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आंदोलन के कारण मरने वाले किसानों का कोई आंकड़ा नहीं, इसलिए...

आंदोलन के कारण मरने वाले किसानों का कोई आंकड़ा नहीं, इसलिए...

केंद्र सरकार ने संसद में कहा है कि साल भर से चल रहे किसान आंदोलन के दौरान कितने किसानों की मौत हुई है, इसका कोई आंकड़ा नहीं है, इसलिए मुआवजा देने का सवाल ही नहीं उठता. केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने लोकसभा में सांसदों के एक समूह द्वारा 'कृषि कानूनों के आंदोलन' पर उठाए गए सवालों के जवाब में यह बात कही.
अन्य सवालों के अलावा, सांसद आंदोलन के संबंध में किसानों के खिलाफ दर्ज मामलों की संख्या जानना चाहते थे. इसके साथ ही राष्ट्रीय राजधानी में और उसके आसपास चल रहे आंदोलन के दौरान मारे गए किसानों की संख्या पर डेटा और क्या सरकार का उक्त आंदोलन के दौरान मारे गए किसानों के परिजनों को वित्तीय सहायता प्रदान करने का विचार है, इसकी जानकारी भी मांगी गई थी. मंत्रालय का इस पर स्पष्ट उत्तर था कि इस मामले में उसके पास कोई रिकॉर्ड नहीं है और इसलिए वित्तीय सहायता प्रदान करने का प्रश्न ही नहीं उठता.
इस सवाल के पहले भाग में, जवाब देते हुए विस्तृत रूप से बताया गया था कि कैसे सरकार ने स्थिति को काबू में करने के लिए किसान नेताओं के साथ 11 दौर की चर्चा की है. किसान आंदोलन के दौरान मृतक किसानों के परिजनों के लिए पुनर्वास की मांग की गई है. बता दें कि किसान नेताओं ने आंदोलन के दौरान मृतक किसानों को शहीद किसान कहा है. आंदोलन का नेतृत्व करने वाले संयुक्त किसान मोर्चा ने दावा किया है कि पिछले साल से आंदोलन के दौरान लगभग 700 किसान अपनी जान गंवा चुके हैं.

 

अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए कड़े नियम लागू, जानें क्या करें और क्या नहीं...

अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए कड़े नियम लागू, जानें क्या करें और क्या नहीं...

नई दिल्ली, ओमिक्रॉन ने दुनिया की चिंता बढ़ा दी हैं, वहीं भारत सरकार भी पिछली बार की स्थिति को देखते हुए अंतरराष्ट्रीय यात्रियों पर आज, 1 दिसंबर से कड़े प्रतिबंध लागू कर देगी। नए नियमों के तहत यात्रियों के लिए आरटी-पीसीआर टेस्ट अनिवार्य होगा।
केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने मंगलवार को राज्यों को ढिलाई नहीं करने और विभिन्न हवाई अड्डों, बंदरगाहों तथा भू-सीमा से आने वाले अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की कड़ी निगरानी करने की सलाह दी।

क्या करें...
हवाई अड्डों पर उचित दूरी बनाए रखने के नियम का पालन करें।
मास्क जरूर पहनें।
अपने हाथों को साबुन से धोएं या सैनिटाइज करें।
विदेश जाने से पहले अपने पासपोर्ट को वैक्सीन सर्टिफिकेट से लिंक करा लें।
जोखिम वाले देशों से आने वालों के लिए आरटी-पीसीआर टेस्ट अनिवार्य है, जांच के नतीजे आने पर हवाई अड्डे से बाहर जाने की अनुमति नहीं होगी। अत: धैर्य बनाए रखें।
आवश्यकता के अनुरूप एयर सुविधा पोर्टल पर स्व घोषणा फॉर्म भर लेवें।

क्या न करें...
अनजान चीजों को न छुएं।
बहुत जरूरी न हो तो बाहर का खाने से बचें।
हवाई अड्डे पर अनिवार्य आरटी-पीसीआर टेस्ट की रिपोर्ट आने में समय लग सकता है, अत : इस दौरान किसी अन्य जगह के लिए संपर्क उड़ान की बुकिंग ना करें।
जोखिम वाले देशों से आने वालों के लिए अलग स्थान तय रहेगा, उसी परिसर में रहें, कहीं और न जाएं।
 

BIG BREAKING : प्रदेश में विदेश से लौटे 6 लोग निकले कोरोना संक्रमित, संक्रमितों में कोरोना के नए वेरिएंट होने की है आशंका

BIG BREAKING : प्रदेश में विदेश से लौटे 6 लोग निकले कोरोना संक्रमित, संक्रमितों में कोरोना के नए वेरिएंट होने की है आशंका

मुंबई | महाराष्ट्र में दक्षिण अफ्रीका और अन्य जोखिम वाले देशों से लौटे 6 यात्री कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं. इसमें मुंबई, कल्याण-डोंबिवली, मीरा भयंदर और पुणे में 1-1 और पिंपरी चिंचवाड़ में नाइजीरिया से लौटे 2 लोग संक्रमित पाए गए हैं. महाराष्ट्र के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को यह जानकारी दी. विभाग ने बताया कि इन सभी लोगों के सैंपल जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजे गए हैं और उनके कॉन्टैक्ट्स की भी ट्रेसिंग की जा रही है. ये सभी यात्री जो कि संक्रमित पाए गए हैं उनमें संक्रमण के लक्षण या तो हल्के हैं या फिर बिल्कुल भी नहीं हैं.

कोरोना वायरस के नए स्वरूप कोमीक्रोन को लेकर केंद्र ने राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों को जांच में तेजी लाने और अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की प्रभावी निगरानी करने की मंगलवार को सलाह दी है. केंद्र ने साथ ही कहा कि ऐसा नहीं है कि सार्स-सीओवी-2 का ओमिक्रॉन स्वरूप आरटी-पीसीआर और आरएटी जांच की पकड़ में नहीं आता. केंद्र ने यह भी कहा कि ओमिक्रोन स्वरूप का कोई मामला अभी देश में सामने नहीं आया है.

BIG BREAKING : शादी के कुछ घंटो बाद ही दुल्हन हो गई विधवा, दुल्हन को लेकर घर पहुंचते ही दुल्हे की हुई मौत, छाया मातम का माहौल

BIG BREAKING : शादी के कुछ घंटो बाद ही दुल्हन हो गई विधवा, दुल्हन को लेकर घर पहुंचते ही दुल्हे की हुई मौत, छाया मातम का माहौल

बेतिया | बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया में बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है. यहां एक परिवार ने बड़े प्यार से अपनी बेटी को विदा किया था लेकिन शादी के कुछ घंटों के बाद ही दूल्हे की मौत हो गई. इसकी सूचना मिलते ही दोनों परिवारों में कोहराम मच गया. जहां कुछ देर पहले शादी की शहनाई बज रही वहीं मातम पसर गया. बताया जा रहा है शादी होने के बाद जैसे ही दुल्हन को लेकर बारात अपने घर पहुंची, दूल्हे को अचानक से चक्कर आया और उसकी मौत हो गई. जो दुल्हन सोलह श्रृंगार से सजी हुई थी वो कुछ पलों में ही विधवा हो गई. इस दुखद घटना के बाद गांव में मातम पसर गया है.

घटना साठी थाना क्षेत्र के छरदवाली बसंतपुर गांव की है. मिली जानकारी के मुताबिक छरदवाली गांव के चंदेश्वर गिरी के इकलौते बेटे मनीष गिरी की शादी योगापट्टी थाना क्षेत्र के अमैठिया गांव की चंदा से तय हुई थी. सोमवार को मनीष बारात लेकर अमैठिया गांव आया था. वर और वधू का विवाह धूमधाम से सम्पन्न हुआ. लेकिन शादी से ठीक पहले दूल्हा मनीष को चक्कर आया, जिसके बाद वहां मौजूद लोगों ने दवा दिया और उसकी तबियत ठीक हो गई.

शादी के बाद दुल्हन लेकर लाए दुल्हे की अचानक हुई मौत
देर रात लगभग तीन बजे विवाह की सारी रस्में पूरी हो गई और खुशी-खुशी चंदा की डोली उसके घर से उठी. सुबह लगभग पांच बजे मनीष दुल्हन को लेकर अपने घर पहुंचा. दुल्हन को गाड़ी से उतारने की रस्म निभाने के दौरान जैसे ही दुल्हा-दुल्हन गाड़ी से उतर कर घर में जाने लगे वैसे ही मनीष को फिर से चक्कर आया और वो वहीं गिर पड़ा. आनन फानन में घर के लोग मनीष को लेकर जीएमसीएच पहुंचे जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

मनीष की मौत अचानक कैसे हुई इसके बारे में कुछ पता नहीं चल सका है. कहा जा रहा है कि हार्ट अटैक से उसकी मौत हुई है. शादी के कुछ घंटों के अंदर दुल्हे की मौत से जहां परिवार में कोहराम मचा है. वहीं, इलाके के लोग भी हैरान और परेशान हैं.

मनीष अपने घर का इकलौता चिराग था. वो एक पैर से लाचार था इसलिए कुछ काम नहीं कर पाता था. लेकिन उसकी शादी को लेकर उसके माता-पिता ने कई सपने देखे थे जो एक पल में बिखर गया है. परिजन उसका शव लेकर घर चले गए हैं. वहीं, कुछ घंटे पहले दुल्हन बनी चंदा का भी हाल बेहाल है.

BIG BREAKING : आज आधी रात से भारत में लागू हो जायेंगे यात्रा के ये 5 नए नियम, जाने क्या है नियम और इसके लागू होने का कारण

BIG BREAKING : आज आधी रात से भारत में लागू हो जायेंगे यात्रा के ये 5 नए नियम, जाने क्या है नियम और इसके लागू होने का कारण

नई दिल्ली | कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन के खतरे को देखते हुए भारत सरकार ने अंतरराष्ट्रीय यात्रा के लिए नए दिशानिर्देश जारी किए हैं जो कि आज मध्यरात्रि से लागू हो जाएंगे. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को संसद में भी इसकी जानकारी दी. स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि केंद्र ने वैश्विक घटनाक्रमों को देखते हुए इस संबंध में परामर्श जारी किया है और हवाई अड्डों और बंदरगाहों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है. उन्होंने कहा कि संदिग्ध मामलों की जीनोम सीक्वेंसिंग भी की जा रही है.

मांडविया ने कहा कि अभी तक देश में कोरोना वायरस के नए स्वरूप ओमिक्रॉन का कोई मामला सामने नहीं आया है और सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए सभी संभव कदम उठा रही है कि यह देश में नहीं पहुंचे. केंद्र ने कोरोना वायरस के नए स्वरूप ओमिक्रोन को लेकर पैदा चिंताओं के बीच मंगलवार को राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को किसी मामले की जल्द पहचान के लिए जांच बढ़ाने, अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की प्रभावी निगरानी करने और ‘हॉटस्पॉट’ की सख्त निगरानी करने की सलाह दी है. केंद्र सरकार की ओर से किए गए यात्रा के नियमों में बदलाव आज आधी रात से लागू कर दिए जाएंगे.

5 पॉइंट्स में जानते हैं क्या हैं ये नियम-

1) ‘‘जोखिम वाले’’ देशों के अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को आरटी-पीसीआर की जांच रिपोर्ट उपलब्ध होने तक हवाई अड्डों पर इंतजार करने के लिए तैयारी करने की सलाह दी गई है. ऐसे देशों से आने वाले लोग अगर टेस्ट में नेगेटिव पाए जाते हैं तो भी उन्हें सात दिन के लिए होम क्वारंटीन रहना होगा जिसके बाद आठवें दिन उनके सैंपल की फिर से जांच की जाएगी. राज्य के अधिकारी ऐसे लोगों के घरों का दौरा करेंगे और उनके होम आइसोलेशन की दुरुस्त व्यवस्था का मुआयना करेंगे.

2) संक्रमित पाए जाने पर राज्यों को सभी सैंपल्स को जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए आईएनएसएसीओजी (इंडियन सार्स-सीओवी-2 कंसोर्टियम ऑन जिनोमिक्स) प्रयोगशालाओं को तुरंत भेजने के लिए कहा गया है. साथ ही राज्यों को संक्रमित व्यक्तियों के संपर्क में आये व्यक्तियों का पता लगाने के और 14 दिन बाद इसका फॉलो अप लेने के निर्देश दिए गए हैं.

3) "जोखिम वाले" देशों के यात्रियों को टेस्ट के नतीजे आने तक हवाई अड्डों पर प्रतीक्षा करने की तैयारी करने की सलाह दी गई है. फिलहाल भारत ने "जोखिम वाले" देशों की सूची में यूनाइटेड किंगडम, यूरोप के सभी 44 देश, दक्षिण अफ्रीका, ब्राजील, बांग्लादेश, बोत्सवाना, चीन, मॉरिशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, सिंगापुर, हांगकांग और इज़रायल को शामिल किया है.

4) राज्यों को सलाह दी गई है कि वे अपने बचाव उपायों को कम न करें और विभिन्न हवाई अड्डों, बंदरगाहों और सीमापार बिंदुओं से देश में आने वाले अंतरराष्ट्रीय यात्रियों पर कड़ी निगरानी रखें. टेस्ट, ट्रैक, ट्रीट, वैक्सीनेट" रणनीति पर फिर से जोर दिया जा रहा है. राज्यों को टेस्टिंग में तेजी लाने की भी सलाह दी गई है क्योंकि 'ओमिक्रॉन' वेरिएंट आरटी-पीसीआर और रैपिड एंटीजन टेस्ट से बच नहीं सकता है जिनका इस्तेमाल अब तक कोविड का पता लगाने के लिए किया गया है. परीक्षण के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, परीक्षण दिशानिर्देशों के सख्त कार्यान्वयन और आरटी-पीसीआर परीक्षणों के स्वस्थ अनुपात को बनाए रखने की सलाह दी गई है, जो पता लगाने में ज्यादा प्रभावी पाए गए हैं.

5) राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को उन क्षेत्रों की निरंतर निगरानी करने की सलाह दी गई जहां हाल ही में संक्रमित मामले सामने आए हैं. उन्हें कहा गया है कि सभी पॉजिटिव मामलों के नमूनों को शीध्र जीनोम अनुक्रमण के लिए निर्दिष्ट आईएनएसएसीओजी लैब में भेजें. उन्हें 'जोखिम वाले' देशों के यात्रियों के घरों का भौतिक दौरा करके घर पर पृथकवास वाले मामलों की प्रभावी और नियमित निगरानी करने के लिए कहा गया है.

बड़ी खबर : 7 साल की बच्ची के साथ बलात्कार के दोषी को कोर्ट ने सुनाई सख्त सजा, मरने तक आजीवन कारावास का सुनाया फैसला

बड़ी खबर : 7 साल की बच्ची के साथ बलात्कार के दोषी को कोर्ट ने सुनाई सख्त सजा, मरने तक आजीवन कारावास का सुनाया फैसला

सूरत | गुजरात में मासूम बच्ची से बलात्कार के मामले में कोर्ट ने दोषी को सख्त सजा सुनाई है. 7 साल की नाबालिग बच्ची के साथ दरिदंगी करने वाले लड़के को अदालत ने मरने तक जेल में आजीवन की कारावास की सजा दी है. सूरत जिले में 22 वर्षीय एक लड़के ने 7 साल की बच्ची के साथ बलात्कार की घिनौनी वारदात को अंजाम दिया था. इस केस में सूरत ग्रामीण कोर्ट के स्पेशल पोक्सो जज ने यह फैसला सुनाया. इसके अलावा कोर्ट ने पीड़ित बच्ची को सरकारी योजना के तहत 15 लाख रुपए मुआवजा देने का आदेश दिया है. विशेष अभियोजन पक्ष के वकील ने कोर्ट के इस फैसले की जानकारी दी. मासूम बच्ची से बलात्कार की यह घटना दो साल पुरानी है.

अभियोजन पक्ष ने इस केस की डिटेल के आधार पर बताया कि, 18 मार्च 2019 को सूरत जिले के वराली गांव में पीड़ित बच्ची सड़क के किनारे रात 8 बजे अपनी मां का इंतजार कर रही थी. इस दौरान लड़की को अकेला पाकर अभियुक्त उसके पास आया और बहला फुसलाकर उसे मां से मिलाने के बहाने ले गया. इसके बाद बच्ची को सूनसान इलाके में ले जाकर उसके साथ रेप किया. इस घटना के बाद जैसे-तैसे बच्ची जख्मी हालत में घर पहुंची. बच्ची की हालत देखकर मां-बाप घबराए गए और घायल अवस्था में उसे अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टर्स को बच्ची का ऑपरेशन करना पड़ा.

काडोडरा जीआईडीएस पुलिस स्टेशन में इस वारदात को लेकर भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं और पोक्सो एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई. केस दर्ज होने के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश करना शुरू कर दी और ग्राम पंचायत क्षेत्र में लगे सीसीटीवी की फुटेज के आधार पर पहचान करके उसे गिरफ्तार कर लिया. इस मामले में कोर्ट ने विभिन्न सूबतों को देखा जिसमें बच्ची की मेडिकल रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर आरोपी को दोषी मानते हुए उसे मरने तक आजीवन कारावास की सख्त सजा सुनाई.

केविन पीटरसन ने भारत को बताया सबसे बेहतरीन देश, पीएम मोदी को कहा- शुक्रिया

केविन पीटरसन ने भारत को बताया सबसे बेहतरीन देश, पीएम मोदी को कहा- शुक्रिया

नई दिल्ली: दक्षिण अफ्रीका में कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रोन ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। जब से इस वैरिएंट का पता चला है, पूरी दुनिया में हलचल मची हुई है। इस बीच भारत ने साउथ अफ्रीका की मदद करने का ऐलान किया है और वैक्सीन देने की बात कही है। भारत के इस फैसले पर इंग्लैंड के पूर्व बल्लेबाज केविन पीटरसन का रिएक्शन आया है।


पूर्व इंग्लिश बल्लेबाज ने भारत के इस फैसले की तारीफ की है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का शुक्रिया किया है। भारत सरकार के फैसले पर केविन पीटरसन ने लिखा कि भारत ने एक बार फिर संवेदना दिखाई है। सबसे बेहतरीन देश, जहां गरमजोशी दिल वाले लोग रहते हैं, थैंक्यू, नरेंद्र मोदी।
भारत सरकार द्वारा ऐलान किया गया है कि अफ्रीकी देशों में जहां ओमिक्रोन वैरिएंट का संकट तेज़ी से बढ़ रहा है, वहां मेड इन इंडिया वैक्सीन सप्लाई की जाएगी। वैक्सीन की सप्लाई द्विपक्षीय संबंधों के आधार पर या कोवैक्स के आधार पर की जा सकती है। कोवैक्स डब्लूएचओ द्वारा चलाया गया एक मिशन है।


केविन पीटरसन भले ही इंग्लैंड के लिए क्रिकेट खेले हो, लेकिन उनका जन्म भी साउथ अफ्रीका में ही हुआ था। पीटरसन रिटायरमेंट के बाद लगातार भारत में आते रहते हैं, फिर चाहे वो आईपीएल हो या फिर अन्य मैचों में कमेंट्री करना हो।

VIDEO: सिगरेट ने बचाई महिला की जान, विडियो देखकर उड़ जाएंगे आपके होश

VIDEO: सिगरेट ने बचाई महिला की जान, विडियो देखकर उड़ जाएंगे आपके होश

नई दिल्ली: इंग्लैंड के वेल्स से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, इंसान के साथ कब क्या हो जाए कुछ नहीं कहा जा सकता है. ऐसा ही एक जाको राखे साइंया की कहावत को एक बार फिर सही ठहराता हुआ मामला इंग्लैंड के वेल्स में सामने आया है जहां एक महिला ने अपनी जान बचने के बाद ऊपर वाले के अलावा उस सिगरेट का भी शुक्रिया अदा किया है जिसे पीने वो कुछ दूर गई थीं.


बाल-बाल बची जान
वहीं कुछ लोग इस मामले में इतने खुशकिस्मत होते हैं कि उन्हें मौत बहुत करीब से छूकर चली जाती है. लेकिन उनका बाल तक बांका नहीं होता है. अक्सर सोशल मीडिया पर इस बात को कहावत को सही साबित करने वाले वीडियो भी खूब छाए रहते हैं. इन दिनों फिर से सोशल मीडिया पर एक ऐसा ही वीडियो वायरल हो रहा है, जिसे देखने के बाद आप भी दंग रह जाएंगे. आप भी पहले देखिए ये वीडियो फिर बताते हैं कि इस महिला के साथ आखिर हुआ क्या था.


वेल्स के एक पब में बार टेंडर का काम करने वाली 55 साल की महिला शेरेल पाउंड के साथ घटी इस घटना के बारे में आपको बता दें कि वो अपने काम से वक्त निकालकर सिगरेट पीने के लिए पब के अंदर ही कुछ कदम दूर गई थीं.


जहां उन्होंने सिगरेट जलाई और कश लेने लगीं तभी अचानक एक अजीब सी आवाज आई तो उनके भी होश उड़ गए. उन्होंने पलट कर देखा कि एक बड़ा भारी भरकम पेड़ ठीक उसी जगह पड़ा था जहां कुछ देर पहले वो खड़ी थीं.


वायरल हो रहा किस्सा
इस वाकये के बारे में शेरेल ने बताया कि उस दिन बहुत तेज आंधी चल रही थी. उसकी बार पर ड्रिंक्स देने की जॉब थी. इसी दौरान उसे खाली टाइम मिला वैसे ही उसने सिगरेट ब्रेक ले लिया था. उन्होंने ये भी कहा कि उस पेड़ गिरने से बार के 4 टेबल बुरी तरह टूट गए. अब आप इससे अंदाजा लगा सकते हैं कि अगर पेड़ उनके ऊपर गिरता तो क्या कुछ हो सकता था.


आपको बता दें कि ब्रिटेन में आर्वेन तूफान के कारण तीन लोगों की पेड़ के नीचे दबकर मौत हो चुकी है. ऐसे में तूफान के साइड इफेक्ट से बची महिला के बचाव का किस्सा वायरल हो रहा है.

 

अजीबोगरीब मामला: युवक ने अपने ही हाथ से अपना प्राइवेट पार्ट काट लिया, वजह जानकर आप हो जाएंगे हैरान........

अजीबोगरीब मामला: युवक ने अपने ही हाथ से अपना प्राइवेट पार्ट काट लिया, वजह जानकर आप हो जाएंगे हैरान........

पश्चिमी चंपारण: बिहार के बेतिया से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां एक युवक ने अपने ही हाथ से अपना प्राइवेट पार्ट काट लिया, जिसके बाद उसे जीएमसीएच में भर्ती कराया गया. युवक का नाम इरफान शेख है जो साठी थाना क्षेत्र के काला बरवा गांव का रहने वाला है. युवक ने बताया कि उसने दुकान से ब्लेड खरीदा और अपना प्राइवेट पार्ट काट डाला. हालांकि, उसने ऐसा क्यों किया इसके बारे में वह कुछ स्पष्ट नहीं बता पा रहा है. वहीं परिजनों का कहना हैं कि इरफान के अलावा उसकी पांच बेटियां भी हैं और घर भी पक्का नहीं बना है, इसलिए इरफान की शादी नहीं कर पा रहे थे. इसी बीच इरफान ने ऐसी घटना को अंजाम दे दिया है, जिससे परिजन भी हैरान व परेशान हैं.

दरअसल बताया जा रहा है कि इरफान नेपाल के पोखरा में मजदुरी करने का काम करता था. दो दिन पहले अपने पिता इंतजार शेख को फोन कर बताया कि वह घर वापस लौट रहा है. लेकिन, एक दिन पहले उसके पिता को नेपाल पुलिस ने फोन कर जानकारी दी कि उसका बेटा घायल है और बीरगंज के नारायणी अस्पताल में इलाजरत है. जिसके बाद परिजन उसको लेने के लिए नेपाल के बीरगंज पहुंचे. पर परिजनो के पहुंचने से पहले ही इरफान अस्पताल से भाग चुका था. इसके बाद परिजन उसकी तलाश करने लगे. इसी बीच भारत नेपाल सीमा के पास इरफान मिल गया जिसे लेकर उसके पिता बेतिया पहुंचे और उसे जीएमसीएच में भर्ती कराया है.


इरफान ने बताया कि उसके दिमाग में पता नहीं क्या आया कि उसने दुकान से ब्लेड खरीदी और अपने हाथ से ही अपना प्राइवेट पार्ट काट डाला, जबकि अपना प्राइवेट पार्ट काट लेने वाले युवक की मां का कहना है कि बेटे इरफान की शादी भी करनी थी, लेकिन पांच पांच बेटी होने और पक्का घर नहीं होने के कारण उसकी शादी नहीं कर पा रहे थे.


हालांकि कुछ लोगों का यह भी मानना है कि नेपाल में ही शायद उसके साथ कोई घटना घटी है इसलिए उसने ऐसा किया है. बहरहाल इरफान का इलाज चल रहा है और चिकित्सकों ने ऑपरेशन करने की बात कही है. लेकिन, इस अजीबोगरीब घटना से लोग सकते में हैं.

 

बड़ी लापरवाही: ओमिक्रोन की दहशत के बीच अफ्रीकी देशों से मुंबई पहुंचे 1,000 यात्री, सिर्फ 100 की हुई टेस्टिंग

बड़ी लापरवाही: ओमिक्रोन की दहशत के बीच अफ्रीकी देशों से मुंबई पहुंचे 1,000 यात्री, सिर्फ 100 की हुई टेस्टिंग

मुंबई: दुनिया भर में कोरोना के नए ओमिक्रॉन वैरिएंट की दहशत के बीच मुंबई का एक आंकड़ा डराने वाला है। शहर में बीते 15 दिनों में अफ्रीकी देशों से 1,000 लोग आए हैं। द. अफ्रीका में ही ओमिक्रॉन वैरिएंट का पहला मामला पाया गया है और उसके बाद कई अन्य अफ्रीकी देशों में इसका विस्तार हुआ है। ऐसे में मुंबई में करीब 1,000 यात्रियों का अफ्रीकी देशों से आना चिंताओं को बढ़ाने वाला है। बीएमसी के अतिरिक्त कमिश्नर सुरेश काकानी ने कहा कि कुल 466 लोगों की लिस्ट अब तक मिली है, जिनमें से 100 का टेस्ट किया गया है। सोमवार को ही विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा था कि ओमिक्रॉन वैरिएंट का रिस्क काफी ज्यादा है और इसे लेकर सावधान रहने की जरूरत है।


विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा कि यह वैरिएंट रूप बदलने में माहिर है और इससे दुनिया भर में बड़ा संकट पैदा हो सकता है। संयुक्त राष्ट्र की हेल्थ एजेंसी ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका में कुछ दिन पहले ही इस वैरिएंट का पहला मामला देखने को मिला था और अभी इस बारे में कुछ जानकारी जुटाई जा रही है। बीएमसी के अतिरिक्त कमिश्नर काकानी ने कहा कि एयरपोर्ट अथॉरिटी ने हमें बीते 15 दिनों में अफ्रीकी देशों से 1,000 यात्रियों के आने की जानकारी दी है। लेकिन अब तक सिर्फ 466 लोगों की ही लिस्ट हमें दी गई है। उन्होंने कहा कि इन 466 में से 100 लोग मुंबई में हैं। हमने उनके सैंपल ले लिए हैं। उनकी रिपोर्ट जल्दी ही आ जाएगी। इससे यह क्लियर हो जाएगा कि वे कोरोना से संक्रमित हैं या नहीं।


बीएमसी आयुक्त बोले- पॉजिटिव लोगों की होगी जीनोम सीच्सिंग
उन्होंने कहा कि यदि इन लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आती है तो कोई दिक्तत नहीं है। लेकिन जिन लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आएगी, उनकी जीनोम सीच्सिंग कराई जाएगी। बता दें कि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी इस वैरिएंट की पहचान के लिए जीनोम सीच्ेंसिंग जरूरी बताया है। उन्होंने कहा कि भले ही संक्रमित यात्रियों में लक्षण नजर आएं या फिर नहीं, उन्हें सरकारी कोरोना केंद्रों में भेजा जाएगा। फिलहाल बीएमसी ने मुंबई के सभी 5 कोविड अस्पतालों और अन्य सुविधाओं को तैयार रखा है ताकि किसी भी स्थिति से निपटा जा सके।


संसद में बोले हेल्थ मिनिस्टर- 14 देशों में मिले ओमिक्रॉन वैरिएंट के मामले
इस बीच हेल्थ मिनिस्टर मनसुख मांडविया ने संसद में कहा कि अब तक दुनिया भर के 14 देशों में ओमिक्रॉन वैरिएंट के केस पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि इससे बचाव के लिए मंथन चल रहा है। फिलहाल एयरपोर्ट्स पर स्कैनिंग के लिए नए नियम लागू किए गए हैं। यही नहीं इंटरनेशनल ट्रैवलर्स के लिए गाइडलाइंस भी जारी की गई है।

दक्षिण अफ्रीका से चंडीगढ़ लौटा शख्स: पत्नी और नौकर हुए कोरोना संक्रमित, मचा हड़कंप

दक्षिण अफ्रीका से चंडीगढ़ लौटा शख्स: पत्नी और नौकर हुए कोरोना संक्रमित, मचा हड़कंप

चंडीगढ़: दक्षिण अफ्रीका से चंडीगढ़ लौटे एक व्यक्ति, उसकी पत्नी और नौकर कोरोना पॉजिटिव निकले हैं। ओमिक्रॉम की आशंका के मद्देनजर वेरिएंट पता करने के लिए तीनों के सैंपल जीनोम अनुक्रमण के लिए दिल्ली स्थित एनसीडीसी भेज दिए गए हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक रिपोर्ट आने के बाद कुछ कहा जा सकेगा। फिलहाल तीनों को अलग-अलग चरंटाइन किया गया है। मिली जानकारी के अनुसार, चंडीगढ़ सेक्टर 36 निवासी 38 साल एक शख्स 21 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका से चंडीगढ़ आया था। एयरपोर्ट पर हुई आरटीपीसीआर जांच रिपोर्ट निगेटिव आने पर उसे एहतियातन घर पर ही एकांतवास पर रखा गया था। 29 नवंबर को दोबारा की गई आरटीपीसीआर जांच की रिपोर्ट में वह, उसकी पत्नी और नौकर संक्रमित पाए गए हैं।


ओमिक्रॉन की आशंका जताते हुए तीनों संक्रमितों को सेक्टर 32 में डॉक्टरों की देखरेख में भर्ती कर लिया गया है। निदेशक स्वास्थ्य डॉ. सुमन सिंह के अनुसार तीनों मरीज की स्थिति ठीक है। मरीजों के सैंपल जिनोम अनुक्रमण के लिए दिल्ली स्थित एनसीडीसी भेजे गए हैं।


अफ्रीका और यूरोप समेत दुनिया भर के कई देशों में कोरोना वायरस के खतरनाक ओमिक्रॉन वैरिएंट को लेकर सरकार सतर्क हो गई है। केंद्र सरकार ने रविवार को विदेश से आने वाले लोगों के लिए नई गाइडलाइंस जारी कर दी है। इसके तहत भारत आने वाले यात्रियों को पिछले 14 दिनों की अपनी ट्रैवल हिस्ट्री के बारे में बताना होगा। इसके अलावा अपनी निगेटिव आरटीपीसीआर रिपोर्ट भी एयर सुविधा पोर्टल पर अपलोड करनी होगी। तभी वे भारत की यात्रा कर पाएंगे।

लापरवाही की हद: दोनों बच्चे कोरोना पॉजिटिव, फिर भी पकड़ ली अमेरिका की फ्लाइट

लापरवाही की हद: दोनों बच्चे कोरोना पॉजिटिव, फिर भी पकड़ ली अमेरिका की फ्लाइट

राजस्थान में तेजी से बढ़ते कोरोना के बीच एक बेहद लापरवाही वाला मामला सामने आया है। इस मामले ने अधिकारियों को भी चिंता में डाल दिया है। यहां दो छोटे बच्चों के कोरोना संक्रमित होने के बावजूद परिवार उन्हें लेकर अमेरिका चला गया। अधिकारियों के मुताबिक इस परिवार ने इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से अमेरिका के लिए उड़ान भरी।
परिवार से मिलने आए थे
जयपुर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर नरोत्तम शर्मा ने बताया कि यह परिवार मूल रूप से जयपुर का रहने वाला है। 15 दिन पहले यह लोग अपनी फैमिली से मिलने भारत आए थे। इस दौरान इन लोगों ने जम्मू-कश्मीर के वैष्णों देवी मंदिर में दर्शन किया। इसके बाद राजस्थान के बीकानेर की सैर की। अमेरिका वापस जाने से पहले इन्होंने जयपुर के एक प्राइवेट लैब से आरटी-पीसीआर टेस्ट कराया था। रिपोर्ट आई तो पता चला कि इनके दोनों बच्चे कोरोना संक्रमित हैं। डॉ. शर्मा ने बताया कि खुद को क्वॉरंटीन करने के बाद इन चारों ने रविवार को भोर में दो बजे नई दिल्ली से अमेरिकी की फ्लाइट पकड़ ली। उन्होंने कहाकि यह न सिर्फ गैर-जिम्मेदारी का मामला है बल्कि इन्होंने अन्य यात्रियों की जिंदगी भी खतरे में डाल दी है।
दिल्ली से बनवा लिया सर्टिफिकेट
डॉ. शर्मा ने बताया कि इस परिवार के रिश्तेदार बानीपार्क इलाके में रहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि परिवार को पता था कि बच्चों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके बावजूद उन्होंने दिल्ली में एक बालरोग विशेषज्ञ से बच्चों के लिए सर्टिफिकेट भी बनवाया कि बच्चों को कोरोना के लक्षण नहीं हैं। मामले की जानकारी तब हुई जब रविवार शाम मेडिकल टीम उनके बानीपार्क निवास पर कांटैक्ट ट्रैसिंग के लिए पहुंची। इस दौरान उनके रिश्तेदारों ने बताया कि यह परिवार रात में ही अमेरिका के लिए रवाना हो गया। सीएमओ ऑफिस को इनकी रिपोर्ट रविवार दोपहर को मिली थी। जबकि परिवार को इस बारे में पहले ही पता था।

 

दोस्त के साथ मिलकर अपनी ही पत्नी का कराया रेप, पति और दोस्त हुए गिरफ्तार

दोस्त के साथ मिलकर अपनी ही पत्नी का कराया रेप, पति और दोस्त हुए गिरफ्तार

मुंबई, मुंबई के अंबोली पुलिस स्टेशन की सीमा में एक व्यक्ति द्वारा अपनी ही पत्नी का सामूहिक बलात्कार करवाने का हैरत अंगेज मामला सामने आया है. पुलिस ने पीड़ित महिला के बयान के आधार पर पति और उसके दोस्त के खिलाफ आईपीसी की धारा 376(2),376D,506(2) और 34 के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.

जन्मदिन मनाने के बहाने पत्नी को ले गया दोस्त के घर
अंबोली पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी पति शुक्रवार को अपनी पत्नी को अपने एक दोस्त के घर जन्मदिन की पार्टी में शामिल होने के नाम पर लेकर गया था. दोस्त के घर जाने के बाद आरोपी पति ने अपनी पत्नी को पीने के लिए ड्रिंक्स दिए. ड्रिंक पीने के बाद पत्नी बेहोश हो गई थी तभी पति ने अपने दोस्तों के साथ उसके साथ दुष्कर्म किया. कुछ घंटों बाद जब उसे होश आया तो उसने देखा उसके शरीर पर वस्त्र नहीं थे. पत्नी के पूछने पर पति और उसके दोस्त ने उसको धमकाते हुए कहा कि अगर तूने किसी को बोला तो तुझे जान से मार दूंगा.
वहां से घर जाने के बाद पत्नी ने इसको लेकर अपनी पति से खूब झगड़ा किया और अपने परिवार वालों को बताया. मामले की जानकारी मिलने के बाद पीड़िता के घर वाले अगले दिन शनिवार को लड़की को लेकर नजदीकी अंबोली पुलिस स्टेशन पहुंचे और आरोपी पति और उसके दोस्त के खिलाफ मामला दर्ज कराया. मामला दर्ज करने के बाद पुलिस ने तुरंत पीड़िता के पति और उसके दोस्त को गिरफ्तार कर लिया और कोर्ट में पेश किया जहा कोर्ट ने आरोपियों को 3 दिनों के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया.

 

बेरहमी की हद पार: बेटे को डॉगी ने काटा तो झोलाछाप डॉक्टर ने की ऐसी क्रूरता जिसे सुनकर रोंगटे खड़े हो जाएंगे.........

बेरहमी की हद पार: बेटे को डॉगी ने काटा तो झोलाछाप डॉक्टर ने की ऐसी क्रूरता जिसे सुनकर रोंगटे खड़े हो जाएंगे.........

ग्वालियर. मध्यप्रदेश के ग्वालियर से एक शर्मनाक खबर सामने आयी है, एक झोला छाप डॉक्टर की क्रूरता का मामला सामने आया है. उसने एक स्ट्रीट डॉग को टुकड़े टुकड़े कर डाला. वजह ये थी कि उस कुत्ते ने इस झोला छाप डॉक्टर के बेटे को काट लिया था. एनिमल्स लवर्स ने डॉक्टर के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. लेकिन अभी तक पुलिस में रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी गयी है.

ग्वालियर में एक झोला छाप डॉक्टर ने स्ट्रीट डॉगी को पहले तो बेरहमी से पीटा, फिर छुरी से उसके पैर और गला रेता. उससे भी मन नहीं भरा तो उसने डॉगी के टुकड़े टुकड़े कर दिये. रोंगटे खड़े कर देने वाली इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है.


एनिमल लवर्स में गुस्सा
घटना डबरा देहात थाना के सिमरिया गांव की है. स्ट्रीट डॉग ने झोला छाप डॉक्टर राकेश बंगाली के बेटे को काट लिया था. इसका बदला लेने के लिए झोलाछाप ने डॉगी को बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया. वीडियो सामने आने के बाद एनिमल लवर्स थाने पहुंच गए. हालांकि अभी तक किसी ने रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी है. डॉक्टर के सनकी मिजाज से गांव वाले भी दहशत में हैं.

बेटे को काटने का बदला
जिले के सिमरिया गांव में झोला छाप डॉक्टर राकेश बंगाली अपना दवाखाना चलाता है. करीब 10-12 दिन पहले झोलाछाप डॉक्टर के बेटे को इस आवारा कुत्ते ने काट लिया था. हालांकि डॉक्टर के बेटे को ज्यादा जख्म नही हुए थे. इंजेक्शन लगाने के बाद तबियत पूरी तरह ठीक थी. लेकिन इस घटना से डॉक्टर राकेश बंगाली इतना नाराज़ हुआ कि उस दिन के बाद वो स्ट्रीट डॉगी को तलाशने लगा. 2 दिन बाद ये डॉगी के गांव के सरकारी स्कूल के पीछे बैठा हुआ मिल गया. डॉक्टर ने डॉगी को पकड़कर उसकी गर्दन पर पैर रखकर पीटना शुरू कर दिया. पीटने के बाद डॉक्टर ने छुरी से उसका पैर और गला काट दिया फिर टुकड़े टुकड़े कर घर चला गया.

एनिमल लवर्स ने मोर्चा खोला
घटना के दौरान पास में ही मौजूद गांव के एक युवक ने वीडियो बना लिया था. अब ये वीडियो इन लोगों ने सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया. वीडियो सामने आने के बाद ग्वालियर के एनिमल लवर्स डबरा थाना पहुंचे और मामले की शिकायत की. पुलिस ने वीडियो के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है.

लेडी टीचर पहले स्टूडेंट्स को न्यूड फोटो भेजती थी, फिर करती थी ये घिनौना काम...........

लेडी टीचर पहले स्टूडेंट्स को न्यूड फोटो भेजती थी, फिर करती थी ये घिनौना काम...........

नई दिल्ली. अमेरिका के मिसौरी से एक शर्मनाक खबर सामने आयी है, एक ओर जहां टीचर को भगवान का दर्जा दिया जाता है, वहीं एक लेडी टीचर की घिनौनी हरकत का मामला सामने आया है. महिला की करतूत उस वक्त सामने आई, जब उसने एक स्टूडेंट को न्यूड फोटो (Nude Photos) भेजकर कार में बुलाया और उसके साथ संबंध बनाए. लेडी टीचर इसी तरह अन्य स्टूडेंट को भी अपना शिकार बनती थी.


नौकरी से धोना पड़ा हाथ
अंग्रेजी अखबार के अनुसार, ये घटना अमेरिका के मिसौरी की है. यहां के एक स्कूल में पढ़ाने वाली लेडी टीचर अपने ही स्टूडेंट्स के साथ गलत हरकत करती थी. मामले के सामने आने के बाद पूरे स्कूल में हड़कंप मच गया. लेडी टीचर की हरकत की कहानी सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गई. स्कूल ने भी उसे नौकरी से निकाल दिया.


ऐसे हुआ मामले का खुलासा
रिपोर्ट के मुताबिक, लेडी टीचर ने अपने एक स्टूडेंट को अपनी न्यूड फोटो भेजकर कार में बुलाया और उसके साथ संबंध बनाए. इसी दौरान उस स्टूडेंट के माता-पिता को शक हुआ तो उन्होंने बच्चे से पूछताछ की. बच्चे के माता-पिता पुलिस के पास पहुंच गए और मामले की जांच शुरू हुई. जांच अधिकारियों की पूछताछ में बच्चे ने स्वीकार किया कि उसने टीचर के कहने पर और दबाव में उनके साथ संबंध बनाया है.


बच्चे के मोबाइल पर भेजे थे न्यूड फोटो
इसके बाद पुलिस ने बच्चे के मोबाइल में टीचर के मैसेज देखे. मैसेज में टीचर ने अपनी न्यूड फोटो भेजी थी और साथ में कुछ अश्लील बातें भी लिखी हुई थीं. स्टूडेंट ने पुलिस को बताया कि टीचर ने उसके साथ एक नदी के किनारे कार में संबंध बनाया था. इस दौरान टीचर शराब पी रही थी और उसे भी दिया, लेकिन उसने शराब पीने से मना कर दिया था.


20 साल जेल की मिली सजा
जानकारी के अनुसार ये मामला तीन साल पुराना है. लेकिन इस मामले में कोर्ट ने अब फैसला दिया है. आरोपी टीचर को अपने तीन छात्रों के साथ संबंध बनाने का दोषी ठहराया गया और उसे 20 साल के लिए जेल भेज दिया गया है. ये खबर एक बार फिर से चर्चा में बनी हुई है.

 

सेना के जवान ने पत्नी संग फांसी लगा की आत्महत्या, इलाके में फैली सनसनी

सेना के जवान ने पत्नी संग फांसी लगा की आत्महत्या, इलाके में फैली सनसनी

धर्मशाला/जबलपुर. हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा से सनसनीखेज खबर सामने आयी है, जिले से ताल्लुक रखने वाले एक सेना के जवान ने मध्य प्रदेश स्थित जबलपुर में अपनी पत्नी के साथ फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली. कांगड़ा निवासी यह जवान जबलपुर में ही जैक रायफल में पदस्थ था. घटना की जानकारी सुबह उस समय मिली जब सिपाही पंकज सिंह ड्यूटी पर नहीं पहुंचा, जब ड्यूटी पर ना आने का कारण जानने पंकज के साथी उसके घर पहुंचे तो उन्हें पंकज और उनकी पत्नी सुनीता द्वारा आत्महत्या करने की जानकारी मिली.

इस घटना के बाद आर्मी ऑफिसर्स और पुलिस भी उनके सरकारी क्वार्टर पर पहुंची जहां उनके शव फंदे से उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए. बताया जा रहा है कि पंकज और सुनीता की एक साल पहले ही शादी हुई थी और दोनों कुछ महीनों पहले यहां आकर रहने लगे थे.


बहरहाल पुलिस ने पंकज और सुनीता के परिजनों को घटना की जानकारी देकर जबलपुर बुलवाया है, और उनके बयान होने के बाद आत्महत्या के कारणों का खुलासा होने की उम्मीद है. इस घटना से पूरे जेएंडके राइफल्स में हड़कंप मचा हुआ है.


कैंट पुलिस ने बताया कि जैक रायफल में पदस्थ रायफलमैन पंकज सिंह अपनी पत्नी सुनीता सिंह के साथ फैमिली क्वार्टर में रह रहे थे. 25 नवंबर 2020 में उनका विवाह हुआ था. विवाह के पश्चात पंकज अकेले ड्यूटी पर आ गए थे. करीब 6 महीने बाद वो अपनी पत्नी सुनीता को भी जबलपुर ले गए थे. शनिवार रात को किसी बात को लेकर दोनों में विवाद हुआ था. जिसके बाद दोनों ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली.

तीनों विवादित कृषि कानून निरस्त, लोकसभा में पेश विधेयक बिना चर्चा के पारित

तीनों विवादित कृषि कानून निरस्त, लोकसभा में पेश विधेयक बिना चर्चा के पारित

नई दिल्ली: तीनों विवादित कृषि कानूनों को निरस्त करने के लिए लोकसभा में पेश विधेयक पटल पर रखे जाने के कुछ ही मिनटों के भीतर पारित हो गया। संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सोमवार को लोकसभा ने विपक्ष के हंगामे के बीच तीन विवादास्पद कृषि कानूनों को निरस्त करने संबंधी कृषि विधि निरसन विधेयक 2021 को बिना चर्चा के ही मंजूरी प्रदान कर दी। एक बार के स्थगन के बाद दोपहर बारह बजे निचले सदन की कार्यवाही शुरू होने पर अध्यक्ष ओम बिरला ने सभा पटल पर आवश्यक कागजात रखवाये । इसके बाद कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने संबंधी कृषि विधि निरसन विधेयक 2021 पेश किया । इसके फौरन बाद कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने विधेयक पर चर्चा कराने की मांग शुरू कर दी । हालांकि अध्यक्ष ने कहा कि सदन में व्यवस्था नहीं है।


कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि आज सदन में नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही है । इस विधेयक को चर्चा एवं पारित होने के लिये रखे जाने की बात कही गई लेकिन इस पर सरकार चर्चा क्यों नहीं करना चाहती है। कई अन्य विपक्षी सदस्यों को भी कुछ कहते देखा गया लेकिन शोर शराबे में उनकी बात नहीं सुनी जा सकी । लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि सदन में व्यवस्था नहीं है और इस हालात में चर्चा कैसे करायी जा सकती है। आप (विपक्षी सदस्य) व्यवस्था बनाये तब चर्चा करायी जा सकती है। इसके बाद सदन ने शोर शराबे में भी ही बिना चर्चा के कृषि विधि निरसन विधेयक 2021 को मंजूरी दे दी ।


उल्लेखनीय है कि पिछले साल सितंबर महीने में केंद्र सरकार विपक्षी दलों के भारी विरोध के बीच कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) कानून, कृषि (सशक्तिकरण और संरक्षण) कीमत आश्वासन और कृषि सेवा करार कानून और आवश्यक वस्तु संशोधन कानून, 2020 लाई थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 19 नवंबर को राष्ट्र के नाम संबोधन में कृषि कानूनों को वापस लेने के फैसले की घोषणा की थी।


उधर संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सोमवार को राज्यसभा की बैठक पूर्व केंद्रीय मंत्री और मौजूदा सदस्य ऑस्कर फर्नाडीज के सम्मान में एक घंटे के लिए स्थगित कर दी गयी। उनका सितंबर महीने में निधन हो गया था। उच्च सदन की बैठक सुबह शुरू होने पर सभापति एम वेंकैया नायडू ने मौजूदा सदस्य ऑस्कर फर्नाडीज तथा पांच पूर्व सदस्यों के पिछले दिनों निधन होने का जिक्र किया। सभापति ने पूर्व सदस्यों के. बी. शनप्पा, जानेमाने पत्रकार चंदन मित्रा, हरि ओम नलवा, मोनिका दास और अवनी राय के निधन होने का भी जिक्र किया। सदस्यों ने दिवंगत लोगों के सम्मान में कुछ क्षणों का मौन रखा और बैठक 11 बज कर 20 मिनट पर एक घंटे के लिए स्थगित कर दी गयी।

जहर खाने वाले परिवार के सभी पांच सदस्यों की मौत

जहर खाने वाले परिवार के सभी पांच सदस्यों की मौत

भोपाल: भोपाल के पिपलानी इलाके में कथित तौर पर जहर खाने वाले परिवार के सभी पांच सदस्यों की मौत हो गई है। पिछले तीन दिनों में इलाज के दौरान सभी ने दम तोड़ दिया। पुलिस के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।


पुलिस अधिकारी ने बताया कि कर्ज से परेशान संजीव जोशी (47), उसकी मां नंदिनी (67), पत्नी अर्चना (45), बेटियां ग्रिशमा (21) और पूर्वी (16) ने बृहस्पतिवार रात कथित तौर पर 'कोल्ड ड्रिंक' में जहर डालकर पी लिया था। पेशे से मिस्त्री (मैकेनिक) जोशी और उसके परिवार ने अपने रिश्तेदारों को व्हाट्सऐप पर घटना की जानकारी भी दी थी। जोशी ने जहर का प्रभाव जांचने के लिए पहले अपने कुत्ते को जहर दिया था, जिससे कुत्ता मर गया था।


पिपलानी थाना प्रभारी अजय नायर ने कहा, ''नंदिनी और पूर्वी की शुक्रवार, ग्रिशमा की शनिवार सुबह, संजीव जोशी की शनिवार देर रात और अर्चना जोशी की सोमवार सुबह इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई। 


अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश सिंह भदौरिया ने शुक्रवार को कहा था कि जोशी ने सात से आठ लोगों से कर्ज लिया था।


नायर ने बताया कि पुलिस ने चार महिलाओं के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है।

सेल्फी लेने के चक्कर में नदी में गिरी आईआईटी की छात्रा, मौत

सेल्फी लेने के चक्कर में नदी में गिरी आईआईटी की छात्रा, मौत

कानपुर: उत्तरप्रदेश के कानपुर के भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, कानपुर (आईआईटी-के) की एक स्नातक छात्रा की सेल्फी लेने के दौरान कानपुर के गंगा बैराज में गंगा नदी में फिसलकर गिरने से मौत हो गई। मृतका सेजल जैन आईआईटी-कानपुर में अर्थ साइंस विभाग में बीएस द्वितीय वर्ष की छात्रा थी।

आईआईटी-के के प्रवक्ता गिरीश पंत ने एक बयान में कहा, शुरूआती जांच के दौरान यह हमारे संज्ञान में लाया गया कि सेजल जैन सात अन्य छात्रों के साथ गंगा बैराज में गई थी। सेजल जैन पुल की सुरक्षा रेलिंग को पार कर बैराज गेट के रैंप पर पहुंच गई थी। सेल्फी लेते समय सेजल गलती से फिसल गई और गंगा में गिर गई।


उन्होंने कहा कि नवाबगंज थाने से संपर्क किया गया और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस की तलाशी टीम सैजल की तलाशी के लिए नदी में गई, जहां उसे अचेत अवस्था में पाया गया। सेजल को हैलेट अस्पताल ले जाया गया जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।

टेस्ट में अपने दोस्त को आंसर बताया तो टीचर ने छात्र की करदी पिटाई, तोड़ दिया हाथ

टेस्ट में अपने दोस्त को आंसर बताया तो टीचर ने छात्र की करदी पिटाई, तोड़ दिया हाथ

जयपुर: गुरु-शिष्य का रिश्ता पवित्र होता है, लेकिन आजकल के गुरु ही शिष्यों को पीटने में लगे हैं. रेनवाल कस्बे में एक निजी स्कूल के टीचर ने 8वीं कक्षा के स्टूडेंट को इस कदर पीटा कि उसका हाथ ही तोड़ दिया. स्कूल निदेशक ने परिजनों से माफी मांगी है.

प्री-टेस्ट में बच्चे ने अपने साथी छात्र को आंसर बता दिया था. बस इसी बात पर टीचर ने आपा खो गया और बच्चे को लात-घूसों से जमकर मारा. इससे बच्चे का हाथ फ्रैक्चर हो गया.


यह पूरा मामला गुरुकुल एकेडमी सीनियर सेकंडरी स्कूल का हैं. दरअसल, क्लास में प्री-टेस्ट लिया जा रहा था, जहां 8वीं कक्षा के स्टूडेंट जयंत पाराशर की टीचर गजेंद्र सिंह ने लात-घूसों ऐसी पिटाई की. जयंत से साथी छात्र ने किसी सवाल का आंसर पूछा और जयंत ने उसे आंसर बता दिया. बस इसी बात पर टीचर गजेंद्र सिंह को गुस्सा आया और जयंत को लात-घूसों से जमकर पीटा.


अस्पताल में दिखाया तो पता चला कि फ्रैक्चर है
इसके बाद जयंत दोपहर करीब 3 बजे उदास हालत में घर पहुंचा. शाम करीब 4 बजे पिता के घर आने पर जयंत ने पूरी घटना बताई और रोने लगा. जयंत ने बताया कि पिटाई के बाद से उसके हाथ में बहुत दर्द हो रहा है. सूजन भी आ रही है. इसके बाद परिजन जयंत को अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां जांच में पता चला कि उसका हाथ फ्रैक्चर है.


टीचर के खिलाफ रिपोर्ट, स्कूल निदेशक ने माफी मांगी
अस्पताल आकर परिजनों ने स्कूल निदेशक योगेश जोशी को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी. स्कूल निदेशक अस्पताल पहुंचे और जयंत के परिजनों से माफी मांगते हुए बताया कि आरोपी टीचर गजेंद्र सिंह को स्कूल से बर्खास्त कर दिया गया है. इधर, पीड़ित छात्र के पिता किशोर पाराशर ने रविवार को पुलिस थाने में आरोपी टीचर के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई. साथ ही आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की.

 

फिजिकल पनिशमेंट देने के कारण टीचर टर्मिनेट
घटना को लेकर स्कूल निदेशक योगेश जोशी ने कहा कि सभी टीचर के लिए लिखित में आदेश निकाला हुआ है कि किसी भी बच्चे को फिजिकल पनिशमेंट नहीं देना है. जिस टीचर ने बच्चे के साथ में मारपीट की है, उस टीचर को स्कूल से तुरंत टर्मिनेट किया गया है. मैं बच्चों के पेरेंट्स से मिला हूं. बच्चे का जो भी मेडिकल खर्चा होगा, वह स्कूल वहन करेगी और परिजनों से माफी मांगी गई है.