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रायपुर में अब नियमित रूप से इंटरनेशनल टी-20, वनडे, टेस्ट और आईपीएल के मैच किए जाएंगे आयोजित

रायपुर में अब नियमित रूप से इंटरनेशनल टी-20, वनडे, टेस्ट और आईपीएल के मैच किए जाएंगे आयोजित

 00 जून में सीसीपीएल से होगी शुरुआत, अक्टूबर में होगा भारत-जिम्बाब्वे महिला टी-20 सीरीज

रायपुर। आईपीएल के सफल आयोजन के बाद छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में स्थित शहीद वीरनारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में अब नियमित रूप से इंटरनेशनल टी-20, वनडे, टेस्ट और आईपीएल के मैच आयोजित किए जाएंगे और इसकी शुरुआत 16 अक्टूबर से शुरु हो रहे भारत और जिम्बाब्वे महिला टीम के बीच सीमित ओवरों की सीरीज से होने जा रही है। इसकी घोषणा बीसीसीआई ने की है। टी-20 सीरिज के बाद वनडे मुकाबले बड़ौदा में खेले जाएंगे। वहीं दूसरी ओर जून में सीसीपीएल का आयोजन किया जाएगा। पिछले दो साल से लगातार हो रही इस लीग को प्रदेश में अच्छा रिस्पॉन्स मिला है। लीग का आयोजन आईपीएल की तर्ज पर किया जाता है, जिसमें प्रदेश की कई फ्रेंचाइजी टीमें हिस्सा लेती हैं।

यहां यह बताना जरुरी होगा कि पहली बार भारतीय महिला क्रिकेट टीम राजधानी रायपुर में इंटरनेशनल मुकाबला खेलेगी। वहीं जिम्बाब्वे महिला टीम का यह पहला भारत दौरा होगा। अब तक दोनों टीमों के बीच कोई भी सीधी सीरीज नहीं हुई है। इससे पहले दोनों का सामना सिर्फ आईसीसी टूर्नामेंट और क्वालिफायर मुकाबलों में हुआ है। वहीं दूसरी ओर साल 2027 में महिला टी-20 चैंपियंस ट्रॉफी प्रस्तावित है। ऐसे में टीमों को ज्यादा से ज्यादा इंटरनेशनल मैच प्रैक्टिस देने पर जोर दिया जा रहा है। रायपुर में सीरीज आयोजित होना इस बात का संकेत माना जा रहा है कि अब महिला क्रिकेट के बड़े मुकाबलों के लिए भी शहर को प्राथमिकता दी जा रही है।

राजधानी रायपुर में स्थित शहीद वीरनारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के बीसीसीआई के अधीन आने के बाद रायपुर में क्रिकेट गतिविधियां तेजी से बढ़ी हैं। आईपीएल से पहले न्यूजीलैंड और भारत का वनड़े मुकाबला हुआ था जिसमें भारत ने एकतरफा जीत दर्ज की थी और अब आईपीएल मुकाबलों के सफल आयोजन के बाद अब महिला टी-20 इंटरनेशनल मैच भी शहर को मिल गया है। इसकी तैयारी में अभी से छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ जुट गया है। बीसीसीआई अधिकारियों के मुताबिक रोटेशन पॉलिसी के तहत अब रायपुर में नियमित रूप से इंटरनेशनल टी-20, वनडे, टेस्ट और आईपीएल मैच आयोजित किए जाएंगे। इससे राजधानी देश के उभरते क्रिकेट हब के रूप में अपनी मजबूत पहचान बना पाएगी।

 

 

 

हर घर में पढ़ाई का एक कोना हो, तभी बच्चे आगे बढ़ेंगे- राज्यपाल डेका

हर घर में पढ़ाई का एक कोना हो, तभी बच्चे आगे बढ़ेंगे- राज्यपाल डेका

 00 बैगा विद्यार्थियों और महिलाओं से मिले राज्यपाल, शिक्षा और आत्मनिर्भरता पर दिया जोर

00 कबीरधाम जिले के सुदूर वनांचल ग्राम ढोलबज्जा पहुंचे राज्यपाल

रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका ने आज कबीरधाम जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र ग्राम ढोलबज्जा पहुंचकर बैगा विद्यार्थियों और बैगा महिला स्व-सहायता समूहों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों से उनके सपनों, पढ़ाई और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा करते हुए उन्हें आगे बढऩे के लिए प्रेरित किया।
राज्यपाल डेका ने कहा कि हर घर में एक कोना सिर्फ पढ़ाई के लिए होना चाहिए। तभी बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ पाएंगे। उन्होंने अभिभावकों से कहा कि भले ही वे स्वयं स्कूल नहीं जा पाए हों, लेकिन अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा के लिए जरूर स्कूल भेजें। उन्होंने शिक्षा दूत के रूप में कार्य कर रहे शिक्षकों और युवाओं से कहा कि वे ड्रॉप आउट बच्चों को भी फिर से स्कूल से जोडऩे का प्रयास करें। उन्होंने विद्यार्थियों को घर और आसपास साफ-सफाई रखने के लिए जागरूक किया और कहा कि नई पीढ़ी को स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति सजग बनाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना का उद्देश्य विशेष पिछड़ी जनजातियों के जीवन स्तर और औसत आयु में सुधार लाना है।

इस दौरान बैगा छात्रा हेमकुमारी ने बताया कि उसने 12वीं कक्षा में 88 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं और वर्तमान में नीट की तैयारी कर रही है। वहीं गायत्री मोरावी ने बीएससी नर्सिंग करने की इच्छा जताई। शिक्षा दूत के रूप में कार्य कर रहे नितेश बैगा ने बताया कि वे बैगा बच्चों को नियमित रूप से स्कूल आने और पढ़ाई के लिए प्रेरित करते हैं। राज्यपाल  डेका ने कहा कि यह गर्व की बात है कि अब बैगा समाज के बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ रहे हैं। डॉक्टर, नर्स और अन्य क्षेत्रों में जाने का सपना देख रहे हैं तथा दूसरे बच्चों को भी प्रेरित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।
राज्यपाल डेका ने कहा कि शासन द्वारा पीएम आवास, आयुष्मान कार्ड सहित विभिन्न योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। इस दौरान उन्होंने लखपति दीदियों से उनके कार्यों और आय के स्रोतों के बारे में जानकारी ली। जय लक्ष्मी स्वच्छता समूह से जुड़ी रजतिन मरावी ने बताया कि वे बांस से सूपा, टोकरी जैसे विभिन्न सामग्री तैयार करती हैं, जिससे उन्हें एक लाख रुपये तक की आय हुई है। वहीं सुखिया बैगा ने बताया कि वे सूकर पालन का कार्य कर रही हैं और इससे एक लाख रुपये से अधिक की आय अर्जित कर चुकी हैं।

राज्यपाल डेका ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र की महिलाएं आज आत्मनिर्भरता की दिशा में बेहतर कार्य कर रही हैं, लेकिन इसमें और अधिक संभावनाएं हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिलाओं को वैल्यू एडिशन और प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई जाए, ताकि उनके उत्पादों को बेहतर बाजार मिल सके। उन्होंने महिलाओं को ट्राइबल मिलेट्स की खेती और उससे जुड़े उत्पाद तैयार करने के लिए भी प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक महिलाएं समूहों से जुड़ें और अपने उत्पादों का निर्माण बढ़ाकर स्थानीय बाजारों में विक्रय करें, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति और मजबूत हो सके। इस दौरान उन्होंने पीएम जनमन आवास के तहत बैगा परिवार को आवास की चाबी दी साथ ही शौचालय के लिए स्वीकृति पत्र प्रदान किया।
इस दौरान कलेक्टर गोपाल वर्मा ने बताया कि इस इसमें 4 गांव शामिल हैं, जहां लगभग 1100 की आबादी निवास करती है। उन्होंने जानकारी दी कि यहां जनमन योजना के तहत 248 आवास स्वीकृत किए गए हैं। वहीं बिहान योजना के अंतर्गत 22 स्व-सहायता समूह सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं, जिनमें 18 बैगा समूह शामिल हैं। उन्होंने बताया कि स्व-सहायता समूहों की महिलाएं बांस से विभिन्न उपयोगी सामग्री तैयार करने, राजमिस्त्री कार्य तथा स्कूलों में मध्यान्ह भोजन संचालन जैसे कार्यों से जुड़कर आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।

राज्यपाल  डेका ने छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) से जुड़ी बैगा महिलाओं से भी मुलाकात की और उनके आत्मनिर्भरता की दिशा में किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने महिलाओं की कहानियां सुनते हुए कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना का मुख्य उद्देश्य विशेष पिछड़ी जनजातियों की संस्कृति को संरक्षित रखते हुए उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोडऩा है।

मुख्यमंत्री ने सुशासन तिहार के दौरान रायगढ़ में एफएसएल लैब का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री ने सुशासन तिहार के दौरान रायगढ़ में एफएसएल लैब का किया शुभारंभ

 00 अत्याधुनिक प्रयोगशाला के शुरू होने से रायगढ़, सक्ती और सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिलों की पुलिस जांच व्यवस्था को मिलेगी बड़ी मजबूती

00 स्थानीय स्तर पर होगी वैज्ञानिक जांच, अपराध अनुसंधान को मिलेगी नई दिशा

00 अत्याधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट से सशक्त होगी पुलिस विवेचना
रायपुर।
सुशासन तिहार के अवसर पर मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने रायगढ़ के राजामहल के पास क्षेत्रीय न्यायिक विज्ञान प्रयोगशाला (एफएसएल लैब) का विधिवत शुभारंभ किया। इस अत्याधुनिक प्रयोगशाला के शुरू होने से रायगढ़, सक्ती और सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिलों की पुलिस जांच व्यवस्था को बड़ी मजबूती मिलेगी। अब हत्या, दुष्कर्म, आत्महत्या और एनडीपीएस जैसे गंभीर मामलों की वैज्ञानिक जांच के लिए नमूनों को बिलासपुर भेजने की आवश्यकता काफी हद तक समाप्त हो जाएगी।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार कानून व्यवस्था को आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक जांच प्रणाली से मजबूत बनाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। आज के समय में अपराधों की जांच केवल पारंपरिक तरीकों से संभव नहीं है। वैज्ञानिक साक्ष्य और फॉरेंसिक जांच अपराधियों तक पहुंचने का सबसे प्रभावी माध्यम बन चुके हैं। रायगढ़ में इस अत्याधुनिक प्रयोगशाला के शुरू होने से पुलिस को बड़ी सुविधा मिलेगी और अपराध अनुसंधान अधिक प्रभावी होगा।

वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने क्षेत्रीय न्यायिक विज्ञान प्रयोगशाला के शुभारंभ को रायगढ़ जिले के लिए ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में कानून व्यवस्था को आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक संसाधनों से मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि रायगढ़ में एफएसएल लैब शुरू होने से अपराध जांच की प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और प्रभावी बनेगी। अब स्थानीय स्तर पर ही वैज्ञानिक परीक्षण होने से पुलिस को समय पर जांच रिपोर्ट मिलेगी और पीडि़तों को जल्द न्याय मिल सकेगा।
उल्लेखनीय है कि अब तक पुलिस को ब्लड सैंपल, विसरा, स्लाइड, मादक पदार्थ, केमिकल और अल्कोहल जांच के लिए बिलासपुर स्थित विधि विज्ञान प्रयोगशाला पर निर्भर रहना पड़ता था। इससे जांच प्रक्रिया में समय लगता था और कई मामलों के निराकरण में देरी होती थी। लेकिन रायगढ़ में क्षेत्रीय एफएसएल शुरू होने के बाद अधिकांश परीक्षण स्थानीय स्तर पर ही संभव होंगे। इससे विवेचना की समय-सीमा घटेगी और लंबित मामलों के निपटारे में तेजी आएगी।
इस अवसर पर लोकसभा सांसद  राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद  देवेन्द्र प्रताप सिंह, नगर निगम रायगढ़ के महापौर जीवर्धन चौहान, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक  शशि मोहन सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।

 

 

 

वनांचल के लोगों को बड़ी सौगात, धरमजयगढ़ के गंवरघुटरी में बनेगा 100 बिस्तरों का अत्याधुनिक बहुउद्देशीय अस्पताल

वनांचल के लोगों को बड़ी सौगात, धरमजयगढ़ के गंवरघुटरी में बनेगा 100 बिस्तरों का अत्याधुनिक बहुउद्देशीय अस्पताल

 00 सुशासन तिहार के दौरान वनांचल क्षेत्र के विकास और स्वास्थ्य सेवाओं को मिली नई गति

रायपुर। रायगढ़ जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र धरमजयगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम गंवरघुटरी अब स्वास्थ्य सुविधाओं के क्षेत्र में एक नई पहचान बनाने जा रहा है। प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की संवेदनशील पहल और राज्य शासन की जनकल्याणकारी सोच के परिणामस्वरूप यहां 100 बिस्तरों वाला अत्याधुनिक बहुउद्देशीय अस्पताल स्थापित किया जाएगा। इस अस्पताल के निर्माण से धरमजयगढ़ सहित आसपास के वनांचल क्षेत्रों में रहने वाले हजारों ग्रामीणों, विशेष रूप से आदिवासी और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी।

छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार ग्राम गंवरघुटरी, तहसील धरमजयगढ़ की 2 हेक्टेयर भूमि 30 वर्ष की अस्थायी लीज पर अजीम प्रेमजी फाउंडेशन को आबंटित की गई है। इस भूमि पर फाउंडेशन द्वारा गरीबों और जरूरतमंद लोगों के लिए नि:शुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 100 बिस्तरों का अस्पताल बनाया जाएगा।

मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय शनिवार को प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार के तहत रायगढ़ जिले के दौरे पर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने बिलासपुर संभाग के जांजगीर-चांपा, कोरबा और रायगढ़ जिलों की समीक्षा बैठक ली। समीक्षा बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने अजीम प्रेमजी फाउंडेशन को भूमि आबंटन आदेश की प्रति सौंपते हुए कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक विकास और मूलभूत सुविधाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना शासन की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री  साय के साथ प्रदेश के वित्तमंत्री ओपी चौधरी, सांसद  राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद  देवेंद्र प्रताप सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि विशेष तौर पर उपस्थित थे।

उल्लखेनीय है कि यह अस्पताल क्षेत्र के लोगों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं का एक बड़ा केंद्र बनेगा। वर्तमान में धरमजयगढ़ और आसपास के कई ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को गंभीर बीमारी या विशेष उपचार के लिए रायगढ़, बिलासपुर अथवा अन्य बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है। इससे समय और आर्थिक दोनों प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। अस्पताल बनने के बाद स्थानीय स्तर पर बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे ग्रामीणों को त्वरित उपचार मिल सकेगा। अस्पताल में सामान्य चिकित्सा, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाएं, आपातकालीन उपचार, जांच सुविधाएं तथा अन्य आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध रहेगी। इससे वनांचल क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं का स्तर मजबूत होगा और ग्रामीणों को गुणवत्तापूर्ण इलाज के लिए दूर-दराज नहीं जाना पड़ेगा।

अस्पताल का संचालन गरीबों के लिए नि:शुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया जाएगा। शासन द्वारा निर्धारित शर्तों के अनुसार भूमि का उपयोग केवल अस्पताल एवं स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कार्यों के लिए ही किया जा सकेगा। साथ ही पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, जल एवं वायु प्रदूषण नियंत्रण संबंधी नियमों तथा अन्य वैधानिक प्रावधानों का पालन करना अनिवार्य होगा। शासन द्वारा यह भी सुनिश्चित किया गया है कि भूमि का उपयोग केवल निर्धारित उद्देश्य के लिए ही किया जाए तथा समय-समय पर प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा इसका निरीक्षण किया जाता रहे।राज्य शासन के इस फैसले का वनांचल क्षेत्र के ग्रामीणों ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे स्वास्थ्य सुविधाओं की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है। स्थानीय लोगों का मानना है कि अस्पताल निर्माण से न केवल बेहतर उपचार सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि क्षेत्र में रोजगार और अन्य सामाजिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।

 

 

 

केन्द्रीय गृह मंत्री शाह के दृढ़ संकल्प से बस्तर हुआ नक्सली हिंसा से मुक्त : देव

केन्द्रीय गृह मंत्री शाह के दृढ़ संकल्प से बस्तर हुआ नक्सली हिंसा से मुक्त : देव

 00 मुख्यमंत्री साय के नेतृत्व में बस्तर अब बंदूक नहीं, विकास और खुशहाली की राह पर अग्रसर

रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बस्तर आगमन प्रदेश और विशेषकर बस्तर संभाग की जनता के लिए ऐतिहासिक होगा। देव ने कहा कि शाह का बस्तर दौरा इस क्षेत्र की शांति, सुरक्षा और समृद्धि के लिए मील के पत्थर के समान है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष देव ने केंद्रीय गृह मंत्री शाह के रणनीतिक कौशल की चर्चा करते हुए कहा कि जब से केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केन्द्रीय गृह मंत्री के रूप में शाह ने कमान संभाली है, तब से नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई एक निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुकी है। देव ने कहा कि शाह ने देश से वामपंथी उग्रवाद को जड़ से उखाड़ फेंकने का जो संकल्प लिया था, उसका सबसे सकारात्मक असर हमारे बस्तर में देखने को मिल रहा है। बस्तर जो कभी नक्सली हिंसा के साये में जीने को मजबूर था, आज वहां भय का माहौल खत्म हो रहा है। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनते ही नक्सलियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई गई है। शाह के कुशल मार्गदर्शन और राज्य पुलिस व केंद्रीय सुरक्षा बलों के आपसी तालमेल के कारण आज देश में नक्सलवाद बैकफुट पर है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष  देव ने कहा कि बस्तर के सुदूर अंचलों में नए सुरक्षा कैम्प स्थापित कर सुरक्षा घेरा मजबूत किया गया है। भाजपा की राज्य सरकार केवल सुरक्षा के मोर्चे पर ही नहीं, बल्कि बस्तर के सर्वांगीण और सर्वतोमुखी विकास के लिए चौतरफा कार्य कर रही है। बस्तर का विकास हमारी सरकार की प्राथमिकताओं में सबसे ऊपर है। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना नियद नेल्लानार के माध्यम से बस्तर के प्रभावित और अंदरूनी गाँवों तक बुनियादी सुविधाएँ पहुँचाई जा रही हैं। सुरक्षा कैम्पों के आसपास के गाँवों में सड़क, बिजली, शुद्ध पेयजल, स्कूल, अस्पताल और राशन जैसी मूलभूत सुविधाएँ युद्ध स्तर पर मुहैया कराई जा रही हैं। इसी तरह भाजपा सरकार आदिवासियों के जल, जंगल और जमीन के अधिकारों की रक्षा के लिए पूरी तरह समर्पित है। तेंदूपत्ता संग्रहण दर में ऐतिहासिक वृद्धि कर इसे 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा करना और चरण पादुका जैसी योजनाओं को पुनर्जीवित करना इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है। इसके साथ ही स्थानीय आदिम संस्कृति, देवगुडिय़ों और पारंपरिक उत्सवों के संरक्षण के लिए विशेष बजट और संसाधन आवंटित किए गए हैं।

देव ने कहा कि बस्तर को मुख्यधारा से जोडऩे के लिए सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है, पुल-पुलियों का निर्माण हो रहा है और मोबाइल कनेक्टिविटी को सुदूर गाँवों तक पहुँचाया जा रहा है ताकि बस्तर का युवा भी डिजिटल इण्डिया का हिस्सा बन सके। इसी प्रकार अंदरूनी क्षेत्रों में बंद पड़े स्कूलों को दोबारा शुरू किया जा रहा है। बस्तर के युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाएँ प्रदान करने के लिए मेडिकल कॉलेज, अस्पताल और कौशल विकास केंद्रों को सुदृढ़ किया जा रहा है। देव ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का यह दौरा बस्तर के नागरिकों और हमारे सुरक्षा बलों के जवानों में एक नई ऊर्जा और विश्वास का संचार करेगा। बस्तर अब लाल आतंक के दौर से बाहर निकलकर हरी-भरी खुशहाली और अमृत काल के विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। वह दिन दूर नहीं, जब बस्तर देश के सबसे विकसित क्षेत्रों में गिना जाएगा।

सुशासन तिहार में रायगढ़ पहुंचे मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज दिव्यांशु को किया सम्मानित

सुशासन तिहार में रायगढ़ पहुंचे मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज दिव्यांशु को किया सम्मानित

 00 मुख्यमंत्री ने कहा - दिव्यांशु ने विश्व रिकॉर्ड बनाकर रायगढ़, छत्तीसगढ़ और देश को किया गौरवान्वित

00 10 मीटर एयर राइफल मिक्स्ड टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर दिव्यांशु ने रचा इतिहास

रायपुर। सुशासन तिहा के अवसर पर रायगढ़ प्रवास पर पहुंचे मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय ने कलेक्टोरेट स्थित सृजन सभाकक्ष में अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज दिव्यांशु देवांगन को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने दिव्यांशु को मेडल पहनाकर तथा पुरस्कार भेंट कर उनकी ऐतिहासिक उपलब्धि पर बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
दिव्यांशु देवांगन ने मिस्र की राजधानी कायरो में आयोजित आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप 2026 में 10 मीटर एयर राइफल मिक्स्ड टीम स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इतना ही नहीं, उन्होंने विश्व रिकॉर्ड स्थापित कर रायगढ़, छत्तीसगढ़ और पूरे देश को अंतरराष्ट्रीय मंच पर गौरवान्वित किया है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे प्रदेश में खुशी और गर्व का माहौल है।

मुख्यमंत्री ने दिव्यांशु की माता-पिता और दादी से भी मुलाकात की तथा दिव्यांशु की सफलता के लिए उन्हें बधाई दी। उन्होंने कहा कि दिव्यांशु की उपलब्धि पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि दिव्यांशु ने अपनी मेहनत, अनुशासन और लगन से यह साबित कर दिया है कि छोटे शहरों की प्रतिभाएं भी विश्व मंच पर देश का नाम रोशन कर सकती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को हर संभव प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस अवसर पर प्रदेश के वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक  ओ.पी.चौधरी ने भी दिव्यांशु देवांगन को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर छत्तीसगढ़ का नाम देश और विदेश में ऊंचा किया है। उन्होंने कहा कि दिव्यांशु जैसे खिलाड़ी प्रदेश के युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत हैं और उनकी उपलब्धि आने वाली पीढि़यों को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।
दिव्यांशु देवांगन की इस उपलब्धि को रायगढ़ जिले के लिए ऐतिहासिक माना जा रहा है। कायरो में आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में दुनिया के कई देशों के प्रतिभागियों के बीच दिव्यांशु ने अद्भुत एकाग्रता और आत्मविश्वास का परिचय देते हुए भारत को स्वर्ण पदक दिलाया। उनके प्रदर्शन ने न केवल भारत को शीर्ष स्थान दिलाया, बल्कि नया विश्व रिकॉर्ड बनाकर इतिहास भी रच दिया। दिव्यांशु की सफलता से युवा खिलाडि़यों में नई प्रेरणा जागी है। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यह उपलब्धि आने वाले समय में छत्तीसगढ़ के खेल परिदृश्य को नई पहचान देगी। रायगढ़ सहित पूरे प्रदेश में दिव्यांशु को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। रायगढ़ के इस होनहार खिलाड़ी की सफलता ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मेहनत और समर्पण से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।

इस अवसर पर सांसद  राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद  देवेंद्र प्रताप सिंह, विधायक  लालजीत सिंह राठिया, जिला पंचायत अध्यक्ष शिखा रविंद्र गबेल, महापौर जीवर्धन चौहान, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव  सुबोध कुमार सिंह, विशेष सचिव रजत बंसल, आईजी  रामगोपाल गर्ग सहित रायगढ़, कोरबा और जांजगीर-चांपा जिले के कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, डीएफओ, जिला पंचायत सीईओ एवं अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

कार्यपालन अभियंता सस्पेंड : इस लापरवाही पर सख्त हुआ विभाग, तत्काल प्रभाव से किया निलंबित, देखें आदेश…!!

कार्यपालन अभियंता सस्पेंड : इस लापरवाही पर सख्त हुआ विभाग, तत्काल प्रभाव से किया निलंबित, देखें आदेश…!!

 जांजगीर। जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता शशांक सिंह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। जल संसाधन विभाग ने आदेश जारी कर शशांक सिंह को निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई ड्राइवर से मोबाइल में अमर्यादित भाषा का उपयोग करने पर की गई है।

शशांक सिंह के ड्राइवर से अमर्यादित वार्तालाप का ऑडियो वायरल हुआ था, जिसमें ड्राइवर को प्रताड़ित करने और अधिकारियों पर अशोभनीय टिप्पणी की गई थी। वाइरल ऑडियो को लेकर जिला प्रशासन ने शशांक सिंह के साथ ड्राइवर शशिकांत से जवाब मांगा था।

संतोषजनक जवाब नहीं पाए जाने पर शशांक सिंह को विभाग ने तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए नवा रायपुर स्थित प्रमुख अभियंता कार्यालय में अटैच किया है।

देखें आदेश…

ब्रेकिंग : छत्तीसगढ़ के दिग्गज भाजपा नेता का निधन, संभाल रहे थे इस बोर्ड के अध्यक्ष की जिम्मेदारी

ब्रेकिंग : छत्तीसगढ़ के दिग्गज भाजपा नेता का निधन, संभाल रहे थे इस बोर्ड के अध्यक्ष की जिम्मेदारी

 कांकेर। छत्तीसगढ़ मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष और बीजेपी के वरिष्ठ नेता भारत मटियार का इलाज के दौरान निधन हो गया। उनके निधन की खबर से राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है। जानकारी के अनुसार करीब एक महीने पहले उन्हें हार्ट अटैक आया था, जिसके बाद उनका इलाज हैदराबाद के एक अस्पताल में चल रहा था। उपचार के दौरान उनकी हालत लगातार गंभीर बनी हुई थी। आज उन्होंने अंतिम सांस ली।

उनके निधन की सूचना मिलते ही भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक व्याप्त है कई राजनीतिक नेताओं और सामाजिक संगठनों ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की है। भरत मटियारा को सरल स्वभाव और जनसरोकारों से जुड़े नेता के रूप में जाना जाता था। उनके निधन को भाजपा के लिए बड़ी क्षति माना जा रहा है।

CG – रेलवे ट्रैक पर मिला युवक का क्षत-विक्षत शव, आत्महत्या या फिर….

CG – रेलवे ट्रैक पर मिला युवक का क्षत-विक्षत शव, आत्महत्या या फिर….

 मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर। जिले से सनसनीखेज मामला सामने आया है। जहां रेलवे स्टेशन के पास पटरी पर एक अज्ञात युवक का शव मिला है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार युवक ने पटरी पर लेटकर आत्महत्या की है। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। हालांकि, मृतक युवक की अब तक शिनाख्त नहीं हो सकी है।

बता दें कि हादसे की सूचना पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। मृतक युवक ट्रैक पर पड़ा हुआ था, जिसका सिर ट्रेन की चपेट में आने धड़ से अलग हो गया था। बहरहाल, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।

CG WEATHER : रायपुर समेत कई जिलों में आंधी-बारिश का असर, 20 मई के बाद फिर बढ़ेगी भीषण गर्मी

CG WEATHER : रायपुर समेत कई जिलों में आंधी-बारिश का असर, 20 मई के बाद फिर बढ़ेगी भीषण गर्मी

 रायपुर।  छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई जिलों में शनिवार को मौसम ने अचानक करवट ले ली। तेज आंधी, गरज-चमक और झमाझम बारिश से कई इलाकों में आषाढ़ जैसा माहौल बन गया। तेज हवाओं के कारण कई जगह बड़े पेड़ गिर गए, जिससे सड़कें बाधित रहीं और कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। रविवार सुबह तक कई इलाकों में गिरे पेड़ों को हटाने का काम जारी रहा।मौसम विभाग के अनुसार बस्तर संभाग को छोड़कर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में सोमवार से मौसम साफ होने लगेगा। आसमान साफ होने के साथ ही दिन के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी और मई के आखिरी सप्ताह तक प्रदेश के कई हिस्सों में लू चलने की स्थिति बन सकती है।

मौसम वैज्ञानिक एच.पी. चंद्रा ने बताया कि बंगाल की खाड़ी, अंडमान-निकोबार क्षेत्र और विभिन्न चक्रवाती परिसंचरणों की वजह से प्रदेश में भारी मात्रा में नमी पहुंची है। दोपहर की तेज गर्मी और नमी के मेल से लोकल सिस्टम सक्रिय हुए, जिसके कारण कई जिलों में तेज बारिश और गरज-चमक देखने को मिली। रविवार को भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश, अंधड़ और वज्रपात की संभावना बनी हुई है।

दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दाब क्षेत्र और पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम में बदलाव जारी है। मौसम विभाग ने नारायणपुर, कांकेर, बालोद, राजनांदगांव, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, कोरबा, जशपुर, दुर्ग, बेमेतरा, कबीरधाम, मुंगेली, सरगुजा, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर समेत कई जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में तेज आंधी, बिजली गिरने और बारिश की चेतावनी दी गई है।

वहीं राजधानी रायपुर में आज आसमान में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। शहर का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी है।

जनगणना 2027: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की 'सुशासन नीति' का असर

जनगणना 2027: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की 'सुशासन नीति' का असर

 छत्तीसगढ़ में 60% से अधिक मकान सूचीकरण का कार्य पूरा

​गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) ने रचा इतिहास, 100% लक्ष्य हासिल कर राज्य में बना नंबर-1 जिला

​मुख्यमंत्री ने मैदानी टीमों को दी बधाई; बड़े शहरों और नगर निगमों के सुस्त प्रदर्शन पर जताई चिंता, गति बढ़ाने के दिए कड़े निर्देश

​रायपुर-- छत्तीसगढ़ में आगामी राष्ट्रीय जनगणना 2027 को लेकर प्रशासनिक तैयारियां युद्ध स्तर पर चल रही हैं। राज्य के सभी जिलों और नगर निगमों में मकान सूचीकरण ब्लॉकों (HLB) के गठन और सत्यापन का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। हाल ही में जारी आधिकारिक प्रगति रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में अब तक कुल 60.73% कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस महाअभियान में डिजिटल टेक्नोलॉजी के सटीक समन्वय से कुल 48,742 ब्लॉकों में से 29,602 ब्लॉकों का कार्य पूर्ण हो चुका है।

सटीक जनगणना से ही हर गरीब तक पहुंचेगा सुशासन —मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय

राज्य की इस प्रगति पर मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने संतोष व्यक्त करते हुए गौरेला- पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिला प्रशासन और प्रदेश भर के प्रगणकों को बधाई दी है। उन्होंने कहा, "हमारी सरकार 'सबका साथ, सबका विकास' और सुशासन के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है। आगामी जनगणना 2027 के ये आंकड़े भविष्य में छत्तीसगढ़ के विकास, जनकल्याणकारी योजनाओं और नीति निर्धारण की मजबूत बुनियाद बनेंगे। डिजिटल तकनीकों का उपयोग कर समय-सीमा में कार्य पूर्ण करना सराहनीय है। जिन बड़े शहरों या नगर निगमों में गति धीमी है, वहां के अधिकारी मैदानी मॉनिटरिंग बढ़ाएं और जल्द से जल्द इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य को गति दें।

​गौरेला-पेंड्रा-मरवाही ने मारी बाजी, कई जिले शत-प्रतिशत के करीब

राज्य स्तर पर जिलों के प्रदर्शन को देखा जाए तो आदिवासी बहुल गौरेला-पेंड्रा- मरवाही (GPM) जिला सूची में शीर्ष पर है, जिसने अपने सभी 528 मकान सूचीकरण ब्लॉकों का कार्य 100% पूरा कर लिया है। इसके बाद जशपुर (99.87%) और मोहला- मानपुर-अंबागढ़ चौकी (99.84%) जिले भी पूर्णता के बेहद करीब हैं। इसके अलावा बेमेतरा (97.8%) और मुंगेली (96.52%) जिलों में भी काम लगभग खत्म होने की कगार पर है।

​कलेक्टर की रणनीति आई काम

GPM जिले के इस शानदार प्रदर्शन और 'शून्य पेंडेंसी' के मॉडल पर कलेक्टर डॉ. संतोष कुमार देवांगन ने अपनी टीम की पीठ थपथपाते हुए कहा कि यह सफलता हमारे स्थानीय प्रगणकों (Enumerators), पर्यवेक्षकों (Supervisors) और जिला प्रशासन की बेहतरीन टीम भावना का परिणाम है। भौगोलिक रूप से दुर्गम और आदिवासी बहुल क्षेत्र होने के बावजूद हमने माइक्रो-प्लानिंग के तहत काम किया। हर चार्ज नंबर की रोजाना डिजिटल मॉनिटरिंग की गई, जिससे 17 मई की मध्यरात्रि को डेटा पोर्टल पर सिंक होते ही हमने 100% पूर्णता का लक्ष्य हासिल कर लिया। अब हम अगले चरण के प्रशिक्षण और मैदानी सत्यापन के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

​बड़े शहरों और नगर निगमों की रफ्तार सुस्त, रायपुर-भिलाई पिछड़े

एक तरफ जहां ग्रामीण और दूरस्थ जिलों ने बाजी मारी है, वहीं राज्य के बड़े शहरों और नगर निगम (Municipal Corporation) क्षेत्रों में काम की रफ्तार चिंताजनक रूप से धीमी दर्ज की गई है। ​रायगढ़ नगर निगम सूची में सबसे निचले पायदान पर है, जहां महज 4.65% काम ही पूरा हो सका है। औद्योगिक हब भिलाई नगर में केवल 7.84% और रिसाली में 8.33% कार्य ही संपन्न हुआ है। राजधानी रायपुर की बात करें तो यहां कुल 1,964 ब्लॉकों में से केवल 203 ही पूरे हो पाए हैं, जो कि कुल लक्ष्य का मात्र 10.34% है।

​प्रशासनिक मुस्तैदी का असर

राहत की बात यह है कि राज्य के अधिकांश जिलों में 'HLBs Not Started' (कार्य शुरू नहीं हुआ) का आंकड़ा शून्य है। इसका साफ मतलब है कि मैदानी स्तर पर प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय है। कबीरधाम के महज 1 ब्लॉक को छोड़कर हर जगह काम शुरू हो चुका है। वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि बचे हुए 'प्रगति पर' (In Progress) कार्यों को भी जल्द से जल्द पूरा करने के लिए नगर निगम आयुक्तों और जिला कलेक्टर्स को विशेष नोडल अधिकारी तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं।​

CG : खुशियों के बीच पसरा मातम, बहन की शादी में शामिल होने आई महिला की सड़क हादसे में मौत

CG : खुशियों के बीच पसरा मातम, बहन की शादी में शामिल होने आई महिला की सड़क हादसे में मौत

 सूरजपुर। छोटी बहन की शादी में शामिल होने मायके आई एक 24 वर्षीय विवाहिता की सड़क हादसे में मौत हो गई। घटना के बाद जिस घर में शादी की तैयारियों और खुशियों का माहौल था, वहां अचानक मातम पसर गया।

जानकारी के अनुसार धरतीपारा निवासी ज्योति प्रजापति पति भानु प्रजापति अपनी छोटी बहन के विवाह समारोह में शामिल होने मायके देवनगर आई हुई थी।

घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं और परिवार के सदस्य खरीदारी में जुटे थे। बुधवार को ज्योति अपने भाई के साथ पल्सर बाइक पर सवार होकर शॉपिंग के लिए देवनगर बाजार गई थी।

बताया जा रहा है कि बाजार क्षेत्र में अचानक एक स्कूटी सवार से बाइक की टक्कर हो गई। बाइक के पीछे बैठी ज्योति उछलकर सड़क पर सिर के बल गिर पड़ी।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सड़क पर बिखरी गिट्टी उसके सिर में जा घुसी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लोगों की भीड़ जुट गई।

खून से लथपथ हालत में स्वजन और स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल देवनगर अस्पताल पहुंचाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए सूरजपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया।

जिला अस्पताल में भी हालत नाजुक बनी रहने पर डाॅक्टरों ने उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर भेज दिया। लेकिन जिंदगी की जंग लड़ रही ज्योति ने अंबिकापुर पहुंचने से पहले ही दम तोड़ दिया।

बिश्रामपुर के समीप रास्ते में उसकी मौत हो गई। जैसे ही यह दुखद खबर स्वजन तक पहुंची, शादी वाले घर में चीख-पुकार मच गई। जिस घर में कुछ ही घंटों बाद शादी की रस्में होनी थीं, वहां मातम छा गया।

पुलिस ने मर्ग कायम कर पंचनामा एवं पोस्टमार्टम की कार्रवाई के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है। घटना के बाद पूरे गांव और रिश्तेदारों में शोक का माहौल है। स्थानीय लोगों ने सड़क पर बिखरी गिट्टी और यातायात अव्यवस्था को हादसे की बड़ी वजह बताया है।

अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना ही भाजपा का लक्ष्य” — बृजमोहन अग्रवाल

अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना ही भाजपा का लक्ष्य” — बृजमोहन अग्रवाल

 रायपुर । “भारतीय जनता पार्टी केवल चुनाव जीतने वाला संगठन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण के संकल्प के साथ कार्य करने वाला परिवार है। भाजपा की सबसे बड़ी ताकत उसका समर्पित कार्यकर्ता है। कार्यकर्ता ही संगठन और सरकार की असली शक्ति हैं।” यह कहना है सांसद एवं वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल का..

जिन्होंने चंपारण में आयोजित पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान के अंतर्गत भाजपा रायपुर ग्रामीण जिला के दो दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग के समापन सत्र में “अंत्योदय से संतृप्ति” विषय पर कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया।मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए सांसद  अग्रवाल ने कहा कि
उन्होंने कहा कि आज कार्यकर्ताओं को सुविधाजनक माहौल में काम करने का अवसर मिला है। एक समय ऐसा भी था जब भाजपा और जनसंघ के कार्यकर्ताओं को संघर्ष, आंदोलन, जेल और लाठीचार्ज का सामना करना पड़ता था। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन के अनुभव साझा करते हुए कहा कि विद्यार्थी परिषद और भाजपा के दिनों में उन्होंने 60 बार जेल यात्रा की, कई आंदोलनों में डंडे खाए, लेकिन तब भी मन में केवल राष्ट्र और संगठन की भावना थी।

सांसद अग्रवाल ने कहा कि आज केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में और छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार के रहते कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी और बढ़ गई है। अब आंदोलन नहीं, बल्कि जनता की सेवा, योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना और समाज के हर वर्ग के जीवन में परिवर्तन लाना हमारा दायित्व है।

उन्होंने कहा कि अंत्योदय की अवधारणा पंडित दीन दयाल उपाध्याय जी ने दी थी, जिसका उद्देश्य समाज के सबसे अंतिम, सबसे गरीब और सबसे जरूरतमंद व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुँचाना है। भाजपा सरकार उसी विचार को आगे बढ़ाते हुए गरीब कल्याण की योजनाओं को 100 प्रतिशत पात्र हितग्राहियों तक पहुँचाने के लक्ष्य के साथ कार्य कर रही है।

सांसद  अग्रवाल ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे अपने-अपने गांव, वार्ड और बूथ में नियमित रूप से लोगों के बीच जाएं, उनकी समस्याओं को समझें और योजनाओं का लाभ दिलाने में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि कई बार कार्यकर्ताओं को स्वयं योजनाओं की पूरी जानकारी नहीं होती, जबकि मजदूरों, महिलाओं, किसानों, विद्यार्थियों और गरीब परिवारों के लिए केंद्र और राज्य सरकार की अनेक योजनाएं संचालित हो रही हैं।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार किसानों से देश में सबसे अधिक समर्थन मूल्य पर धान खरीद रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से लाखों गरीबों को पक्के मकान मिल रहे हैं। जल जीवन मिशन के जरिए गांव-गांव तक पेयजल पहुँचाने का कार्य चल रहा है। इन योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुँचाना कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है।

सांसद अग्रवाल ने कहा कि भाजपा के कार्यकर्ताओं को अपने वैचारिक पुरोधाओं के जीवन को पढ़ना और समझना चाहिए। उन्होंने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, पंडित दीन दयाल उपाध्याय और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के संघर्ष, सिद्धांत और राष्ट्रसेवा को कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा बताया।

उन्होंने कहा कि आज भारतीय जनता पार्टी जिस विशाल वटवृक्ष के रूप में खड़ी है, वह इन महापुरुषों के त्याग, तपस्या और संघर्ष का परिणाम है। अटल जी के शब्दों को याद करते हुए उन्होंने कहा — “अंधेरा छटेगा, सूरज निकलेगा और कमल खिलेगा”, और आज पूरा देश उस कमल की छाया में विकास और सुशासन का अनुभव कर रहा है।

शिविर में मंत्री  टंक राम वर्मा , विधायक अनुज शर्मा ,  इंद्र कुमार साहू ,  गणेश शंकर मिश्रा , जिला पंचायत अध्यक्ष  नवीन अग्रवाल ,  श्याम नारंग , वर्ग अधिकारी  संदीप जी समेत बड़ी संख्या में प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहेa

बस्तर के बच्चों की खेल प्रतिभा तराशने जल्द शुरू होगी अकादमी

बस्तर के बच्चों की खेल प्रतिभा तराशने जल्द शुरू होगी अकादमी

 बस्तर के पहले आवासीय खेल अकादमी की तैयारी तेज, खेल संचालक ने तैयारियों का लिया जायजा

एथलेटिक्स, फुटबाॅल तथा आर्चरी का दिया जाएगा प्रशिक्षण, प्रवेश के लिए जल्द आयोजित किया जाएगा चयन ट्रायल

रायपुर. 16 मई 2026. बस्तर के बच्चों की खेल प्रतिभा और कौशल को तराशने खेल एवं युवा कल्याण विभाग जगदलपुर में जल्द ही नई अकादमी खोलने जा रहा है। यह बस्तर अंचल का पहला आवासीय खेल अकादमी होगा। यहां बालकों को एथलेटिक्स, फुटबाॅल और आर्चरी का प्रशिक्षण दिया जाएगा। अकादमी में प्रवेश के लिए विभाग द्वारा जल्द ही चयन ट्रायल आयोजित किया जाएगा।

खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक  तनुजा सलाम ने आज जगदलपुर पहुंचकर अकादमी शुरू करने की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने बस्तर के खेल अधिकारियों से चर्चा कर मौजूदा अधोसंरचनाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने उपलब्ध आवास व्यवस्था, भोजन व्यवस्था, चयन ट्रायल की प्रक्रिया, विद्यालय सुविधा, वाहन व्यवस्था, खेल सामग्री तथा आवास सहित सभी मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने प्रस्तावित अकादमी भवन का अवलोकन कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को खिलाड़ियों के लिए बेहतर वातावरण एवं सुविधाएं उपलब्ध कराने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

सलाम ने कहा कि बस्तर क्षेत्र में आवासीय खेल अकादमी प्रारंभ होने से स्थानीय प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण एवं सुविधाएं प्राप्त होंगी, जिससे क्षेत्र के खिलाड़ी राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे और पदक अर्जित कर सकेंगे। इस अकादमी से बस्तर के नैसर्गिक प्रतिभावान खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण, डाइट, आधुनिक उपकरण, आवास, शिक्षा, बीमा, किट, इलाज, उच्च स्तरीय प्रतियोगिताओं में भागीदारी आदि की सुविधा खेल विभाग से मिलेगी।

खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा अकादमी में प्रवेश के लिए जल्द ही चयन ट्रायल विज्ञापन जारी किया जाएगा, जिसमें 13 वर्ष से 17 वर्ष आयु वर्ग के बालक खिलाड़ी भाग ले सकेंगे। एथलेटिक्स में 20, फुटबाॅल में 25 तथा आर्चरी में 20 खिलाड़ियों का चयन आवासीय अकादमी में प्रशिक्षण के लिए किया जाएगा।

खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक तनुजा सलाम ने खेलो इंडिया लघु केन्द्र पण्डरीपानी में संचालित हाॅकी सेंटर का भी दौरा किया। उन्होंने यहां छात्रावास भवन और जिम हाॅल का निरीक्षण कर केन्द्र में प्रशिक्षणरत खिलाड़ियों की संख्या और उपलब्ध खेल सामग्रियों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने खिलाड़ियों से मिलकर प्रशिक्षण और अन्य सुविधाओं का फीडबैक भी लिया।

सेहत के साथ युवाओं को मिल रही मुख्यधारा की रोशनी  जिला प्रशासन की अनूठी पहल से संवर रही जिंदगी

सेहत के साथ युवाओं को मिल रही मुख्यधारा की रोशनी जिला प्रशासन की अनूठी पहल से संवर रही जिंदगी

 5 साल पुराने माइग्रेन से मुक्त हुईं सीमा

रायपुर, 16 मई 2026/बीते पांच साल सुकमा निवासी 39 वर्षीय  सीमा सिंह के लिए किसी दुःस्वप्न से कम नहीं थे। माइग्रेन के दर्द से तड़पती सीमा ने राहत की चाह में दूर-दूर के बड़े शहरों के चक्कर काटे, एलोपैथी की ढेरों दवाइयां खाईं, लेकिन बीमारी जस की तस रही। निराशा के इन बादलों के बीच उम्मीद की एक किरण तब जागी, जब वे बीते 4 मई को 'आयुष स्पेशलिटी क्लिनिक सुकमा' पहुँचीं। यहाँ अनुभवी चिकित्सक डॉ. मनोरंजन पात्रो की देखरेख में लगभग एक सप्ताह तक चले आयुर्वेदिक इलाज, सटीक दवाइयों और पंचकर्म की 'शिरोधारा' पद्धति के जादू ने कमाल कर दिया। वर्षों पुराना वह दर्द गायब हो गया जिसने उनकी रातों की नींद छीन रखी थी। दर्द से इस मुफ्ती ने सीमा के चेहरे पर मुस्कान लौटा दी है, जिसके लिए उन्होंने दिल से शासन-प्रशासन का आभार जताया है।

बदलती स्वास्थ्य व्यवस्था की सुखद तस्वीर
सीमा सिंह की यह मुस्कान सुकमा जिला प्रशासन के उन संजीदा प्रयासों का नतीजा है, जो दूरदराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को आम लोगों तक पहुँचाने के लिए किए जा रहे हैं। कलेक्टर श्री अमित कुमार के पदभार संभालते ही जिला आयुष चिकित्सालय की तस्वीर बदलने के प्रयास तेज कर दिए गए। अस्पताल में न केवल बुनियादी ढाँचे को मजबूत किया गया, बल्कि पारंपरिक और बेहद असरदार 'पंचकर्म' चिकित्सा की भी शुरुआत की गई। प्रशासन की इसी विशेष पहल का असर है कि आज यह अस्पताल रविवार को छोड़कर सप्ताह के छह दिन पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है, जहाँ हर दिन औसतन 14 से 15 मरीज डॉ. पात्रो की देखरेख में नया और स्वस्थ जीवन पा रहे हैं।

बंदूकों के साए से बाहर, मुख्यधारा का सहारा
कलेक्टर  अमित कुमार की यह मुहिम सिर्फ मरीजों को ठीक करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बेहद संवेदनशील और मानवीय दृष्टिकोण भी छिपा है। जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के साथ-साथ सुकमा के युवाओं के पुनर्वास की भी एक अनूठी मिसाल पेश की है। कलेक्टर की विशेष पहल पर दो आत्मसमर्पित युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ा गया और उन्हें इसी आयुष चिकित्सालय में 'कलेक्टर दर' पर सम्मानजनक रोजगार प्रदान किया गया। कभी गुमराह रहे इन युवाओं के हाथों को रोजगार देकर प्रशासन ने न सिर्फ उनके परिवारों को आर्थिक सुरक्षा दी है, बल्कि जिले में शांति और विकास का एक नया अध्याय भी लिखा है।

मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के सुशासन का सुकमा मॉडल
सुकमा का आयुष चिकित्सालय आज सिर्फ एक अस्पताल नहीं, बल्कि उम्मीद और पुनर्वास का एक जीवंत केंद्र बन चुका है। एक तरफ जहाँ असाध्य बीमारियों से जूझ रहे आम नागरिकों को सुकमा की वादियों में ही विश्वस्तरीय आयुर्वेदिक और पंचकर्म उपचार मिल रहा है, वहीं दूसरी तरफ भटके हुए युवाओं को रोजगार देकर देश की मुख्यधारा में वापस लाया जा रहा है। स्वास्थ्य क्रांति और सामाजिक सुधार के इस बेजोड़ संगम ने साबित कर दिया है कि अगर प्रशासनिक इच्छाशक्ति मजबूत हो, तो नक्सल प्रभावित माने जाने वाले सुकमा जैसे दूरस्थ अंचलों में भी संवेदनशीलता और सुशासन की नई इबारत लिखी जा सकती है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने डीएमएफ कार्यों में तेजी लाने अतिरिक्त तकनीकी ढांचे के गठन के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने डीएमएफ कार्यों में तेजी लाने अतिरिक्त तकनीकी ढांचे के गठन के दिए निर्देश

खनन प्रभावित गांवों को मॉडल विलेज के रूप में विकसित करने पर विशेष जोर

रायपुर 16 मई 2026/मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने रायगढ़ में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान दंतेवाड़ा, रायगढ़ और कोरबा जैसे खनन प्रभावित जिलों में जिला खनिज न्यास (DMF) की राशि के प्रभावी और त्वरित उपयोग को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन जिलों में विकासकार्यों की संख्या और दायरा लगातार बढ़ रहा है, ऐसे में वर्तमान तकनीकी एवं इंजीनियरिंग स्टाफ पर्याप्त नहीं है। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को अतिरिक्त डिवीजन गठित करने तथा आवश्यक तकनीकी अमले की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि डीएमएफ की राशि का उपयोग केवल निर्माण कार्यों तक सीमित न रहे, बल्कि इसका प्रत्यक्ष लाभ खनन प्रभावित गांवों के लोगों को दिखाई देना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन गांवों में खनन गतिविधियां संचालित हो रही हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर “मॉडल विलेज” के रूप में विकसित किया जाए। इन गांवों में सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, खेल, सामुदायिक भवन और अन्य मूलभूत सुविधाओं का बेहतर विकास सुनिश्चित किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि खनिज संपदा से समृद्ध क्षेत्रों के लोगों को विकास का पहला अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करते हुए डीएमएफ राशि के उपयोग में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

 

जनता की सेवा ही हमारा कर्तव्य, सुशासन तिहार जनविश्वास का माध्यम : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

जनता की सेवा ही हमारा कर्तव्य, सुशासन तिहार जनविश्वास का माध्यम : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

 लेमरू पहुंचे मुख्यमंत्री, चौपाल लगाकर सुनी ग्रामीणों की समस्याएं

दूरस्थ क्षेत्रों में विकास कार्यों की घोषणाएं, मेधावी विद्यार्थियों को दिए टैबलेट

रायपुर 16 मई 2026/ सुशासन तिहार के अंतर्गत आज कोरबा विकासखंड के दूरस्थ ग्राम लेमरू में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय शामिल हुए।

मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि जनता के आशीर्वाद से सरकार बनी है और उनकी सेवा करना ही सरकार का परम कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार सरकार की जनता तक सीधी पहुंच और संवेदनशील कार्यशैली का प्रतीक है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि 1 मई से प्रारंभ हुआ सुशासन तिहार 10 जून तक संचालित होगा, जिसके माध्यम से प्रदेशभर में आम लोगों की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार परिवार का मुखिया परिवार के सुख-दुख और जरूरतों का ध्यान रखता है, उसी भावना से सरकार भी गांव-गांव पहुंचकर योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा कर रही है और लोगों की समस्याएं सुन रही है। उन्होंने बताया कि वे स्वयं भी अचानक गांवों में पहुंचकर पेड़ के नीचे चौपाल लगाकर आम जनता से संवाद कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि प्रदेश में महिलाओं, किसानों, श्रमिकों, वनवासियों और गरीब परिवारों के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। महतारी वंदन योजना के तहत 70 लाख महिलाओं को हर माह आर्थिक सहायता दी जा रही है। प्रदेश में 18 लाख प्रधानमंत्री आवासों की स्वीकृति दी गई है, जिनमें बड़ी संख्या में आवास बनकर तैयार हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि तेंदूपत्ता संग्रहण दर को बढ़ाकर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा किया गया है तथा किसानों से रिकॉर्ड मूल्य पर धान खरीदी की जा रही है।

उद्योग मंत्री  लखनलाल देवांगन ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार ने “मोदी की गारंटी” के अधिकांश वादों को कम समय में पूरा किया है। गांव-गांव तक योजनाओं का लाभ पहुंचाकर गरीबों, किसानों और जरूरतमंदों को राहत दी जा रही है। उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से मुख्यमंत्री स्वयं प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचकर जनता से सीधे संवाद कर रहे हैं।

वित्त मंत्री  ओ.पी. चौधरी ने कहा कि भीषण गर्मी के बावजूद मुख्यमंत्री विष्णु देव साय लगातार प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों का दौरा कर रहे हैं। सुशासन तिहार के माध्यम से समस्याओं के त्वरित निराकरण के साथ सरगुजा से बस्तर तक विकास की नई इबारत लिखी जा रही है। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों का मुख्यमंत्री को सुनने और उनसे मिलने पहुंचना जनता के विश्वास और आत्मीय जुड़ाव का प्रतीक है।

शिविर के दौरान मुख्यमंत्री  साय ने लेमरू क्षेत्र के लिए अनेक विकास कार्यों की घोषणा की। उन्होंने सिंचाई के लिए एनीकट निर्माण, पोस्ट मैट्रिक छात्रावास स्थापना, विभिन्न ग्राम पंचायतों में विद्युतीकरण, स्कूल भवन, आंगनबाड़ी भवन, सीसी रोड और पुलिया निर्माण की घोषणाएं कीं।

मुख्यमंत्री ने कक्षा 12वीं बोर्ड परीक्षा में 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले कोरबा जिले के 18 मेधावी विद्यार्थियों को टैबलेट प्रदान कर सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।

शिविर में मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागीय योजनाओं के हितग्राहियों को राशन कार्ड, कृषि उपकरण, ट्राइसाइकिल, श्रवण यंत्र, मछली पालन सामग्री, पंप, पावर स्प्रेयर, सुपोषण टोकरी तथा स्व-सहायता समूहों को प्रोत्साहन राशि के चेक वितरित किए। उन्होंने पीएम आवास योजना के हितग्राहियों से मुलाकात कर योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी भी ली।

इस अवसर पर प्रमुख सचिव सुबोध सिंह, विशेष सचिव  रजत बंसल सहित जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित थे।

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह कल पहुंचेंगे रायपुर, कई कार्यक्रमों में होंगे शामिल, देखिए उनका मिनट टू मिनट पूरा शेड्यूल…..

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह कल पहुंचेंगे रायपुर, कई कार्यक्रमों में होंगे शामिल, देखिए उनका मिनट टू मिनट पूरा शेड्यूल…..

 रायपुर। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह 17 मई की रात 08:30 बजे राजधानी रायपुर पहुंचेंगे। तय कार्यक्रम के अनुसार वे रायपुर एयरपोर्ट से सीधे नवा रायपुर स्थित होटल जाएंगे, जहां रात्रि विश्राम करेंगे। 18 मई की सुबह 10:30 बजे गृहमंत्री अमित शाह राजधानी के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां वे डायल 112 सेवा के लिए शामिल किए गए नए वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे।

शहर और स्थानीय मार्गदर्शिका

दोपहर 12:20 बजे केंद्रीय गृहमंत्री शाह रायपुर से जगदलपुर रवाना होंगे। जगदलपुर पहुंचने के बाद वे नेतानार में जनसुविधा केंद्र का शुभारंभ करेंगे। शाम को जगदलपुर में पुलिस विभाग द्वारा आयोजित लोक सांस्कृतिक कार्यक्रम में भी शामिल होंगे। गृहमंत्री शाह 18 मई की रात जगदलपुर में ही रात्रि विश्राम करेंगे

19 मई को सुबह 11 बजे से जगदलपुर में आयोजित मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह हिस्सा लेंगे। बैठक के बाद उनकी प्रेस कॉन्फ्रेंस भी प्रस्तावित है। दौरे के अंतिम दिन दोपहर करीब 03:40 बजे गृहमंत्री शाह जगदलपुर से दिल्ली के लिए रवाना होंगे। गृहमंत्री के दौरे को लेकर रायपुर और जगदलपुर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रशासन और पुलिस विभाग कार्यक्रमों की तैयारियों में जुटा हुआ है।

 मातम में बदला खुशियों का माहौल छोटी बहन की डोली से पहले उठी बड़ी बहन की अर्थी, परिवार में मचा कोहराम…..

मातम में बदला खुशियों का माहौल छोटी बहन की डोली से पहले उठी बड़ी बहन की अर्थी, परिवार में मचा कोहराम…..

 सूरजपुर। विश्रामपुर क्षेत्र से सड़क हादसे को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। जहां छोटी बहन की शादी में शामिल होने मायके आई एक 24 वर्षीय विवाहिता की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। घटना के बाद जिस घर में शादी की तैयारियों और खुशियों का माहौल था, वहां अचानक मातम पसर गया। परिवार के लोग, जो कुछ घंटों पहले तक विवाह की रस्मों और खरीदारी में व्यस्त थे, अब इस असमय मौत से सदमे में हैं। मृतका की पहचान ज्योति प्रजापति के रूप में हुई है। वह धरतीपारा की रहने वाली थी और अपनी छोटी बहन की शादी में शामिल होने मायके देवनगर आई हुई थी।

घर में शादी का माहौल था और सभी रिश्तेदार तैयारियों में जुटे हुए थे। ज्योति अपने भाई के साथ बाइक पर सवार होकर देवनगर बाजार खरीदारी करने गई थी। बताया जा रहा है कि परिवार शादी के लिए जरूरी सामान खरीदने की तैयारी में था। बाजार क्षेत्र में भीड़भाड़ के बीच अचानक उनकी बाइक की टक्कर एक स्कूटी सवार से हो गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक के पीछे बैठी ज्योति संतुलन खो बैठी और सड़क पर सिर के बल गिर पड़ी। सड़क पर फैली गिट्टी उसके सिर में जा धंसी, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में लोग वहां जमा हो गए। स्थानीय लोगों और परिजनों की मदद से खून से लथपथ हालत में ज्योति को तुरंत देवनगर अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे सूरजपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया।

सूरजपुर जिला अस्पताल में भी ज्योति की हालत नाजुक बनी रही। डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर भेज दिया। परिजन और रिश्तेदार लगातार उसकी जान बचाने की कोशिश में जुटे रहे, लेकिन जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रही ज्योति ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि विश्रामपुर के पास पहुंचने से पहले ही उसकी सांसें थम गईं। जैसे ही यह दुखद खबर परिवार तक पहुंची, शादी वाले घर में चीख-पुकार मच गई।

सीएम हेल्पलाइन 1076 से आम जनता की शिकायतों का होगा समयबद्ध निराकरण

सीएम हेल्पलाइन 1076 से आम जनता की शिकायतों का होगा समयबद्ध निराकरण

 00 जशपुर में अधिकारियों को दिया गया प्रशिक्षण, पारदर्शी और जवाबदेह प्रशासन को मिलेगा नया सशक्त माध्यम

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार प्रदेश के नागरिकों को शासकीय सेवाओं तक सरल पहुंच और उनकी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए राज्य सरकार द्वारा सीएम हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली छत्तीसगढ़ प्रारंभ की जा रही है। सुशासन एवं अभिसरण विभाग के अंतर्गत संचालित इस प्रणाली का उद्देश्य नागरिकों को शिकायत दर्ज कराने, शासकीय योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराने तथा समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के लिए एकीकृत, सुलभ और विश्वसनीय मंच प्रदान करना है।

इसी क्रम में जशपुर जिला पंचायत सभाकक्ष में ब्लॉक एवं जिला स्तरीय अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने कहा कि नागरिकों की समस्याओं का त्वरित एवं संतोषजनक निराकरण सभी अधिकारियों की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराया जाए और शिकायतों के समाधान में गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए।

बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक कुमार, अपर कलेक्टर प्रदीप कुमार साहू, सीएम हेल्पलाइन के जिला स्तरीय नोडल अधिकारी हरिओम द्विवेदी, सभी एसडीएम तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। प्रशिक्षण दल के प्रमुख अनुराग दीवान ने बताया कि सीएम हेल्पलाइन एक केंद्रीकृत और तकनीक आधारित शिकायत निवारण प्रणाली है, जिसके माध्यम से नागरिक फोन, व्हाट्सऐप, वेब पोर्टल, मोबाइल ऐप और लिखित आवेदन के जरिए अपनी शिकायत दर्ज करा सकेंगे। प्रत्येक शिकायत को एक विशिष्ट टोकन नंबर प्रदान किया जाएगा, जिससे उसकी रियल-टाइम ट्रैकिंग संभव होगी।
उन्होंने बताया कि शिकायतों के समाधान के लिए चार स्तरीय तंत्र विकसित किया गया है। इसमें एल-1 पर ब्लॉक स्तर, एल-2 पर जिला स्तर, एल-3 पर संभागीय अथवा निदेशालय स्तर तथा एल-4 पर सचिव या विभागाध्यक्ष स्तर पर शिकायतों का निराकरण किया जाएगा। निर्धारित समयसीमा में समाधान नहीं होने की स्थिति में शिकायत स्वत: अगले स्तर पर प्रेषित हो जाएगी।
सीएम हेल्पलाइन प्रणाली पांच प्रमुख स्तंभों पर आधारित है, जिनमें यूनिक टोकन नंबर के माध्यम से शिकायत ट्रैकिंग, समयबद्ध समाधान हेतु एसएलए आधारित व्यवस्था, समाधान के बाद नागरिकों से संतुष्टि फीडबैक, पारदर्शिता एवं जवाबदेही तथा एमआईएस डैशबोर्ड के माध्यम से सतत निगरानी शामिल हैं।
सीएम हेल्पलाइन कॉल सेंटर वर्ष के 365 दिन, सप्ताह के सातों दिन और 24 घंटे संचालित रहेगा। नागरिक टोल फ्री नंबर 1076 पर कॉल कर, ऑनलाइन पोर्टल, व्हाट्सऐप या लिखित आवेदन के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज करा सकेंगे तथा उसकी स्थिति की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। यह प्रणाली राज्य में पारदर्शी, जवाबदेह और जनकेंद्रित प्रशासन को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार सुशासन को मजबूत करने और आम नागरिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए लगातार कार्य कर रही है।

छत्तीसगढ़ का स्मार्ट रजिस्ट्री मॉडल बना देश के लिए प्रेरणादायी उदाहरण

छत्तीसगढ़ का स्मार्ट रजिस्ट्री मॉडल बना देश के लिए प्रेरणादायी उदाहरण

 00 दो माह में भारत सरकार के अधिकारियों का तीसरा दौरा, सचिव ने की सराहना

रायपुर। छत्तीसगढ़ का स्मार्ट रजिस्ट्री मॉडल अब देशभर के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण बनकर उभरा है। भारत सरकार के भूमि संसाधन विभाग के सचिव  नरेंद्र भूषण ने राज्य के पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग द्वारा किए गए तकनीकी नवाचारों और नागरिक-केंद्रित सुधारों की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ का यह मॉडल अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणादायी है। भारत सरकार के अधिकारियों द्वारा पिछले दो माह में यह तीसरा दौरा है, जो राज्य में लागू स्मार्ट रजिस्ट्री प्रणाली, ऑटो म्यूटेशन और डिजिटल सेवाओं के प्रति बढ़ती राष्ट्रीय रुचि को दर्शाता है।

दो दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान सचिव नरेंद्र भूषण ने मंत्रालय महानदी भवन में पंजीयन विभाग की विस्तृत समीक्षा की। इस अवसर पर भूमि संसाधन विभाग के संयुक्त सचिव नितिन खाडे तथा निदेशक श्याम कुमार भी उपस्थित थे। समीक्षा बैठक में सचिव पंजीयन भुवनेश यादव तथा महानिरीक्षक पंजीयन एवं अधीक्षक मुद्रांक पुष्पेंद्र कुमार मीणा ने विभाग द्वारा पिछले दो वर्षों में किए गए प्रमुख सुधारों और नवाचारों का प्रस्तुतीकरण दिया। प्रस्तुतीकरण में नागरिक सुविधाओं के विस्तार, पंजीयन प्रक्रियाओं के आधुनिकीकरण, डिजिटल सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, पारदर्शिता और सेवा वितरण में सुधार से संबंधित पहलों की जानकारी दी गई। साथ ही विभाग द्वारा विकसित किए जा रहे नेक्स्ट जनरेशन रजिस्ट्री प्लेटफॉर्म की रूपरेखा और भावी कार्यप्रणाली से भी अवगत कराया गया।

सचिव नरेंद्र भूषण ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और पंजीयन मंत्री ओ.पी. चौधरी द्वारा राज्य के नागरिकों को सर्वोत्तम सेवाएं उपलब्ध कराने के प्रयासों की विशेष सराहना की। इसके पश्चात उन्होंने सीबीडी, नवा रायपुर अटल नगर स्थित स्मार्ट उप पंजीयक कार्यालय का निरीक्षण किया और ऑटो म्यूटेशन से एकीकृत एंड-टू-एंड डिजिटल रजिस्ट्री प्रक्रिया का अवलोकन किया। अधिकारियों ने उन्हें संपूर्ण पंजीयन प्रक्रिया, डिजिटल व्यवस्थाओं और नागरिक सुविधाओं की विस्तृत जानकारी दी। निरीक्षण के दौरान सचिव श्री भूषण ने कहा कि पारदर्शी, सरल और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में छत्तीसगढ़ की यह पहल अत्यंत प्रभावी है। उन्होंने कहा कि राज्य का स्मार्ट ऑफिस मॉडल राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने की नीति पर विचार किया जाएगा।

उन्होंने कार्यालय में नागरिकों के लिए उपलब्ध आधुनिक सुविधाओं, पारदर्शी कार्यप्रणाली और नागरिक-अनुकूल वातावरण की भी विशेष सराहना की। भारत सरकार के सचिव ने विश्वास व्यक्त किया कि तकनीक आधारित रजिस्ट्री सेवाओं के विस्तार में छत्तीसगढ़ देश का मार्गदर्शन करेगा।

आकाशवाणी के 90 वर्ष पूरे होने पर देश में भव्य वॉकथन का हुआ आयोजन

आकाशवाणी के 90 वर्ष पूरे होने पर देश में भव्य वॉकथन का हुआ आयोजन

 रायपुर। आकाशवाणी के 90 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आकाशवाणी केन्द्र द्वारा भव्य वॉकथन का आयोजन किया गया। इस आयोजन में आकाशवाणी के वर्तमान कर्मचारी, सेवानिवृत्त अधिकारी-कर्मचारी, समाचार वाचक, श्रोता, युवा वर्ग तथा शहर के अनेक प्रमुख नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य आकाशवाणी की गौरवशाली यात्रा, समाज में उसके योगदान तथा जनसंचार के क्षेत्र में उसकी विश्वसनीय भूमिका को स्मरण करना था।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि दूरदर्शन रायपुर के उप महानिदेशक संजय कुमार मिश्रा थे। विशेष अतिथि के रूप में पत्र सूचना कार्यालय रायपुर के उप निदेशक रमेश जायभाये तथा माय भारत के क्षेत्रीय प्रमुख अर्पित तिवारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में शहर के विभिन्न सामाजिक संगठनों, मीडिया प्रतिनिधियों और युवाओं की भी उल्लेखनीय भागीदारी रही। वॉकथन का शुभारंभ सुबह लगभग सात बजे सिविल लाइंस स्थित आकाशवाणी भवन परिसर से हुआ। प्रतिभागियों ने हाथों में आकाशवाणी के 90 वर्ष पूरे होने से संबंधित संदेश लिखी तख्तियां और बैनर लेकर शहर के प्रमुख मार्गों पर पदयात्रा की। यह वॉकथन आकाशवाणी भवन से प्रारंभ होकर सिविल लाइंस, जयस्तंभ चौक, तेलीबांधा क्षेत्र तथा अन्य प्रमुख मार्गों से होते हुए पुन: आकाशवाणी परिसर में संपन्न हुआ। पूरे मार्ग में प्रतिभागियों में उत्साह और ऊर्जा देखने को मिली।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि संजय कुमार मिश्रा ने कहा कि आकाशवाणी केवल एक प्रसारण संस्था नहीं, बल्कि देश की सांस्कृतिक, सामाजिक और लोकतांत्रिक चेतना का मजबूत माध्यम है। उन्होंने कहा कि पिछले नौ दशकों में आकाशवाणी ने देश के दूरस्थ क्षेत्रों तक सूचना, शिक्षा और मनोरंजन पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने यह भी कहा कि आज डिजिटल युग में भी आकाशवाणी की विश्वसनीयता और जनसरोकार पहले की तरह मजबूत बने हुए हैं।

माय भारत के क्षेत्रीय प्रमुख श्री अर्पित तिवारी ने कहा कि आकाशवाणी ने सदैव युवाओं, किसानों, महिलाओं और समाज के विभिन्न वर्गों के लिए उपयोगी कार्यक्रम प्रस्तुत किए हैं। उन्होंने कहा कि रेडियो आज भी जनसंचार का सबसे सुलभ और प्रभावशाली माध्यम है।

आकाशवाणी केन्द्र रायपुर के उप महानिदेशक वी. राजेश्वर ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि यह आयोजन आकाशवाणी के गौरवशाली नब्बे वर्षों के सफर को यादगार बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि आकाशवाणी ने समय के साथ तकनीकी रूप से स्वयं को लगातार विकसित किया है और आज एफएम, डिजिटल प्लेटफॉर्म तथा मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से भी श्रोताओं तक अपनी पहुंच बना रही है।

शासकीय व्यय में मितव्ययिता और वित्तीय अनुशासन के लिए वित्त विभाग ने जारी किए नए निर्देश

शासकीय व्यय में मितव्ययिता और वित्तीय अनुशासन के लिए वित्त विभाग ने जारी किए नए निर्देश

 00 30 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेंगे निर्देश, सरकारी खर्चों में कटौती और संसाधनों के बेहतर उपयोग पर जोर

रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के वित्त विभाग ने शासकीय व्यय में मितव्ययिता एवं वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से वित्त निर्देश जारी किया है। विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार सभी विभागों, संभागीय आयुक्तों, कलेक्टरों तथा विभागाध्यक्षों को सरकारी संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग तथा अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

 

 

वित्त विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव द्वारा जारी इन निर्देशों का उद्देश्य राज्य के वित्तीय संसाधनों का कुशल प्रबंधन करना और सार्वजनिक व्यय में अनुशासन स्थापित करना है। यह निर्देश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिए गए हैं और 30 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेंगे।
कारकेड वाहनों के उपयोग पर नियंत्रण
निर्देशों के अनुसार मुख्यमंत्री, मंत्रिपरिषद, निगम-मंडल एवं आयोगों के पदाधिकारियों के कारकेड में केवल अत्यावश्यक वाहनों का ही उपयोग किया जाएगा। अन्य शासकीय संसाधनों का भी संयमित उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा।
इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा
राज्य के शासकीय वाहनों को चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक वाहनों में परिवर्तित करने के लिए आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे ईंधन व्यय में कमी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिल सके।
ईंधन और वाहन व्यय में मितव्ययिता
पेट्रोल एवं डीजल पर होने वाले व्यय को न्यूनतम स्तर पर रखने के निर्देश दिए गए हैं। एक ही दिशा में जाने वाले अधिकारियों के लिए वाहन पूलिंग व्यवस्था लागू की जाएगी।
विदेश यात्राओं पर रोक
अत्यंत अपरिहार्य परिस्थितियों को छोड़कर राज्य शासन के व्यय पर शासकीय सेवकों की विदेश यात्राओं पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। आवश्यक होने पर मुख्यमंत्री की पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा।
वर्चुअल बैठकों को प्रोत्साहन
भौतिक बैठकों के स्थान पर वर्चुअल एवं ऑनलाइन बैठकों को बढ़ावा दिया जाएगा। निर्देशों के अनुसार भौतिक बैठकें यथासंभव माह में एक बार ही आयोजित की जाएंगी और विभागीय समीक्षा बैठकें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संचालित होंगी।
ऊर्जा संरक्षण पर विशेष ध्यान
कार्यालयीन समय के बाद सभी विद्युत उपकरण—जैसे लाइट, पंखे, एसी और कंप्यूटर—अनिवार्य रूप से बंद किए जाएंगे। शासकीय भवनों में ऊर्जा की बर्बादी रोकने के लिए आवश्यक उपाय किए जाएंगे।
ई-ऑफिस और डिजिटल कार्यप्रणाली को बढ़ावा
बैठकों में मुद्रित दस्तावेजों के स्थान पर इलेक्ट्रॉनिक फाइलों (पीडीएफ, पीपीटी आदि) का उपयोग किया जाएगा। साथ ही, कार्यालयीन पत्राचार एवं नोटशीट का संचालन अनिवार्य रूप से ई-ऑफिस के माध्यम से किया जाएगा, ताकि कागज और स्टेशनरी व्यय में कमी लाई जा सके।
कर्मयोगी पोर्टल का अधिकतम उपयोग
प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए भौतिक प्रशिक्षण के स्थान पर कर्मयोगी पोर्टल का उपयोग बढ़ाया जाएगा। विभागों को अपने प्रशिक्षण पाठ्यक्रम इस पोर्टल पर अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं। वित्त विभाग ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा है। शासन का मानना है कि इन उपायों से न केवल सरकारी खर्चों में कमी आएगी, बल्कि प्रशासनिक दक्षता और जवाबदेही में भी उल्लेखनीय सुधार होगा।

 

राज्यपाल डेका ने किया पौधरोपण, कवर्धा कलेक्ट्रेट परिसर में रोपा आम का पौधा, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

राज्यपाल डेका ने किया पौधरोपण, कवर्धा कलेक्ट्रेट परिसर में रोपा आम का पौधा, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

 रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका ने कबीरधाम प्रवास के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर कवर्धा में आम का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक पौधरोपण करने और पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की अपील की। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा एवं पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा ने भी पौधरोपण किया।
राज्यपाल डेका ने कहा कि पेड़-पौधे पर्यावरण को स्वच्छ और संतुलित बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि पौधरोपण केवल वर्तमान के लिए ही नहीं, बल्कि आने वाली पीढिय़ों को सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण देने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण प्रयास है। कार्यक्रम में कलेक्टर गोपाल वर्मा, पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेंद्र सिंह, वनमण्डलाधिकारी श्री निखिल अग्रवाल, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

पक्के घर का सपना हुआ साकार : मुख्यमंत्री साय ने लेमरू में हितग्राही धरम सिंह के नए आवास में कराया गृह प्रवेश

पक्के घर का सपना हुआ साकार : मुख्यमंत्री साय ने लेमरू में हितग्राही धरम सिंह के नए आवास में कराया गृह प्रवेश

 00 प्रधानमंत्री आवास योजना से बदली जिंदगी, मुख्यमंत्री ने परिवार से आत्मीय मुलाकात कर जाना हालचाल

रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज कोरबा जिले के लेमरू पहुंचकर प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के हितग्राही  धरम सिंह के नव निर्मित आवास का उद्घाटन एवं गृह प्रवेश कराया। वर्षों तक कच्चे मकान में कठिन परिस्थितियों में जीवन बिताने वाले धरम सिंह के परिवार के लिए यह दिन किसी उत्सव से कम नहीं रहा। मुख्यमंत्री ने परिवार के सदस्यों से आत्मीय मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम जाना और नए घर के लिए शुभकामनाएं दीं।

मुख्यमंत्री  साय ने आवास का अवलोकन करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण जरूरतमंद परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और नई उम्मीद लेकर आई है। उन्होंने कहा कि सरकार अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री साय ने बच्चों को अच्छी शिक्षा प्राप्त कर आगे बढऩे के लिए प्रेरित किया।
मुख्यमंत्री साय ने इस अवसर पर पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत सोलर पैनल स्थापना हेतु डीएमएफ मद से हितग्राही अंशदान की 60 हजार रुपये की राशि प्रदान की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार गरीब और जरूरतमंद परिवारों को केवल आवास ही नहीं, बल्कि बेहतर जीवन के लिए आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री के आगमन से धरम सिंह का परिवार भावुक हो उठा। परिवार ने आत्मीय स्वागत करते हुए प्रधानमंत्री आवास योजना सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से मिले लाभों के लिए आभार व्यक्त किया। पूरे गांव में उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिला। ग्रामीणों ने कहा कि अब योजनाओं का लाभ वास्तव में जरूरतमंदों तक पहुंच रहा है और लोगों का शासन के प्रति विश्वास मजबूत हुआ है। इस अवसर पर उद्योग एवं श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन, वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।