दुर्घटना में दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही गांधीनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई है।
मनेन्द्रगढ़। एमसीबी जिले के मनेंद्रगढ़ से मासूम बच्ची के अपहरण का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि बच्ची घर के बाहर खुले मैदान में खेल रही थी, तभी उसको एक युवक अपहरण करके कंधे में बैठाकर ले गया है। यह जिला मुख्यालय से लगे चैनपुर इलाके की घटना है, कोतवाली थाना पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है।
बदमाश युवक बच्ची को कंघे पर बैठाकर ले गया है। यह घटना शाम करीब 5 से 6 के बीच की बताई जा रही है, लेकिन पुलिस को अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। बच्ची की उम्र करीब 6 वर्ष बताई जा रही है।
युवक ने वहीं पर अपनी साइकिल भी छोड़कर गया है। पुलिस की टीम लालपुर और चैनपुर में तलाश कर रही है, लेकिन अभी तक सफलता हाथ नहीं लगी है। जानकारी यह भी मिली है कि मासूम बच्ची का परिवार अन्य जिले से आकर यहां रोजी मजदूरी का काम करते हैं।
रायपुर : राजधानी रायपुर में शास्त्री चौक से जयस्तंभ चौक और अंबेडकर अस्पताल चौक के बीच 8 साल से अधूरे पड़े स्काईवॉक (फुट ओवरब्रिज) का निर्माण कार्य अब फिर से शुरू होने जा रहा है। आगामी एक हफ्ते में कार्य प्रारंभ किया जाएगा। इस अधूरे प्रोजेक्ट को पूरा करने की जिम्मेदारी पीएसएए कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड को सौंपी गई है, जिसके साथ अनुबंध भी हो चुका है और कार्यादेश जारी कर दिया गया है।
पहले तैयार होंगे स्काईवॉक के उपयोगी हिस्से
लोक निर्माण विभाग के अनुसार, सबसे पहले स्काईवॉक के उपयोगी हिस्सों का निर्माण किया जाएगा। इसमें शास्त्री चौक पर रोटरी का निर्माण भी शामिल है। ठेकेदार को समय-सीमा के भीतर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्माण कार्य पहले से स्वीकृत ड्राइंग और डिजाइन के अनुरूप होगा।
गुणवत्ता और पर्यवेक्षण पर विशेष जोर
निविदा में शामिल सभी नॉन-एसओआर आइटमों के लिए दर विश्लेषण और विभागीय नियमावली के अनुसार अनुमोदन सुनिश्चित किया जा रहा है। निर्माण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा और विभागीय मानकों के अनुसार पर्यवेक्षण किया जाएगा। किसी अन्य को कार्य का सबलेट करने से पहले भी अनुमोदन लेना अनिवार्य होगा।
अब तक 50 करोड़ खर्च, 60% काम पूरा
स्काईवॉक के स्ट्रक्चर का लगभग 60 प्रतिशत कार्य पहले ही पूरा हो चुका है, जिस पर अब तक करीब 50 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। शेष 40 प्रतिशत कार्य को अब 37.75 करोड़ रुपए की लागत से पूरा किया जाएगा।
इस लंबे समय से अधूरे प्रोजेक्ट को पूरा करने की दिशा में यह एक बड़ा कदम माना जा रहा है, जिससे राजधानी की ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार आने की उम्मीद है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ में हफ्तेभर से जारी बारिश की रफ्तार 1 जून से धीमी पड़ गई है। सिनॉप्टिक सिस्टम के बदलाव के चलते अगले 5 दिन मौसम ड्राई रहेगा। यानी इस दौरान बहुत ज्यादा बारिश होने की संभावना नहीं है। अगले 48 घंटे में अधिकतम तापमान में 2-4 डिग्री की बढ़ोतरी होगी, जिससे गर्मी बढ़ेगी।
मौसम विभाग ने रायपुर, दुर्ग, सरगुजा और बस्तर संभाग के जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान बादल गरजने, बिजली गिरने और तेज हवा चलने की संभावना है। वहीं बिलासपुर संभाग के जिलों में मौसम सामान्य रहेगा।
पिछले 24 घंटे में प्रदेश का अधिकतम तापमान 39.3 डिग्री बिलासपुर में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम तापमान 21.2 डिग्री गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में रहा। कोरबा जिले में 60 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।
पिछले 6 दिन में बारिश की रफ्तार में उतार-चढ़ाव जारी रहा। रविवार को कुछ जिलों में ही बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार अगले 5 दिनों तक प्रदेश का मौसम ड्राई रहेगा, हालांकि कुछ जिलों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है।
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने रविवार को बुद्ध जयंती के अवसर पर कोंडागांव जिले के भोंगापाल में भगवान गौतम बुद्ध की पूजा-अर्चना कर प्रदेश की जनता की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। इस दौरान बोधगया से पधारे बौद्ध साधुवृन्द भंते अश्वजीत महाथेरा, भंते ज्ञानवंश थेरो, भंते शीलवंश थेरो, भंते प्रमोद एवं भंते डीन वियतनाम द्वारा बुद्धम शरणम गछम मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजा-अर्चना करवाया गया। यहां यह उल्लेखनीय है कि भोंगापाल 6 वीं शताब्दी का चैत्य है, जहां भगवान बुद्ध की प्रतिमा विराजमान है।
यह एक प्रसिद्ध धार्मिक पर्यटन स्थल है। इस मौके पर विधायक केशकाल श्री नीलकंठ टेकाम सहित क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों के अलावा कमिश्नर बस्तर श्री डोमन सिंह, आईजी श्री सुंदरराज पी., कलेक्टर नुपुर राशि पन्ना, एसपी श्री वाय अक्षय कुमार और अन्य अधिकारी तथा बड़ी संख्या में बौद्ध धर्म के अनुयायी मौजूद थे।
बिलासपुर. छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर से फर्जी सर्पदंश का मामला सामने आया है. लगभग 18 महीने बाद एसडीएम और तहसीलदार की मौजूदगी में दफन किए गए शव को बाहर निकाला गया. शव को पोस्टमार्टम के लिए सिम्स के मर्चूरी भेजा गया.
दरअसल, यह पूरा मामला बिल्हा थाना क्षेत्र के पोड़ी गांव के निवासी शिव कुमार घृतलहरे की मौत से जुड़ा हुआ है. पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि शिव कुमार ने 12 नवंबर 2023 को जहर खा लिया था और 14 नवंबर को उसकी मौत हो गई थी। आरोप है कि मौत के बाद वकील और डॉक्टर ने परिजनों के साथ मिलकर सर्पदंश की झूठी रिपोर्ट तैयार की और इसके आधार पर सरकार से मुआवजा प्राप्त कर लिया.
इस मामले में पुलिस ने 8 मई को वकील, डॉक्टर और मृतक के परिजनों समेत पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की. बताया जा रहा है कि परिजनों और वकील ने मिलकर मौत को सर्पदंश का मामला बताने की कोशिश की ताकि शासकीय मुआवजा राशि चार लाख रुपये प्राप्त किया जा सके. इस साजिश का मास्टरमाइंड वकील कामता साहू है, जबकि सिम्स की डॉक्टर प्रियंका सोनी पर फर्जी पोस्टमार्टम रिपोर्ट देने का आरोप है.
पुलिस ने इस मामले में IPC की धारा 420 और 120बी समेत अन्य गंभीर धाराओं में अपराध दर्ज किया है और कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है. घटना के लगभग 18 महीने बाद शव को कब्र से निकालकर सिम्स मरच्यूरी भेजा गया. इस प्रक्रिया के दौरान बिल्हा एसडीएम, तहसीलदार और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे. इसके बाद मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा.
रायपुर: छत्तीसगढ़ ने बौद्ध धर्म से जुड़ी सुंदर स्मृतियों को अपनी अमूल्य विरासत के रूप में सहेज कर रखा है। हमारा सौभाग्य है कि भगवान बुद्ध की चेतना का प्रसार समकालीन छत्तीसगढ़ में व्यापक रूप से हुआ और बस्तर की पुण्य धरा इसके साक्ष्य मिले हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज कोण्डागांव जिले के भोंगापाल में भगवान बुद्ध की जयंती के अवसर पर आयोजित बुद्ध महोत्सव और लोकार्पण व भूमिपूजन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री साय ने इस मौके पर कोण्डागांव जिले में 94 करोड़ 18 लाख रूपए से अधिक की लागत वाले विकास कार्यों का लोकार्पण व शिलान्यास कर जिलेवासियों को बड़ी सौगात दी। मुख्यमंत्री और अतिथियों ने भगवान बुद्ध के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि भोंगापाल का धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व इतना अधिक है कि आज यहां जनसैलाब उमड़ पड़ा है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने बस्तर में शांति स्थापना और विकास के लिए कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि पिछले डेढ़ वर्षाे में हमने जो विकास किया है इसे आप सभी जानते है और लाभान्वित भी हो रहे हैं। हमारी सरकार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी की सभी गारंटियों को पूरा करने का काम किया है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पलेना एवं परोदा नदी पर उच्च स्तरीय पुल निर्माण, भोंगपाल बुद्ध महोत्सव के आयोजन के लिए 25 लाख रूपए, सांस्कृतिक दलों को बढ़वा देने के लिए उनके वेश भूषा पहनावा ढोल मांदर सांस्कृतिक गतिविधियों तथा भोंगपाल को सांस्कृतिक पर्यटन क्षेत्र के उन्नयन के लिए एक करोड़ रूपये स्वीकृत किए जाने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री साय ने आगे कहा कि प्रदेश के गरीब व जरूरतमंद परिवारों को हमारी सरकार ने पहली कैबिनेट बैठक में 18 लाख आवास स्वीकृत करने का जो सिलसिला शुरू किया था, वह अनवरत जारी है। श्री साय ने कहा कि नक्सल पीड़ित और आत्मसमर्पित नक्सलियों के लिए भी 15 हजार आवास स्वीकृत किए गए है और विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए भी लगातार आवास देने का काम हमारी सरकार कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की 70 लाख से अधिक माताओं बहनों को महतारी वंदन योजना की राशि नियमित रूप से दी जा रही है।
सुशासन तिहार में प्रदेशव्यापी भ्रमण के दौरान अनेक माताओं बहनों ने महतारी वंदन योजना से जीवन में आए बदलावों के बारे में मुझे बताया है। नारायणपुर प्रवास के दौरान एक अबूझमाड़िया बहन ने बताया कि योजना से मिली राशि से उन्होंने सिलाई मशीन खरीदी और अब उसे अच्छी आय हो रही है। पूरे प्रदेश में महिलाओं को आर्थिक संबल मिल रहा है, जो इस बात का प्रमाण है कि हम अपने उद्देश्य में सफल हो रहे हैं। मुख्यमंत्री ने हाल ही ग्राम पंचायत भवनों में शुरू हुए अटल डिजिटल सुविधा केंद्र के माध्यम से ग्रामीणों को मिल रही बैंकिंग सुविधाओं के बारे में जानकारी दी और कहा कि आने वाले एक साल में सभी पंचायतों में यह सुविधा प्रारंभ होगी।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बस्तर की प्राकृतिक सुंदरता देश विदेश में प्रसिद्ध है और इस क्षेत्र में पर्यटन बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि बस्तर में शांति स्थापित हो इसके लिए हमारे जवान नक्सलियों से डटकर मुकाबला कर रहे हैं। हमारी डबल इंजन की सरकार नक्सलियों के उन्मूलन के लिए प्रतिबद्ध है और बस्तर में शांति स्थापना के अपने संकल्प को हम पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि बस्तर में नियद नेल्लानार योजना के माध्यम से सुदूर इलाकों तक मूलभूत सुविधाएं पहुंचाई जा रही है। श्री साय ने कहा कि खेती से लेकर पर्यटन तक को बढ़ावा देने का काम हमारी सरकार कर रही है। इसी आशय से पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिया गया है। प्रदेश सरकार युवाओं के हित में लगातार भर्तियां भी कर रही है और जल्द ही 5000 शिक्षकों की भर्ती की स्वीकृति भी दी जाएगी।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कार्यक्रम में आत्मसमर्पित नक्सली और नक्सल पीड़ित परिवार के लोगांे को जाति प्रमाण पत्र, पीएम आवास के हितग्राहियों को चाबी प्रदान की। मुख्यमंत्री श्री साय ने विभिन्न विभागीय स्टालों का अवलोकन कर कृषि विभाग, समाज कल्याण विभाग, मत्स्य विभाग, श्रम विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों को विभिन्न उपकरण और सामग्रियां वितरित की।
कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि बस्तर परिवर्तन की करवट ले रहा है, अंचल में शांति की स्थापना हो रही है। उन्होंने भोंगापाल में स्थित छठवीं शताब्दी की ऐतिहासिक बुद्ध प्रतिमा और बुद्ध विहार का उल्लेख करते हुए कहा कि बस्तर में भगवान बुद्ध का गहरा प्रभाव रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार बस्तर के समग्र विकास के लिए समर्पित होकर कार्य कर रही है। उन्होंने राज्य सरकार के जनहितैषी योजनाओं से प्रदेशवासियों के जीवन में आ रहे सकारात्मक बदलाव का विशेष रूप से जिक्र किया। डॉ. सिंह ने कार्यक्रम के सफल आयोजन पर आयोजकों को शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर उद्योग मंत्री श्री लखनलाल देवांगन, वन मंत्री श्री केदार कश्यप, सांसद श्री महेश कश्यप, विधायक सुश्री लता उसेंडी, विधायक श्री नीलकंठ टेकाम, बौद्ध धर्मगुरु भदन्त आर्य नागार्जुन सुरई ससई, श्री अनिल खोब्रागड़े संयोजक बुद्ध महोत्सव और बड़ी संख्या में बौद्ध समाज के अनुयायी, प्रबुद्धजन मौजूद थे।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के उच्च शिक्षा विभाग ने पहली बार राज्य के सरकारी विश्वविद्यालयों के बेहतर समन्वय और प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए नोडल अफसरों की नियुक्ति की है। यह निर्णय विश्वविद्यालयों से जुड़ी शिकायतों और समस्याओं के त्वरित निराकरण के उद्देश्य से लिया गया है।
इस संबंध में उच्च शिक्षा सचिव एस. भारतीदासन ने विभागीय अधिकारियों के साथ विशेष बैठक की थी। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि प्रत्येक विश्वविद्यालय से सीधा समन्वय स्थापित करने और वहां की प्रशासनिक चुनौतियों को समझने के लिए संचालनालय स्तर के अफसरों को जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
उच्च शिक्षा आयुक्त संतोष देवांगन के निर्देश पर संचालनालय में पदस्थ वरिष्ठ अधिकारियों को अलग-अलग विश्वविद्यालयों के लिए नोडल अफसर नियुक्त किया गया है। इस क्रम में ज्वाइंट डायरेक्टर पंकज कुमार मेहता को कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता विश्वविद्यालय का नोडल अफसर बनाया गया है। वहीं, डॉ. जी. ए. घनश्याम को गाहिरा गुरू विश्वविद्यालय अंबिकापुर और पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर की जिम्मेदारी दी गई है।
इस पहल से न केवल विश्वविद्यालयों के प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि छात्र, शिक्षक और अन्य कर्मचारियों से जुड़ी समस्याओं का समाधान भी समय पर हो सकेगा। विभाग को उम्मीद है कि इस व्यवस्था से विश्वविद्यालयों के बीच समन्वय और सुधार की दिशा में एक नया अध्याय शुरू होगा।

कवर्धा । छत्तीसगढ़ के गंडई-कवर्धा में दर्दनाक हादसा हुआ है, तेज रफ़्तार हाइवा ने बाइक को पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में दादा-पोते की मौके पर ही मौत हो गई है। वहीं, दादी की हालत गंभीर है, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के मुताबिक, घटना गंडई थाना क्षेत्र के सुरही नदी पुल के पास की है। साजा ब्लाॅक के ग्राम पदमी निवासी परमेश्वर निर्मलकर अपनी पत्नी इंद्राणी निर्मलकर और पोता डिकेश निर्मालकर के साथ लमरा गांव अपनी बेटी के घर आये थे। आज (रविवार) की सुबह तीनों एक बाइक में सवार होकर अपने गांव पदमी लौट रहे थे।
इसी दौरान सुरही नदी पुल के पास पीछे से आ रही तेज रफ़्तार हाइवा ने बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना जबरदस्त था कि बाइक से तीनों उछलकर सड़क पर जा गिरे। दर्दनाक घटना में दादा और पोते की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, दादी को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इस घटना के बाद आरोपी हाइवा चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर हाइवा चालक की तलाश कर रही है। फिलहाल पुलिस ने मृतकों के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच में जुट गई है।
रायपुर । राजधानी के मरीन ड्राइव चौक पर रविवार सुबह एक बड़ा हादसा टल गया, जब तिरंगा यात्रा के दौरान एक विशालकाय होर्डिंग का लोहे का फ्रेम गिर पड़ा। हादसे में दो कारें क्षतिग्रस्त हो गईं, हालांकि सवारों को गंभीर चोट नहीं आई। घटना के चलते इलाके में कुछ देर तक ट्रैफिक जाम की स्थिति भी बनी रही।
पुराने होर्डिंग बन रहे जानलेवा खतरा
बारिश और आंधी-तूफान के इन दिनों में पुराने व जर्जर होर्डिंग व स्वागत गेट के स्ट्रक्चर गिरने का खतरा लगातार बढ़ रहा है। निगम प्रशासन ने पिछले महीने स्ट्रक्चर की जांच और एड फर्मों से सुरक्षा गारंटी सर्टिफिकेट मांगा था, लेकिन यह अभियान शुरू होते ही ठंडे बस्ते में चला गया।
सैकड़ों होर्डिंग हादसे को न्योता दे रहे
शहरभर में लगे सैकड़ों कमजोर और झुके हुए होर्डिंग, निगम की अनदेखी के कारण किसी बड़ी अनहोनी को दावत दे रहे हैं। इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़े किए हैं कि निगम कब तक हादसे के इंतजार में बैठा रहेगा?
शहरवासियों की सुरक्षा के लिए पुराने और असुरक्षित होर्डिंग्स पर सख्त कार्रवाई जरूरी है। प्रशासन को चाहिए कि सभी स्ट्रक्चर्स की दोबारा जांच कराए और असुरक्षित होर्डिंग्स को तत्काल हटवाए, ताकि भविष्य में कोई जानलेवा हादसा न हो।
दुर्ग । जिले के जीई रोड पर दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया जब रायपुर से लौट रहे चाचा-भतीजे की बाइक को ट्रेलर ने कुचल दिया। हादसा इतना भयानक था कि चाचा की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि भतीजे ने इलाज के दौरान रास्ते में दम तोड़ दिया
मिली जानकारी अनुसार मामला जिले के भिलाई चरोदा के ज्योति विद्यालय के पास का है। छावनी थाना क्षेत्र के रजा मस्जिद के पास रहने वाले मोहनीश कुरैशी अपने भतीजे सोहान कुरैशी के साथ रायपुर से लौट रहे थे। मोहनीश फेरी का काम करता था और सोहान हाल ही में उत्तर प्रदेश से उससे मिलने आया था। जैसे ही दोनों बाइक से चरोदा पहुंचे, वहां एक तेज रफ्तार ट्रेलर ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में मोहनीश की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, नाबालिग सोहान को गंभीर हालत में जिला अस्पताल ले जाया जा रहा था लेकिन रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी ट्रेलर चालक को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच जारी है।





























